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Hisar News: मानकों पर खरे नहीं उतरे खाद्य पदार्थ, 97 सैंपल फेल होने पर 14.39 लाख रुपये जुर्माना
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हिसार। खाद्य सुरक्षा विभाग की जांच में मानकों पर खरे नहीं उतरने वाले खाद्य पदार्थ बेचने वालों पर एडीसी की अदालत ने 14.39 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान विभाग ने विभिन्न खाद्य एवं पेय पदार्थों के 198 सैंपल लिए थे, जिनमें से 97 सैंपल जांच में फेल पाए गए।
विभाग ने पनीर, घी, तेल, खोया और अन्य खाद्य पदार्थों के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे थे। रिपोर्ट में कई नमूने असुरक्षित या अमानक पाए गए, जिसके बाद संबंधित विक्रेताओं के खिलाफ अदालत में मामले दायर किए गए।
होली के दौरान हिसार और हांसी के कई मिष्ठान भंडारों से लिए गए पनीर, घी और मिठाइयों के नमूनों में भी अनियमितताएं मिली थीं। जांच में कुछ पनीर के नमूने असुरक्षित पाए गए, जिनमें वेजिटेबल ऑयल और मिल्क पाउडर की मिलावट सामने आई। वहीं कुछ नमूने निर्धारित गुणवत्ता मानकों पर खरे नहीं उतरे।
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सैंपल फेल आने पर हम विक्रेता पर कोई कार्रवाई नहीं कर सकते। हम सिर्फ इनके खिलाफ अदालत में जा सकते हैं। अदालत ही इन पर जुर्माना लगाती है। पिछले साल अदालत ने करीब 14 लाख रुपये का जुर्माना इन पर किया था। - काजल महतानी, फूड इंस्पेक्टर, खाद्य सुरक्षा विभाग।
विभाग ने पनीर, घी, तेल, खोया और अन्य खाद्य पदार्थों के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे थे। रिपोर्ट में कई नमूने असुरक्षित या अमानक पाए गए, जिसके बाद संबंधित विक्रेताओं के खिलाफ अदालत में मामले दायर किए गए।
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होली के दौरान हिसार और हांसी के कई मिष्ठान भंडारों से लिए गए पनीर, घी और मिठाइयों के नमूनों में भी अनियमितताएं मिली थीं। जांच में कुछ पनीर के नमूने असुरक्षित पाए गए, जिनमें वेजिटेबल ऑयल और मिल्क पाउडर की मिलावट सामने आई। वहीं कुछ नमूने निर्धारित गुणवत्ता मानकों पर खरे नहीं उतरे।
सैंपल फेल आने पर हम विक्रेता पर कोई कार्रवाई नहीं कर सकते। हम सिर्फ इनके खिलाफ अदालत में जा सकते हैं। अदालत ही इन पर जुर्माना लगाती है। पिछले साल अदालत ने करीब 14 लाख रुपये का जुर्माना इन पर किया था। - काजल महतानी, फूड इंस्पेक्टर, खाद्य सुरक्षा विभाग।