फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jind News ›   Key highlights of PM Modi s address after flagging off hydrogen train in Jind

PM Modi in Haryana: जींद के घी-घेवर से लेकर स्टीम इंजन तक, हाइड्रोजन रेल की शुरुआत पर पीएम मोदी की बड़ी बातें

Fri, 17 Jul 2026 01:38 PM IST
Akash Dubey अमर उजाला नेटवर्क, जींद
अमर उजाला नेटवर्क, जींद Published by: Akash Dubey Updated Fri, 17 Jul 2026 01:38 PM IST
सार

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जींद-सोनीपत के बीच देश की पहली हाइड्रोजन-संचालित ट्रेन को हरी झंडी दिखाई। यह भारतीय रेलवे नेटवर्क में इस नई तकनीक के परिचालन की शुरुआत का प्रतीक है।

विज्ञापन
Key highlights of PM Modi s address after flagging off hydrogen train in Jind
पीएम मोदी का जींद में संबोधन - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को जींद-सोनीपत के बीच हाइड्रोजन-संचालित ट्रेन को हरी झंडी दिखाई। पीएम मोदी ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा, मैं आज जींद वालों से कुछ मांगने आया हूं। क्या इस सफाई और स्वच्छता के लिए मोदी का आना जरूरी है? अगर जींद और हरियाणा के लोग तय कर लें कि अब हम गंदगी नहीं करेंगे। तो जींद और हरियाणा कभी गंदा हो ही नहीं पाएगा। स्वच्छता को हमारा स्वभाव बनाएंगे। स्वच्छता को हमारा संस्कार बनाएंगे। हम स्वच्छता को इसी तरह अपनी हर दिन की जिंदगी का हिस्सा बनाएंगे। करीब 82 करोड़ रुपये की लागत से तैयार इस स्वदेशी हाइड्रोजन ट्रेन की क्षमता 1200 किलोवाट है। यह एक बार में लगभग 2600 यात्रियों को ले जाने में सक्षम है। ट्रेन को इस प्रकार डिजाइन किया गया है कि इसमें यात्रियों को आरामदायक सफर के साथ आधुनिक सुविधाएं भी मिलेंगी। आइए जानते हैं पीएम मोदी के संबोधन की बड़ी बातें-

विज्ञापन



जींद में और बढ़ेगा इंफ्रास्ट्रक्चर, आएंगी कंपनियां- पीएम
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि फिलहाल यह ट्रेन करीब 90 किलोमीटर के रूट पर चलेगी, लेकिन भविष्य में इसके विस्तार की अपार संभावनाएं हैं। हम लगातार शोध करते रहेंगे, ताकि इसकी लागत कम हो और इसकी दक्षता बढ़ाई जा सके। दुनिया में अभी केवल तीन-चार देशों के पास ही हाइड्रोजन ट्रेन संचालित करने की क्षमता है और वहां भी यह तकनीक अभी शुरुआती दौर में है। ऐसे में भारत की हाइड्रोजन तकनीक और क्षमता पूरे देश के लिए गर्व की बात है।

विज्ञापन
विज्ञापन

जींद से सोनीपत के बीच चलने वाली यह हाइड्रोजन ट्रेन दुनिया की सबसे शक्तिशाली हाइड्रोजन ट्रेन है। इसकी क्षमता 3200 हॉर्सपावर है। इसके साथ ही यह परिचालन दूरी के लिहाज से भी दुनिया की सबसे लंबी हाइड्रोजन ट्रेन सेवाओं में से एक है। इस हाइड्रोजन ट्रेन को भारत के ही इंजीनियर्स ने डिजाइन किया है, भारत की ही कंपनी ने इसे बनाया है। अब जींद में और इंफ्रास्ट्रक्चर बढ़ेगा व कंपनियां आएंगी।

विज्ञापन

जींद का घी और घेवर तो नहीं बदला, लेकिन जींद के तेवर बदल गए: पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा, इतने वर्षों में जींद के घी और जींद के घेवर तो नहीं बदला, लेकिन जींद के तेवर बदल गए हैं। आज जींद भाजपा-NDA के सुशासन मॉडल की तस्वीर बन रहा है।

हरियाणा की नई पटरी पर चल पड़ा: पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा, बीते वर्षों में पूरा हरियाणा ही विकास की नई पटरी पर चल पड़ा है। आज का ये कार्यक्रम डबल इंजन की भाजपा सरकार के इसी मिशन को नई ऊर्जा से भर रहा है।

पिछले कुछ वर्षों में पूरा हरियाणा विकास के रास्ते पर आगे बढ़ा: पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा, आज जींद और हरियाणा का नाम इतिहास पन्नों में दर्ज हो हो गया है। आज यहां देश को पहली हाइड्रोजन ट्रेन मिली है। पिछले कुछ वर्षों में, पूरा हरियाणा विकास के रास्ते पर आगे बढ़ रहा है।

'भारत की पहली ट्रेन बॉम्बे-ठाणे के बीच चली, वैसे ही भविष्य में जींद का नाम आएगा'
प्रधानमंत्री ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा, भारत में पहली ट्रेन बॉम्बे से ठाणे के बीच चली थी। वैसे ही भविष्य में जब भी हाइड्रोजन ट्रेन का जिक्र आएगा, तो जींद के, सोनीपत का और हरियाणा का नाम आएगा ही आएगा।

हरियाणा को मिली 14 हजार करोड़ से अधिक की सौगात: पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा, आज 14 हजार करोड़ रुपये से अधिक के अन्य प्रोजेक्ट्स भी हरियाणा को मिले हैं। इसमें रेलवे के, हाईवे के अनेक नए प्रोजेक्ट हैं, हमारी विरासत से जुड़े प्रोजेक्ट्स है और 2 मेडिकल कॉलेज भी हरियाणा की सेवा के लिए समर्पित हैं।

21वीं सदी के रेलवे की पहचान हाइड्रोजन रेल: पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा, अगर हम रेलवे के इतिहास पर नजर डालें तो पाते हैं कि 19वीं सदी के रेलवे की पहचान स्टीम इंजन से थी। 20वीं सदी की पहचान डीजल और बिजली से चलने वाली रेल बनी और अब 21वीं सदी की रेल हाइड्रोजन से चलने वाली है। साथ ही कहा, दुनिया में हाइड्रोजन ट्रेन अभी-अभी अस्तित्व में आई है। अभी दुनिया के तीन या चार देश ही हैं, जिनके पास हाइड्रोजन ट्रेन चलाने का सामर्थ्य है।

पीएम मोदी ने हाइड्रोजन ट्रेन का बताया सामर्थ्य
पीएम मोदी ने कहा, भारत की इस हाइड्रोजन ट्रेन के सामर्थ्य के बारे में सुनकर आपको और एक-एक हिंदुस्तानी को गर्व होगा। जींद से चलने वाली हाइड्रोज ट्रेन दुनिया की सबसे ताकतवर हाइड्रोज ट्रेन है। ये ट्रेन 3200 हॉर्स पॉवर की है और सबसे ताकतवर ही नहीं, बल्कि भारत की हाइड्रोज ट्रेन सबसे लंबी भी है।

अब 2014 जैसी स्थिति नहीं: पीएम मोदी
पीएम मोदी ने बोले, 2014 में देश का बहुत बड़ा हिस्सा ऐसा था, जहां हमारी ट्रेनें डीजल से चलती थी। अब आप सोचिए, अगर डीजल आना बंद हो गया होता तो, डीजल से चलने वाली ट्रेन कैसे चलती, देश संकट में आ जाता। लेकिन ये 2014 की स्थिति नहीं है। ये मोदी है, बहुत पहले सोचता भी है और समस्या के समाधान के रास्ते भी जमीन और उतारता है।


जींद का दूध-दही, बूरा और घेवर आज भी याद है- पीएम
पीएम मोदी ने कहा कि शक्तिपीठ माता जयंती का नाम और आशीर्वाद इस शहर पर बना रहता है। मेरे लिए तो जींद आना पुरानी यादों का झरोखा खोलने जैसा है। मैं बैठे-बैठे कई पुराने व परिचित चेहरे देख रहा था। कई दशक पहले मैं संगठन के काम से पहली जींद आया था। फिर आप लोगों ने मुझे जो अपनत्व व प्रेम दिया, वो आज तक मैं भूला नहीं हूं। मुर्रा भैंस का दूध-दही और घी। जींद का देसी बूरा और यहां का घेवर...ये वो यादें हैं जो जींद से जुड़ ही जाती हैं।

हरियाणा के खिलाड़ियों को बहुत लाभ होगा: पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा, आप सभी जानते हैं कि अभी मैं कुछ दिन पहले ही इंडोनेशिया, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड की यात्रा से लौटा हूं। वहां भारत ने अनेक समझौते किए हैं, जिनकी बहुत चर्चा हुई है। लेकिन एक विषय ऐसा है, जिसपर उतनी बात नहीं हुई है। ये विषय मेरे देश के और विशेषकर हरियाणा के युवाओं से जुड़ा हुआ है। वो विषय खेलकूद है। उन्होंने कहा, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड में वहां की सरकारों से स्पोर्ट्स को लेकर मेरी व्यापक चर्चा हुई। इन दोनों देशों के साथ मिलकर हम स्पोर्ट्स इंडस्ट्री, खिलाड़ियों की ट्रेनिंग आदि मामले में हम बहुत सारे काम करने वाले हैं, इससे देश के और हरियाणा के खिलाड़ियों को बहुत लाभ होगा।

बीते 12 वर्षों में रेल नेटवर्क का 99 फीसदी बिजलीकरण हुआ: पीएम मोदी
पीएम मोदी बोले, भारतीय रेलवे के बिजलीकरण की शुरुआत 1925 में हुई थी, यानी करीब 100 साल पहले। 1925 से लेकर 2014 तक करीब 90 साल में पूरे देश के रेल नेटवर्क का करीब 30% ही बिजलीकरण हो पाया था। 70% क्षेत्र डीजल से चलता था। लेकिन बीते 12 वर्षों में भारत के करीब 99% रेल नेटवर्क का बिजलीकरण हो चुका है। हरियाणा में रेल नेटवर्क का शत-प्रतिशत बिजलीकरण हो गया है। इस वजह से लड़ाई होने के बावजूद भी, तेल का संकट होने के बाद भी, भारत की रेल रुकी नहीं है, भारत की विकास की गाड़ी अटकी नहीं है।

अभी इस मंच से भी तीन बड़े प्रोजेक्ट शुरू हुए: पीएम मोदी
पीएम मोदी बोले, रेल हो, रोड हो... कनेक्टिविटी का ऐसा काम, सुविधा भी देता है और विकास की गति भी कई गुना बढ़ा देता है। आज जींद इतने सारे हाइवे से जुड़ रहा है। अभी इस मंच से भी 3 बड़े प्रोजेक्ट शुरू हुए हैं। दिल्ली-अमृतसर-काटना एक्सप्रेस वे के हरियाणा वाले हिस्से का लोकार्पण हुआ है, जींद-गोहाना नेशनल हाईवे भी राष्ट्र को समर्पित किया गया है। इसके अलावा अंबाला-काला अंब फोरलेन से भी हरियाणा और हिमाचल के लोगों को बहुत सुविधा होगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed