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Rohtak News: शिक्षाविद बोले-महिला कॉलेज नहीं, तकनीकी शिक्षा केंद्र बनाया जाए

Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Wed, 01 Apr 2026 02:43 AM IST
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Educationists said not a women's college, a technical education center should be built
फोटो 02 महम कॉलेज का दृश्य। संवाद - फोटो : samvad
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महम। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की पांच अप्रैल को होने वाली विकास रैली में क्षेत्रवासी सीएम के सामने महिला कॉलेज के साथ और अन्य विकास कार्यों को लेकर अपनी मांगें रखेंगे। मंगलवार को शिक्षाविदों ने बेटियों की शिक्षा को लेकर अपने विचार रखे।
शिक्षाविदों का कहना है कि कस्बे में महिला कॉलेज के बजाय तकनीकी शिक्षा केंद्र शुरू करें। इससे युवाओं को भविष्य बेहतर होगा व कस्बे की तस्वीर बदलेगी। इससे बेटियों को भी आत्मनिर्भर बनने का अवसर मिलेगा।
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वर्जन
कस्बे में बेटियाें के लिए कॉलेज है। इसमें बेटियां पढ़ाई कर रही हैं। इन्हें अच्छा भविष्य देने के लिए यहां नर्सिंग या अन्य तकनीकी शिक्षा या स्नातकोत्तर शिक्षा की व्यवस्था करना बेहतर रहेगा। इससे बेटियों को भी आत्मनिर्भर बनने का अवसर मिलेगा।
-डॉ. सत्यव्रत सोलंकी, प्राचार्य, राजकीय महाविद्यालय महम


बेटियों के लिए बेहतर शिक्षण संस्थान है। तकनीकी शिक्षा की सुविधा मिले तो सभी के लिए बेहतर रहेगा। मोखरा महिला कॉलेज का हाल सभी ने देखा है। इस कॉलेज को-एजुकेशन में बदलना पड़ा। यही हाल लाखनमाजरा महिला कॉलेज का है। यहां कुछ ही लड़कियां पढ़ रही हैं।
-रोहित कुमार, प्राचार्य, नारायणगढ़ कॉलेज


कॉलेज के प्रोफेसर का कहना है कि यहां महिला कॉलेज बनाने का फायदा नहीं है। आर्ट, साइंस व कॉमर्स में सीटें हर साल खाली रहती हैं। बेटियों को रोजगारपरक बनाने के लिए यहां 32 एकड़ जमीन है। इस पर एमबीबीएस, नर्सिंग या अन्य स्वास्थ्य संबंधी या इंजीनियरिंग कोर्स शुरू करने चाहिए।

-प्रो. जयवीर गोयत
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