{"_id":"6a384d2dee257b24510c6f24","slug":"accused-denied-bail-in-case-involving-60-lakh-fraud-and-disappearance-of-a-youth-promised-passage-to-the-us-panchkula-news-c-87-1-pan1011-137803-2026-06-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Panchkula News: अमेरिका भेजने के नाम पर 60 लाख की ठगी, लापता युवक मामले में आरोपी को नहीं मिली जमानत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Panchkula News: अमेरिका भेजने के नाम पर 60 लाख की ठगी, लापता युवक मामले में आरोपी को नहीं मिली जमानत
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
पंचकूला। विदेश भेजने के नाम पर 60 लाख रुपये की कथित ठगी और युवक के लापता होने से जुड़े मामले में पंचकूला की अदालत ने मुख्य आरोपी कुलदीप सिंह उर्फ दीपा की नियमित जमानत याचिका खारिज कर दी। अदालत ने मामले को गंभीर बताते हुए कहा कि जांच में सामने आए तथ्यों को देखते हुए इस स्तर पर आरोपी को राहत नहीं दी जा सकती।
चंडीमंदिर थाना पुलिस में दर्ज मामले के अनुसार शिकायतकर्ता श्याम लाल ने आरोप लगाया था कि कुलदीप सिंह और उसके पिता गुरदियाल सिंह ने उनके बेटे मंदीप सिंह को वैध तरीके से अमेरिका भेजने का भरोसा देकर लाखों रुपये लिए। परिवार ने रिश्तेदारों से उधार लेकर पहले 45 लाख रुपये दिए और बाद में 15 लाख रुपये और दिए। आरोप है कि अमेरिका भेजे जाने के बाद मंदीप सिंह से संपर्क टूट गया और उसका कोई सुराग नहीं मिला।
जांच में यह आया सामने
व्हाट्सएप चैट जांच का अहम हिस्सा बनी।
चैट में युवक को कथित तौर पर डंकी रूट से विदेश भेजने की चर्चा मिली।
अभियोजन पक्ष ने इसे मानव तस्करी और धोखाधड़ी का गंभीर मामला बताया।
अदालत ने कहा कि ऐसे अपराध समाज पर गंभीर प्रभाव डालते हैं, इसलिए सख्त रुख अपनाना आवश्यक है।
चंडीमंदिर थाना पुलिस में दर्ज मामले के अनुसार शिकायतकर्ता श्याम लाल ने आरोप लगाया था कि कुलदीप सिंह और उसके पिता गुरदियाल सिंह ने उनके बेटे मंदीप सिंह को वैध तरीके से अमेरिका भेजने का भरोसा देकर लाखों रुपये लिए। परिवार ने रिश्तेदारों से उधार लेकर पहले 45 लाख रुपये दिए और बाद में 15 लाख रुपये और दिए। आरोप है कि अमेरिका भेजे जाने के बाद मंदीप सिंह से संपर्क टूट गया और उसका कोई सुराग नहीं मिला।
विज्ञापन
विज्ञापन
जांच में यह आया सामने
व्हाट्सएप चैट जांच का अहम हिस्सा बनी।
चैट में युवक को कथित तौर पर डंकी रूट से विदेश भेजने की चर्चा मिली।
अभियोजन पक्ष ने इसे मानव तस्करी और धोखाधड़ी का गंभीर मामला बताया।
अदालत ने कहा कि ऐसे अपराध समाज पर गंभीर प्रभाव डालते हैं, इसलिए सख्त रुख अपनाना आवश्यक है।