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Charkhi Dadri News: कपास बीमा क्लेम नहीं मिला तो आंदोलन और उग्र होगा
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Sat, 07 Mar 2026 01:43 AM IST
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बाढड़ा। अनाज मंडी परिसर में किसानों का धरना 230वें दिन भी पूरी मजबूती और एकजुटता के साथ जारी रहा। धरने को संबोधित करते हुए किसान नेताओं ने चेतावनी दी कि जब तक किसानों को कपास फसल बीमा क्लेम की लगभग 350 करोड़ रुपये की बकाया राशि का भुगतान नहीं किया जाता, तब तक आंदोलन न तो रुकेगा और न ही कमजोर पड़ेगा। नेताओं ने कहा कि जरूरत पड़ी तो बीमा कंपनियों को भुगतान के लिए सड़कों पर उतरकर मजबूर किया जाएगा।
धरने को संबोधित करते हुए श्योराण खाप 25 के प्रधान बिजेंद्र बेरला ने कहा कि फसल बीमा के नाम पर किसानों से प्रीमियम की वसूली तो समय पर कर ली जाती है, लेकिन जब नुकसान होता है तो किसानों को एक-एक रुपये के लिए भटकना पड़ता है। यह किसानों के साथ खुला धोखा है जिसे अब और बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
धरने को संबोधित करते हुए किसान नेता राजकुमार हडौदी ने कहा कि सरकार की मजदूर-किसान विरोधी नीतियों का करारा जवाब देंगे। किसान नेताओं ने कहा कि भारत-अमेरिका के बीच हो रही नीतिगत डील देश की खेती और डेयरी सेक्टर को कॉर्पोरेट कंपनियों के हवाले करने की साजिश है। धरने में प्रधान बिजेंद्र बेरला, मास्टर रघवीर श्योराण, भूप सिंह धारणी, ब्रह्मपाल बाढड़ा, होशियार सिंह, सत्य प्रकाश जेवली व रणधीर सहित बड़ी संख्या में किसान-मजदूर नेता मौजूद रहे।
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धरने को संबोधित करते हुए श्योराण खाप 25 के प्रधान बिजेंद्र बेरला ने कहा कि फसल बीमा के नाम पर किसानों से प्रीमियम की वसूली तो समय पर कर ली जाती है, लेकिन जब नुकसान होता है तो किसानों को एक-एक रुपये के लिए भटकना पड़ता है। यह किसानों के साथ खुला धोखा है जिसे अब और बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
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धरने को संबोधित करते हुए किसान नेता राजकुमार हडौदी ने कहा कि सरकार की मजदूर-किसान विरोधी नीतियों का करारा जवाब देंगे। किसान नेताओं ने कहा कि भारत-अमेरिका के बीच हो रही नीतिगत डील देश की खेती और डेयरी सेक्टर को कॉर्पोरेट कंपनियों के हवाले करने की साजिश है। धरने में प्रधान बिजेंद्र बेरला, मास्टर रघवीर श्योराण, भूप सिंह धारणी, ब्रह्मपाल बाढड़ा, होशियार सिंह, सत्य प्रकाश जेवली व रणधीर सहित बड़ी संख्या में किसान-मजदूर नेता मौजूद रहे।