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Rohtak News: 1200 की जगह 400 क्यूसेक ही छोड़ा पानी
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
Updated Mon, 15 Jun 2026 02:04 AM IST
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सांपला। इलाके में करीब 20 दिनों पेयजल संकट बना हुआ है। काफी दिनों से नहरों में पानी नहीं आ रहा था। इससे लोग ट्यूबवेलों के पानी को टैंकरों से मंगवाकर प्यास बुझाने के लिए मजबूर हैं। भाखड़ा नहर में पानी छोड़ दिया गया है। सोमवार तक इलाके की सभी नहरों तक पहुंच जाएगा।
गौरतलब है कि इलाके में नहरों में रुटीन में पानी नहीं आ रहा है। कस्बे व ग्रामीण क्षेत्र के लोग पब्लिक हेल्थ पर निर्भर हैं। नहरों में पानी नहीं आने से जल संकट बना हुआ है। वहीं, किसानों को भी फसल की बिजाई करने में देरी हो रही है। सिंचाई विभाग ने 1200 क्यूसेक पानी मांगा था मगर शनिवार को 400 क्यूसेक से भी कम पानी छोड़ा गया है। इसकी वजह से रविवार शाम तक भी कई टेलों तक पानी नहीं पहुंच पाया था।
पब्लिक हेल्थ विभाग का कहना है कि अगर पूरा पानी नहीं छोड़ा गया तो जलघर के तालाबों को भरना मुश्किल होगा। रविवार को सिंचाई विभाग के बजाय पब्लिक हेल्थ विभाग का कर्मचारी गांधरा गांव के पास नहर से कूड़ा-कर्कट निकालते हुए देखा गया। सिंचाई विभाग के एक्सईएन अरुण कुमार ने कहा कि 1200 क्यूसेक पानी की डिमांड की है। अभी 800 क्यूसेक मिला है। बाकी जल्द ही पूरा हो जाएगा।
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गौरतलब है कि इलाके में नहरों में रुटीन में पानी नहीं आ रहा है। कस्बे व ग्रामीण क्षेत्र के लोग पब्लिक हेल्थ पर निर्भर हैं। नहरों में पानी नहीं आने से जल संकट बना हुआ है। वहीं, किसानों को भी फसल की बिजाई करने में देरी हो रही है। सिंचाई विभाग ने 1200 क्यूसेक पानी मांगा था मगर शनिवार को 400 क्यूसेक से भी कम पानी छोड़ा गया है। इसकी वजह से रविवार शाम तक भी कई टेलों तक पानी नहीं पहुंच पाया था।
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पब्लिक हेल्थ विभाग का कहना है कि अगर पूरा पानी नहीं छोड़ा गया तो जलघर के तालाबों को भरना मुश्किल होगा। रविवार को सिंचाई विभाग के बजाय पब्लिक हेल्थ विभाग का कर्मचारी गांधरा गांव के पास नहर से कूड़ा-कर्कट निकालते हुए देखा गया। सिंचाई विभाग के एक्सईएन अरुण कुमार ने कहा कि 1200 क्यूसेक पानी की डिमांड की है। अभी 800 क्यूसेक मिला है। बाकी जल्द ही पूरा हो जाएगा।