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Hisar News: फिर अटकी आमटी झील के सुधारीकरण की योजना
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
Updated Thu, 26 Mar 2026 01:33 AM IST
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हांसी की आमटी झील।
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हांसी। आमटी झील के सुधार के लिए करीब साढ़े करोड़ रुपये की लागत से तैयार प्रस्ताव को डीएमसी (नगर आयुक्त) ने खामियों के चलते नामंजूर कर दिया है। नगर परिषद के अधिकारियों ने बताया कि प्रस्ताव में तकनीकी खामियां थीं जिन्हें दुरुस्त करने के लिए अधिकारियों को नया प्रस्ताव तैयार करना होगा। नगर परिषद ने पहले से झील और पार्क के नवीनीकरण के लिए 5 करोड़ रुपये का बजट मंजूर कर रखा है। नया प्रस्ताव अगले महीने फिर से डीएमसी को भेजा जाएगा।
अनदेखी और रखरखाव की कमी के कारण आमटी झील एक गंदे जोहड़ में बदलती जा रही है। झील के चारों ओर लगाई गई लोहे की ग्रिल अब गायब हो रही हैं जिन्हें असामाजिक तत्वों और चोरों ने उखाड़ दिया है। अंधेरा होने के बाद यह क्षेत्र नशेड़ियों का अड्डा बन जाता है। पानी दूर से ही काला और प्रदूषित नजर आता है, और नियमित सफाई न होने के कारण झील में जलकुंभी और जलीय पौधे उग आए हैं।
सुधार के लिए ये बनाई है योजना :
नगर परिषद ने एक आर्किटेक्ट फर्म के माध्यम से डिजाइन तैयार करवाया है। योजना के तहत झील में झूले, रिफ्रेशमेंट जोन और पार्किंग की व्यवस्था होगी। बोटिंग के लिए दो बोट रखी जाएंगी। झील के किनारे स्टील की ग्रिलिंग और रंग-बिरंगी लाइटें लगाई जाएंगी। पूरे परिसर में धोलपुर पत्थर का काम, दीवारों पर डिजाइन और बैठने की व्यवस्थाएं बनाई जाएंगी। पार्क में नए पौधे लगाए जाएंगे और चलने के रास्ते दुरुस्त किए जाएंगे।
वर्ष 2019 में खर्च किए गए थे 2.40 करोड़ :
स्वर्ण जयंती पार्क योजना के तहत वर्ष 2019 में झील और पार्क सुधार के लिए 2.40 करोड़ रुपये खर्च किए गए थे। हालांकि उस राशि में सभी कार्य पूरे नहीं हो पाए थे, और कई कार्य अधर में रह गए थे।
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अनदेखी और रखरखाव की कमी के कारण आमटी झील एक गंदे जोहड़ में बदलती जा रही है। झील के चारों ओर लगाई गई लोहे की ग्रिल अब गायब हो रही हैं जिन्हें असामाजिक तत्वों और चोरों ने उखाड़ दिया है। अंधेरा होने के बाद यह क्षेत्र नशेड़ियों का अड्डा बन जाता है। पानी दूर से ही काला और प्रदूषित नजर आता है, और नियमित सफाई न होने के कारण झील में जलकुंभी और जलीय पौधे उग आए हैं।
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सुधार के लिए ये बनाई है योजना :
नगर परिषद ने एक आर्किटेक्ट फर्म के माध्यम से डिजाइन तैयार करवाया है। योजना के तहत झील में झूले, रिफ्रेशमेंट जोन और पार्किंग की व्यवस्था होगी। बोटिंग के लिए दो बोट रखी जाएंगी। झील के किनारे स्टील की ग्रिलिंग और रंग-बिरंगी लाइटें लगाई जाएंगी। पूरे परिसर में धोलपुर पत्थर का काम, दीवारों पर डिजाइन और बैठने की व्यवस्थाएं बनाई जाएंगी। पार्क में नए पौधे लगाए जाएंगे और चलने के रास्ते दुरुस्त किए जाएंगे।
वर्ष 2019 में खर्च किए गए थे 2.40 करोड़ :
स्वर्ण जयंती पार्क योजना के तहत वर्ष 2019 में झील और पार्क सुधार के लिए 2.40 करोड़ रुपये खर्च किए गए थे। हालांकि उस राशि में सभी कार्य पूरे नहीं हो पाए थे, और कई कार्य अधर में रह गए थे।