साल्हावास। भागवत कथा होने का अर्थ है साक्षात भगवान का गांव में प्रकट होना। जिस गांव में श्रीमद्भागवत कथा होती है, वहां भगवान विष्णु स्वयं विराजमान होते हैं और उनके साथ सभी देवी-देवताओं का भी आगमन होता है। ऐसे गांव पर ईश्वर की विशेष कृपा बरसती है।
यह बात गांव बिरोहड़ के बाबा रघुनाथ मंदिर में चल रही सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन कथा प्रवक्ता आचार्य गाैरव दीक्षित ने भागवत के महात्म का वर्णन करते हुए कही। बताया कि पितृ कृपा प्राप्ति का मार्ग भागवत कथा है।
इस अवसर पर देवेंद्र मास्टर, यजमान विक्रमजीत सहरावत एवं अमित सहरावत, सुरेश जांगड़ा, कृष्ण, हितेश, दीपक, अमित, सुखबिंदर मौजूद रहे। संवाद