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Panipat News: राष्ट्रमंडल खेलों में पदक से चूक गए यश घनघस
Mon, 03 Aug 2026 06:03 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत
Updated Mon, 03 Aug 2026 06:03 AM IST
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अपने परिवार के साथ यश घनघस। परिजन
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पानीपत। राष्ट्रमंडल खेलों की जूडो प्रतियोगिता में पानीपत के खिलाड़ी यश घनघस पदक जीतने से चूक गए। हालांकि, उनका संघर्ष और शानदार प्रदर्शन प्रेरणादायक रहा। परिवार को विश्वास है कि वह आगामी एशियाई खेलों में दमदार वापसी करेंगे।
यश ने कठिन मुकाबलों में पूरे आत्मविश्वास के साथ प्रतिद्वंद्वियों का सामना किया। वह अंतिम चरण में पदक हासिल नहीं कर सके। यश मूल रूप से पानीपत जिले के बांध गांव के निवासी हैं। उनका परिवार कई वर्षों से पानीपत के विकास नगर में रह रहा है। उनके पिता आनंद कुमार केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल की 58वीं बटालियन में अधिकारी हैं।
वह वर्तमान में मणिपुर में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। आनंद कुमार ने यश को खेलों में आगे बढ़ने के लिए हमेशा प्रेरित किया। यश के छोटे भाई लक्ष्य बीटेक की पढ़ाई कर रहे हैं। यश का जूडो के प्रति लगाव बचपन से ही रहा है। उन्होंने सातवीं कक्षा में पढ़ाई के दौरान जूडो खेलना शुरू किया। शुरुआती प्रशिक्षण शिवाजी स्टेडियम में लिया, जहां उन्होंने खेल की बारीकियां सीखीं। संवाद
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यश ने कठिन मुकाबलों में पूरे आत्मविश्वास के साथ प्रतिद्वंद्वियों का सामना किया। वह अंतिम चरण में पदक हासिल नहीं कर सके। यश मूल रूप से पानीपत जिले के बांध गांव के निवासी हैं। उनका परिवार कई वर्षों से पानीपत के विकास नगर में रह रहा है। उनके पिता आनंद कुमार केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल की 58वीं बटालियन में अधिकारी हैं।
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वह वर्तमान में मणिपुर में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। आनंद कुमार ने यश को खेलों में आगे बढ़ने के लिए हमेशा प्रेरित किया। यश के छोटे भाई लक्ष्य बीटेक की पढ़ाई कर रहे हैं। यश का जूडो के प्रति लगाव बचपन से ही रहा है। उन्होंने सातवीं कक्षा में पढ़ाई के दौरान जूडो खेलना शुरू किया। शुरुआती प्रशिक्षण शिवाजी स्टेडियम में लिया, जहां उन्होंने खेल की बारीकियां सीखीं। संवाद
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