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Karnal News: चपरासी से 10 हजार रुपये की रिश्वत लेता को-आपरेटिव सोसाइटी का प्रबंधक गिरफ्तार
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कीमती लाल
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माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। अपने ही चपरासी से 10 हजार रुपये लेते हुए द पाढ़ा को-ऑपरेटिव सोसाइटी के प्रबंधक कीमती लाल को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) पानीपत की टीम ने गिरफ्तार किया है। आरोपी प्रबंधक चपरासी को दिवाली पर आए 21 हजार रुपये के बोनस में से 10 हजार रुपये देने के लिए यह कहते हुए दबाव बना रहा था कि अब ऑडिट में उसे यह रुपये वापस करने होंगे। अगर वह उसे 10 हजार रुपये देगा तो वह बचा लेगा। आरोपी कीमती लाल को शनिवार को करनाल अदालत में पेश किया जाएगा।
एसीबी निरीक्षक हेमराज ने बताया कि द पाढ़ा को-ऑपरेटिव सोसाइटी के प्रबंधक कीमती लाल के खिलाफ उसके चपरासी से शिकायत मिली थी कि वह बोनस के रुपयों में से 10 हजार रुपये मांग रहा है। ऑडियो सामने आने के बाद शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एसीबी की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाया। शुक्रवार को सुबह जैसे ही प्रबंधक कीमती लाल ने कर्मचारी से 10 हजार रुपये लिए तो टीम ने उसे रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को टीम अपने साथ ले गई। शनिवार को अदालत में पेश करके रिमांड पर लिया जाएगा। ब्यूरो
पहले भी रुपये लेने का आरोप
एसीबी अब कीमती लाल से गहनता से पूछताछ कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि शिकायतकर्ता एक कच्चा कर्मचारी है, उसका वेतन तीन-तीन माह तक रोका जाता था। पहले भी कई बार वेतन जारी कराने के नाम पर उससे रुपये लिए गए। अब उसकी नौकरी भी पक्की कराने का सपना दिखाया जा रहा था। कितने और कब रुपये लिए, यह जांच का विषय है।
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करनाल। अपने ही चपरासी से 10 हजार रुपये लेते हुए द पाढ़ा को-ऑपरेटिव सोसाइटी के प्रबंधक कीमती लाल को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) पानीपत की टीम ने गिरफ्तार किया है। आरोपी प्रबंधक चपरासी को दिवाली पर आए 21 हजार रुपये के बोनस में से 10 हजार रुपये देने के लिए यह कहते हुए दबाव बना रहा था कि अब ऑडिट में उसे यह रुपये वापस करने होंगे। अगर वह उसे 10 हजार रुपये देगा तो वह बचा लेगा। आरोपी कीमती लाल को शनिवार को करनाल अदालत में पेश किया जाएगा।
एसीबी निरीक्षक हेमराज ने बताया कि द पाढ़ा को-ऑपरेटिव सोसाइटी के प्रबंधक कीमती लाल के खिलाफ उसके चपरासी से शिकायत मिली थी कि वह बोनस के रुपयों में से 10 हजार रुपये मांग रहा है। ऑडियो सामने आने के बाद शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एसीबी की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाया। शुक्रवार को सुबह जैसे ही प्रबंधक कीमती लाल ने कर्मचारी से 10 हजार रुपये लिए तो टीम ने उसे रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को टीम अपने साथ ले गई। शनिवार को अदालत में पेश करके रिमांड पर लिया जाएगा। ब्यूरो
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पहले भी रुपये लेने का आरोप
एसीबी अब कीमती लाल से गहनता से पूछताछ कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि शिकायतकर्ता एक कच्चा कर्मचारी है, उसका वेतन तीन-तीन माह तक रोका जाता था। पहले भी कई बार वेतन जारी कराने के नाम पर उससे रुपये लिए गए। अब उसकी नौकरी भी पक्की कराने का सपना दिखाया जा रहा था। कितने और कब रुपये लिए, यह जांच का विषय है।
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