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Kaithal News: मीम्स बनाकर युवाओं को कर रहे जागरूक
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Thu, 02 Apr 2026 01:32 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। जागरूकता फैलाने के लिए डीसी अपराजिता की पहल पर प्रशासन ने आमजन तक सही जानकारी पहुंचाने तथा अफवाहों पर रोक लगाने के लिए सोशल मीडिया मीम्स का सहारा लिया है। इसके तहत फिल्मी किरदारों के माध्यम से अफवाहों पर प्रहार कर युवाओं की भाषा में प्रशासन जागरूक कर रहा है।
कालाबाजारी जैसे गंभीर विषय पर प्रहार करते हुए वेबसीरीज के कालीन भैया के अंदाज में एलपीजी की जमाखोरी करने वालों को सख्त चेतावनी दी गई है कि यह जोखिम भरा काम है। वहीं एक हास्य फिल्म के चर्चित किरदार बाबूराव के माध्यम से किसानों को यूरिया और डीएपी के स्थान पर प्राकृतिक खाद अपनाने का संदेश दिया गया है।
अफवाहों पर रोक लगाने के लिए एक अन्य फिल्म के किरदार के जरिए लोगों को समझाया गया है कि गैस और पेट्रोल की उपलब्धता को लेकर केवल आधिकारिक स्रोतों पर ही भरोसा करें। इसके अलावा एक फिल्म का लुक का उपयोग कर यह संदेश दिया गया है कि असली समझदार वही है, जो गैस सिलेंडर की जमाखोरी नहीं करता।
प्रशासन का मानना है कि वैश्विक घटनाओं का असर स्थानीय स्तर पर भी पड़ सकता है, ऐसे में समय रहते जागरूकता बेहद जरूरी है। डीसी अपराजिता ने कहा कि बदलते समय के साथ जागरूकता के तरीके भी आधुनिक होने चाहिए। इसी उद्देश्य से प्रशासन सरल माध्यमों का सहारा लिया है।
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कैथल। जागरूकता फैलाने के लिए डीसी अपराजिता की पहल पर प्रशासन ने आमजन तक सही जानकारी पहुंचाने तथा अफवाहों पर रोक लगाने के लिए सोशल मीडिया मीम्स का सहारा लिया है। इसके तहत फिल्मी किरदारों के माध्यम से अफवाहों पर प्रहार कर युवाओं की भाषा में प्रशासन जागरूक कर रहा है।
कालाबाजारी जैसे गंभीर विषय पर प्रहार करते हुए वेबसीरीज के कालीन भैया के अंदाज में एलपीजी की जमाखोरी करने वालों को सख्त चेतावनी दी गई है कि यह जोखिम भरा काम है। वहीं एक हास्य फिल्म के चर्चित किरदार बाबूराव के माध्यम से किसानों को यूरिया और डीएपी के स्थान पर प्राकृतिक खाद अपनाने का संदेश दिया गया है।
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अफवाहों पर रोक लगाने के लिए एक अन्य फिल्म के किरदार के जरिए लोगों को समझाया गया है कि गैस और पेट्रोल की उपलब्धता को लेकर केवल आधिकारिक स्रोतों पर ही भरोसा करें। इसके अलावा एक फिल्म का लुक का उपयोग कर यह संदेश दिया गया है कि असली समझदार वही है, जो गैस सिलेंडर की जमाखोरी नहीं करता।
प्रशासन का मानना है कि वैश्विक घटनाओं का असर स्थानीय स्तर पर भी पड़ सकता है, ऐसे में समय रहते जागरूकता बेहद जरूरी है। डीसी अपराजिता ने कहा कि बदलते समय के साथ जागरूकता के तरीके भी आधुनिक होने चाहिए। इसी उद्देश्य से प्रशासन सरल माध्यमों का सहारा लिया है।