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Haryana: डीसी ई-रिक्शा से पहुंची लघु सचिवालय, लोगों को दिया ईंधन बचाने का संदेश
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Published by: मयूर शर्मा
Updated Wed, 24 Jun 2026 06:02 PM IST
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सार
डीसी ने सरकारी अधिकारियों, कर्मचारियों से भी समय-समय पर सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करने और आमजन को इसके प्रति जागरूक करने का आग्रह किया है।
जींद डीसी डॉ. वैशाली शर्मा ई-रिक्शा से ऑफिस पहुंची
- फोटो : संवाद
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विस्तार
जींद डीसी डॉ. वैशाली शर्मा ने पर्यावरण संरक्षण, ईंधन बचत तथा प्रदूषण नियंत्रण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से बुधवार को ई रिक्शा के माध्यम से अपने कार्यालय पहुंची। उन्होंने आम नागरिकों से अधिक से अधिक सार्वजनिक परिवहन साधनों तथा ई/रिक्शा के उपयोग का आह्वान किया।
डीसी डॉ. वैशाली शर्मा ने कहा कि बढ़ते प्रदूषण और ईंधन की खपत को देखते हुए प्रत्येक नागरिक का दायित्व है कि वह पर्यावरण के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाए। यदि लोग निजी वाहनों के स्थान पर सार्वजनिक परिवहन, ई रिक्शा अथवा अन्य पर्यावरण अनुकूल साधनों का उपयोग करें तो इससे न केवल ईंधन की बचत होगी बल्कि वायु प्रदूषण में भी कमी आएगी।
डीसी ने कहा कि ई रिक्शा एक सस्ता, सुरक्षित और पर्यावरण के अनुकूल परिवहन साधन है। इसके उपयोग से कार्बन उत्सर्जन में कमी आती है और शहरों में स्वच्छ वातावरण बनाए रखने में मदद मिलती है। उन्होंने कहा कि छोटे-छोटे प्रयास भी पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बड़ा बदलाव ला सकते हैं। डीसी ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि वे दैनिक जीवन में ऐसे साधनों को प्राथमिकता दें जो पर्यावरण के अनुकूल हों।
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उन्होंने सरकारी अधिकारियों एवं कर्मचारियों से भी समय-समय पर सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करने तथा आमजन को इसके प्रति जागरूक करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति यदि ईंधन बचाने और प्रदूषण कम करने के लिए संकल्प ले तो आने वाली पीढिय़ों को स्वच्छ और सुरक्षित पर्यावरण उपलब्ध कराया जा सकता है। पर्यावरण संरक्षण केवल सरकार की नहीं बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है और इसमें जनभागीदारी अत्यंत आवश्यक है।
डीसी डॉ. वैशाली शर्मा ने कहा कि बढ़ते प्रदूषण और ईंधन की खपत को देखते हुए प्रत्येक नागरिक का दायित्व है कि वह पर्यावरण के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाए। यदि लोग निजी वाहनों के स्थान पर सार्वजनिक परिवहन, ई रिक्शा अथवा अन्य पर्यावरण अनुकूल साधनों का उपयोग करें तो इससे न केवल ईंधन की बचत होगी बल्कि वायु प्रदूषण में भी कमी आएगी।
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डीसी ने कहा कि ई रिक्शा एक सस्ता, सुरक्षित और पर्यावरण के अनुकूल परिवहन साधन है। इसके उपयोग से कार्बन उत्सर्जन में कमी आती है और शहरों में स्वच्छ वातावरण बनाए रखने में मदद मिलती है। उन्होंने कहा कि छोटे-छोटे प्रयास भी पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बड़ा बदलाव ला सकते हैं। डीसी ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि वे दैनिक जीवन में ऐसे साधनों को प्राथमिकता दें जो पर्यावरण के अनुकूल हों।
उन्होंने सरकारी अधिकारियों एवं कर्मचारियों से भी समय-समय पर सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करने तथा आमजन को इसके प्रति जागरूक करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति यदि ईंधन बचाने और प्रदूषण कम करने के लिए संकल्प ले तो आने वाली पीढिय़ों को स्वच्छ और सुरक्षित पर्यावरण उपलब्ध कराया जा सकता है। पर्यावरण संरक्षण केवल सरकार की नहीं बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है और इसमें जनभागीदारी अत्यंत आवश्यक है।