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Sirsa News: सीवरेज का गंदा पानी खुले में छोड़ा तो होगी कार्रवाई
Sun, 26 Jul 2026 11:47 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Sun, 26 Jul 2026 11:47 PM IST
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प्रदूषण बोर्ड का अवैध कॉलोनियों में पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने वाली गतिविधियों पर नजर
फोटो--
संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने शहर और आसपास की अवैध कॉलोनियों में खुले में छोड़े जा रहे सीवरेज के गंदे पानी पर गंभीरता दिखाई है। बोर्ड ने नगर परिषद को पत्र भेजकर अवैध कॉलोनियों, उनकी सीवरेज व्यवस्था और दूषित पानी से संबंधित पूरा डाटा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
शहर की पूर्व में वैध हुई 25 कॉलोनियों में प्रशासन की व्यवस्था की भी रिपोर्ट मांगी गई है। इसमें सीवरेज लाइन की स्थिति, सॉलिड वेस्ट प्रबंधन और टैंकरों के प्रयोग (रजिस्टर्ड टैंकरों की संख्या व निपटान स्थल) की जानकारी शामिल है। यह विस्तृत रिपोर्ट नगर परिषद के अधिकारियों से मांगी गई है ताकि भविष्य के अनुरूप एक खाका तैयार किया जा सके।
सूत्रों के अनुसार, शहर के कुछ क्षेत्रों में अवैध रूप से विकसित कॉलोनियों में सीवरेज निकासी की उचित व्यवस्था नहीं है। इसके कारण गंदा पानी खाली प्लॉटों, सड़कों और खुले क्षेत्रों में जमा हो रहा है। इससे आसपास रहने वाले लोगों को परेशानी हो रही है।
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भूजल व पर्यावरण पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। प्रदूषण बोर्ड का मानना है कि खुले में छोड़ा गया सीवरेज का पानी स्वास्थ्य और पर्यावरण दोनों के लिए खतरा है। ऐसे मामलों में नगर परिषद के सहयोग से जांच कर नियमों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
नगर परिषद की भूमिका पर सवाल
प्रदूषण बोर्ड द्वारा डाटा मांगने के बाद अवैध एरिया और कॉलोनियों को लेकर नगर परिषद की कार्यप्रणाली पर सवाल उठते हैं। इस रिपोर्ट से सामने आएगा कि कॉलोनियों के नक्शे के अतिरिक्त कितना एरिया अवैध रूप से विकसित हुआ है। इसको लेकर नगर परिषद और डीटीपी विभाग ने क्या कार्रवाई की है, यह भी स्पष्ट होगा। अवैध एरिया में बसने वाले लोगों की मूलभूत सुविधाओं की स्थिति का आंकड़ा भी जल्द सामने आने वाला है।
अवैध कॉलोनियों का विस्तार
नगर परिषद के एरिया में बड़े स्तर पर अवैध कॉलोनियां विकसित हो रही हैं, लेकिन आज तक किसी भी कॉलोनी या एरिया पर नगर परिषद ने कार्रवाई नहीं की है। श्मशाबाद पट्टी, प्रेम नगर, चतरगढपट्टी एरिया, कंगनपुर और बेगू रोड जैसे क्षेत्रों में बड़े स्तर पर अवैध कॉलोनियां विकसित हो गई हैं। इन एरिया में लोग खुले में गंदा पानी छोड़ते हैं, जो पर्यावरण और स्वास्थ्य के लिए घातक होता है। प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के रिजनल ऑफिसर ईश्वर प्रकाश राव ने बताया कि नगर परिषद से वैध व अवैध कॉलोनियों, सॉलिड वेस्ट और पानी की व्यवस्था का रिकॉर्ड मांगा गया है। इसी रिपोर्ट के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
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संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने शहर और आसपास की अवैध कॉलोनियों में खुले में छोड़े जा रहे सीवरेज के गंदे पानी पर गंभीरता दिखाई है। बोर्ड ने नगर परिषद को पत्र भेजकर अवैध कॉलोनियों, उनकी सीवरेज व्यवस्था और दूषित पानी से संबंधित पूरा डाटा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
शहर की पूर्व में वैध हुई 25 कॉलोनियों में प्रशासन की व्यवस्था की भी रिपोर्ट मांगी गई है। इसमें सीवरेज लाइन की स्थिति, सॉलिड वेस्ट प्रबंधन और टैंकरों के प्रयोग (रजिस्टर्ड टैंकरों की संख्या व निपटान स्थल) की जानकारी शामिल है। यह विस्तृत रिपोर्ट नगर परिषद के अधिकारियों से मांगी गई है ताकि भविष्य के अनुरूप एक खाका तैयार किया जा सके।
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सूत्रों के अनुसार, शहर के कुछ क्षेत्रों में अवैध रूप से विकसित कॉलोनियों में सीवरेज निकासी की उचित व्यवस्था नहीं है। इसके कारण गंदा पानी खाली प्लॉटों, सड़कों और खुले क्षेत्रों में जमा हो रहा है। इससे आसपास रहने वाले लोगों को परेशानी हो रही है।
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भूजल व पर्यावरण पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। प्रदूषण बोर्ड का मानना है कि खुले में छोड़ा गया सीवरेज का पानी स्वास्थ्य और पर्यावरण दोनों के लिए खतरा है। ऐसे मामलों में नगर परिषद के सहयोग से जांच कर नियमों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
नगर परिषद की भूमिका पर सवाल
प्रदूषण बोर्ड द्वारा डाटा मांगने के बाद अवैध एरिया और कॉलोनियों को लेकर नगर परिषद की कार्यप्रणाली पर सवाल उठते हैं। इस रिपोर्ट से सामने आएगा कि कॉलोनियों के नक्शे के अतिरिक्त कितना एरिया अवैध रूप से विकसित हुआ है। इसको लेकर नगर परिषद और डीटीपी विभाग ने क्या कार्रवाई की है, यह भी स्पष्ट होगा। अवैध एरिया में बसने वाले लोगों की मूलभूत सुविधाओं की स्थिति का आंकड़ा भी जल्द सामने आने वाला है।
अवैध कॉलोनियों का विस्तार
नगर परिषद के एरिया में बड़े स्तर पर अवैध कॉलोनियां विकसित हो रही हैं, लेकिन आज तक किसी भी कॉलोनी या एरिया पर नगर परिषद ने कार्रवाई नहीं की है। श्मशाबाद पट्टी, प्रेम नगर, चतरगढपट्टी एरिया, कंगनपुर और बेगू रोड जैसे क्षेत्रों में बड़े स्तर पर अवैध कॉलोनियां विकसित हो गई हैं। इन एरिया में लोग खुले में गंदा पानी छोड़ते हैं, जो पर्यावरण और स्वास्थ्य के लिए घातक होता है। प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के रिजनल ऑफिसर ईश्वर प्रकाश राव ने बताया कि नगर परिषद से वैध व अवैध कॉलोनियों, सॉलिड वेस्ट और पानी की व्यवस्था का रिकॉर्ड मांगा गया है। इसी रिपोर्ट के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।