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Charkhi Dadri News: 15 एमएम बारिश से मौसम हुआ सुहावना
Mon, 29 Jun 2026 01:00 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Mon, 29 Jun 2026 01:00 AM IST
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शनिवार शाम हुई लगातार बारिश के बाद कादमा गांव की गली में भरा पानी।
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कादमा। गांव कादमा सहित आसपास के क्षेत्र में दोपहर बाद अचानक बादल छाए और एक घंटे जमकर मेघा बरसे। इस दौरान करीब 1 घंटे में 15 एमएम बारिश हुई। करीब 3:30 बजे शुरू हुई तेज बारिश ने गांव कादमा में एक बार फिर जलभराव की पुरानी समस्या को उजागर कर दिया।
करीब 2 घंटे तक लगातार हुई बारिश के बाद गांव की अनेक गलियों तथा कादमा–झोझू मार्ग पर घुटनों तक पानी भर गया। जलभराव के कारण राहगीरों, वाहन चालकों, महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
बारिश से लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत तो मिली, लेकिन जल निकासी व्यवस्था की कमी के कारण राहत जल्द ही परेशानी में बदल गई। गांव की मुख्य गलियां तालाब जैसी नजर आने लगीं और लोगों को पानी के बीच से होकर अपने गंतव्य तक पहुंचना पड़ा।
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ग्रामीणों का कहना है कि बरसात के मौसम में हर साल यही स्थिति बन जाती है। कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। जल निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने से बारिश का पानी घंटों तक गलियों में जमा रहता है जिससे आवागमन प्रभावित होता। साथ ही कादमा–झोझू मार्ग पर भरे पानी से ग्रामीण गुजरते हैं और दुर्घटनाओं का खतरा भी बना रहता है।
ग्रामीणों ने प्रशासन और पंचायत से मांग की है कि गांव में पक्की जल निकासी व्यवस्था विकसित की जाए तथा कादमा–झोझू मार्ग और जलभराव वाले क्षेत्रों का शीघ्र सुधार कराया जाए ताकि हर वर्ष बरसात के दौरान लोगों को इस समस्या से राहत मिल सके।
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करीब 2 घंटे तक लगातार हुई बारिश के बाद गांव की अनेक गलियों तथा कादमा–झोझू मार्ग पर घुटनों तक पानी भर गया। जलभराव के कारण राहगीरों, वाहन चालकों, महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
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बारिश से लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत तो मिली, लेकिन जल निकासी व्यवस्था की कमी के कारण राहत जल्द ही परेशानी में बदल गई। गांव की मुख्य गलियां तालाब जैसी नजर आने लगीं और लोगों को पानी के बीच से होकर अपने गंतव्य तक पहुंचना पड़ा।
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ग्रामीणों का कहना है कि बरसात के मौसम में हर साल यही स्थिति बन जाती है। कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। जल निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने से बारिश का पानी घंटों तक गलियों में जमा रहता है जिससे आवागमन प्रभावित होता। साथ ही कादमा–झोझू मार्ग पर भरे पानी से ग्रामीण गुजरते हैं और दुर्घटनाओं का खतरा भी बना रहता है।
ग्रामीणों ने प्रशासन और पंचायत से मांग की है कि गांव में पक्की जल निकासी व्यवस्था विकसित की जाए तथा कादमा–झोझू मार्ग और जलभराव वाले क्षेत्रों का शीघ्र सुधार कराया जाए ताकि हर वर्ष बरसात के दौरान लोगों को इस समस्या से राहत मिल सके।