{"_id":"6a3c41fb737c50cab706e346","slug":"hsvp-acquired-145-bighas-of-land-by-paying-the-price-for-135-bighas-panipat-news-c-244-1-pnp1001-159502-2026-06-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Panipat News: एचएसवीपी ने 13.5 बीघे जमीन की कीमत देकर 14.5 बीघा ले ली","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Panipat News: एचएसवीपी ने 13.5 बीघे जमीन की कीमत देकर 14.5 बीघा ले ली
विज्ञापन
जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक में अधिकारियों को निर्देश देते मंत्री रणबीर सिंह गंगवा। संवाद
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
माई सिटी रिपोर्टर
पानीपत। जिला सचिवालय सभागार में बुधवार को आयोजित जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक में सबसे प्रमुख मामला करनाल के अलीपुर खालसा निवासी महेंद्र सिंह की शिकायत रहा, जिसमें उन्होंने हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण पर 13.5 बीघे जमीन की कीमत देकर 14.5 बीघा जमीन लेने का अारोप लगाया।
इस मामले पर जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी, लोक निर्माण तथा श्रम विभाग के कैबिनेट मंत्री रणबीर सिंह गंगवा ने सख्त रुख अपनाते हुए तत्काल जांच और पैमाइश के आदेश दिए। महेंद्र सिंह ने शिकायत में बताया कि पानीपत क्षेत्र में उनकी कुल 14 बीघे 5 बिसवे जमीन थी, जिसमें से एचएसवीपी ने 13 बीघे 5 बिसवे जमीन का अधिग्रहण किया था। इसके बाद अधिकारियों ने उनकी लगभग एक बीघा अतिरिक्त जमीन पर भी कब्जा कर लिया और उसे वापस नहीं दिया जा रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि पहले इस मामले पर 23 जून 2025 की बैठक में उनके पक्ष में निर्णय दिया गया था, लेकिन इसके बावजूद जमीन पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। एचएसवीपी के ईओ प्रतीक हुड्डा ने दीवार न होने की बात कही तो शिकायतकर्ता ने इसके फोटो सहित तथ्य सदन के सामने रख दिए। मंत्री रणबीर गंगवा ने नाराजगी जताते हुए अधिकारियों को तुरंत जमीन की पैमाइश कराकर मालिक को पूरा हक देने के आदेश दिए। इस मामले को अगली बैठक तक रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिए लंबित रखा गया है।
विज्ञापन
सात शिकायतों का मौके पर समाधान : रणबीर गंगवा की पानीपत जिले में जिला कष्ट निवारण समिति की पहली बैठक थी। उन्होंने 13 जन शिकायतों की गहनता से सुनवाई की। बैठक में आई सात शिकायतों का उन्होंने मौके पर ही निपटारा किया। इनमें अनाज मंडी समालखा निवासी रणधीर सिंह का बैंक संबंधी लंबित मामला शामिल था। हथवाला निवासी प्रदीप की शिकायत का भी समाधान हुआ। परशुराम कॉलोनी के सुरेश वर्मा के पुलिस विभाग से जुड़े भूमि विवाद का भी मौके पर निपटारा किया गया। बुआना लाखू के सरपंच मोहित की भूमि कब्जे संबंधी शिकायत पर मंत्री ने उसे तुरंत खाली कराने के निर्देश दिए।
n छह शिकायतें अगली बैठक के लिए लंबित
गुलशन तलवाड़ (पार्श्वनाथ पालीवाल सिटी) ने कॉलोनी में मूलभूत सुविधाओं की कमी की शिकायत, मयंक मित्तल (गांव भैंसवाल) का दोषियों पर कार्रवाई और राशि बरामदगी का मामला। जगदीश पाल (सेक्टर-18, हुडा) की बकाया राशि दिलाने और सुरक्षा प्रदान करने संबंधी शिकायत। रविंद्र कुमार (सेक्टर-12, हुडा) की शिकायत और बलबीर सिंह (आटा) की बिजली निगम के खिलाफ खेत के कनेक्शन संबंधी शिकायत अगली बैठक के लिए लंबित की गईं। बिशनस्वरूप कॉलोनी की महिला की पुलिस विभाग से जुड़े शोषण की शिकायत को शिकायतकर्ता के अनुरोध पर करनाल स्थानांतरित कर दिया गया है।
पानीपत। जिला सचिवालय सभागार में बुधवार को आयोजित जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक में सबसे प्रमुख मामला करनाल के अलीपुर खालसा निवासी महेंद्र सिंह की शिकायत रहा, जिसमें उन्होंने हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण पर 13.5 बीघे जमीन की कीमत देकर 14.5 बीघा जमीन लेने का अारोप लगाया।
इस मामले पर जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी, लोक निर्माण तथा श्रम विभाग के कैबिनेट मंत्री रणबीर सिंह गंगवा ने सख्त रुख अपनाते हुए तत्काल जांच और पैमाइश के आदेश दिए। महेंद्र सिंह ने शिकायत में बताया कि पानीपत क्षेत्र में उनकी कुल 14 बीघे 5 बिसवे जमीन थी, जिसमें से एचएसवीपी ने 13 बीघे 5 बिसवे जमीन का अधिग्रहण किया था। इसके बाद अधिकारियों ने उनकी लगभग एक बीघा अतिरिक्त जमीन पर भी कब्जा कर लिया और उसे वापस नहीं दिया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
उन्होंने आरोप लगाया कि पहले इस मामले पर 23 जून 2025 की बैठक में उनके पक्ष में निर्णय दिया गया था, लेकिन इसके बावजूद जमीन पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। एचएसवीपी के ईओ प्रतीक हुड्डा ने दीवार न होने की बात कही तो शिकायतकर्ता ने इसके फोटो सहित तथ्य सदन के सामने रख दिए। मंत्री रणबीर गंगवा ने नाराजगी जताते हुए अधिकारियों को तुरंत जमीन की पैमाइश कराकर मालिक को पूरा हक देने के आदेश दिए। इस मामले को अगली बैठक तक रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिए लंबित रखा गया है।
सात शिकायतों का मौके पर समाधान : रणबीर गंगवा की पानीपत जिले में जिला कष्ट निवारण समिति की पहली बैठक थी। उन्होंने 13 जन शिकायतों की गहनता से सुनवाई की। बैठक में आई सात शिकायतों का उन्होंने मौके पर ही निपटारा किया। इनमें अनाज मंडी समालखा निवासी रणधीर सिंह का बैंक संबंधी लंबित मामला शामिल था। हथवाला निवासी प्रदीप की शिकायत का भी समाधान हुआ। परशुराम कॉलोनी के सुरेश वर्मा के पुलिस विभाग से जुड़े भूमि विवाद का भी मौके पर निपटारा किया गया। बुआना लाखू के सरपंच मोहित की भूमि कब्जे संबंधी शिकायत पर मंत्री ने उसे तुरंत खाली कराने के निर्देश दिए।
n छह शिकायतें अगली बैठक के लिए लंबित
गुलशन तलवाड़ (पार्श्वनाथ पालीवाल सिटी) ने कॉलोनी में मूलभूत सुविधाओं की कमी की शिकायत, मयंक मित्तल (गांव भैंसवाल) का दोषियों पर कार्रवाई और राशि बरामदगी का मामला। जगदीश पाल (सेक्टर-18, हुडा) की बकाया राशि दिलाने और सुरक्षा प्रदान करने संबंधी शिकायत। रविंद्र कुमार (सेक्टर-12, हुडा) की शिकायत और बलबीर सिंह (आटा) की बिजली निगम के खिलाफ खेत के कनेक्शन संबंधी शिकायत अगली बैठक के लिए लंबित की गईं। बिशनस्वरूप कॉलोनी की महिला की पुलिस विभाग से जुड़े शोषण की शिकायत को शिकायतकर्ता के अनुरोध पर करनाल स्थानांतरित कर दिया गया है।

जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक में अधिकारियों को निर्देश देते मंत्री रणबीर सिंह गंगवा। संवाद- फोटो : अमर उजाला