{"_id":"69d40bd38dca98556a0c1523","slug":"mdu-employees-announce-indefinite-strike-against-registrar-rohtak-news-c-17-roh1019-835676-2026-04-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rohtak News: एमडीयू कुलसचिव के खिलाफ कर्मचारियों ने किया अनिश्चितकालीन हड़ताल का एलान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rohtak News: एमडीयू कुलसचिव के खिलाफ कर्मचारियों ने किया अनिश्चितकालीन हड़ताल का एलान
विज्ञापन
9-एमडीयू के प्रशासनिक भवन में हड़ताल पर बैठे कर्मचारी। स्रोत : संघ
विज्ञापन
रोहतक। महर्षि दयानंद यूनिवर्सिटी (एमडीयू) के कुलसचिव डॉ. कृष्णकांत के खिलाफ कर्मचारियों ने सोमवार को अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू करने का एलान कर दिया है। कर्मचारियों का कहना है कि कुलसचिव ने गुपचुप तरीके से छुट्टी के दिन 31 मार्च को सेवानिवृत्त हो चुके अनार सिंह को अपना ओएसडी नियुक्त कर दिया था।
कर्मचारी संघ ने 1 अप्रैल को इस मुद्दे सहित अन्य लंबित मांगों को लेकर आम सभा आयोजित की थी। 2 अप्रैल को भी धरना देने के बाद आश्वासन दिया था कि 4 अप्रैल तक उनकी मांगों पर कार्रवाई होगी लेकिन अब तक ठोस कदम नहीं उठाया गया। इसके बाद संघ के प्रतिनिधियों ने कुलपति प्रो. सोमनाथ सचदेवा से उनके कुरुक्षेत्र स्थित आवास पर मुलाकात की।
कर्मचारियों की मांगों को लेकर अवगत कराया गया। शुरू में तीन दिन के सांकेतिक धरने पर सहमति बनी थी।
कुलपति के ओएसडी ओमप्रकाश यादव की ओर से सूचना दी कि कुलसचिव की ओर से नियुक्त ओएसडी का इस्तीफा हो चुका है और जल्द कार्रवाई की जाएगी।
जब संघ के प्रतिनिधि इस विषय पर कुलसचिव डॉ. कृष्णकांत से बातचीत के लिए पहुंचे तो उन्होंने सीधे संवाद करने से इन्कार कर दिया।
कुलसचिव के इस रवैये से कर्मचारियों में आक्रोश बढ़ गया और मांगें पूरी होने तक सर्वसम्मति से अनिश्चितकालीन हड़ताल का निर्णय लिया। कर्मचारियों ने कुलसचिव हटाओ, विश्वविद्यालय बचाओ के नारे भी लगाए।
संघ प्रधान सुरेश कौशिक ने कहा कि यदि कुलसचिव ही कर्मचारियों से संवाद नहीं करेंगे तो उनकी समस्याओं का समाधान कैसे होगा। इस मौके पर उपप्रधान प्रेम सजवान, महासचिव डॉ. विजय पाल, सह सचिव राजकुमार रंगा व अन्य मौजूद रहे।
Trending Videos
कर्मचारी संघ ने 1 अप्रैल को इस मुद्दे सहित अन्य लंबित मांगों को लेकर आम सभा आयोजित की थी। 2 अप्रैल को भी धरना देने के बाद आश्वासन दिया था कि 4 अप्रैल तक उनकी मांगों पर कार्रवाई होगी लेकिन अब तक ठोस कदम नहीं उठाया गया। इसके बाद संघ के प्रतिनिधियों ने कुलपति प्रो. सोमनाथ सचदेवा से उनके कुरुक्षेत्र स्थित आवास पर मुलाकात की।
विज्ञापन
विज्ञापन
कर्मचारियों की मांगों को लेकर अवगत कराया गया। शुरू में तीन दिन के सांकेतिक धरने पर सहमति बनी थी।
कुलपति के ओएसडी ओमप्रकाश यादव की ओर से सूचना दी कि कुलसचिव की ओर से नियुक्त ओएसडी का इस्तीफा हो चुका है और जल्द कार्रवाई की जाएगी।
जब संघ के प्रतिनिधि इस विषय पर कुलसचिव डॉ. कृष्णकांत से बातचीत के लिए पहुंचे तो उन्होंने सीधे संवाद करने से इन्कार कर दिया।
कुलसचिव के इस रवैये से कर्मचारियों में आक्रोश बढ़ गया और मांगें पूरी होने तक सर्वसम्मति से अनिश्चितकालीन हड़ताल का निर्णय लिया। कर्मचारियों ने कुलसचिव हटाओ, विश्वविद्यालय बचाओ के नारे भी लगाए।
संघ प्रधान सुरेश कौशिक ने कहा कि यदि कुलसचिव ही कर्मचारियों से संवाद नहीं करेंगे तो उनकी समस्याओं का समाधान कैसे होगा। इस मौके पर उपप्रधान प्रेम सजवान, महासचिव डॉ. विजय पाल, सह सचिव राजकुमार रंगा व अन्य मौजूद रहे।