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Sirsa News: मानसून से पहले घग्गर ड्रेन पर सुरक्षा द्वार और मजबूत बांध की दरकार, घग्गर की दस्तक से पहले किसानों ने खटखटाया प्रशासन का दरवाजा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Thu, 18 Jun 2026 10:41 PM IST
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सिरसा। हिसार घग्गर ड्रेन पर गेट निर्माण और बारिश के मौसम से पहले जल निकासी व्यवस्था को सुदृढ़ करने की मांग के लिए किसान सभा हरियाणा के प्रतिनिधिमंडल ने वीरवार को उपायुक्त शांतनु शर्मा से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। किसान सभा नेता राजेंद्र रूपावास ने बताया कि ज्ञापन में ड्रेन के दोनों ओर के बांधों को पक्का और मजबूत करने, घग्गर के पानी की वापसी रोकने के लिए शीघ्र गेट लगाने व पानी को लिफ्ट कर घग्गर में डालने के लिए स्थायी उच्च क्षमता वाले पंप स्थापित करने की मांग की गई है।
उन्होंने कहा कि स्थायी व्यवस्था होने तक अस्थायी पंप सेट लगाए जाएं। उपायुक्त ने मांगों पर जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया है। किसान सभा ने सिंचाई विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि पहले गेट निर्माण के लिए ईंटों का ढांचा तैयार किया गया और अब उसी डिजाइन को गलत बताकर दोबारा निर्माण किया जा रहा है जिससे सरकारी धन और समय की बर्बादी हो रही है।
प्रतिनिधिमंडल ने कार्यकारी अभियंता संदीप माथुर और संदीप शर्मा से भी मुलाकात कर ड्रेन से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की। किसान सभा का कहना है कि अब तक बारिश के दौरान पानी को लिफ्ट कर घग्गर में डालने की कोई ठोस योजना तैयार नहीं की गई है जिससे दर्जनों गांवों के प्रभावित होने की आशंका बनी हुई है।
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चोपटा तहसील में प्रदर्शन 22 जून को
राजेंद्र रूपावास ने बताया कि अधिकारियों ने 10 दिनों के भीतर गेट तैयार कर लगाने का आश्वासन दिया है। किसान सभा ने चेतावनी दी कि मांगों की अनदेखी होने पर आंदोलन जारी रहेगा। 22 जून को चोपटा तहसील में प्रदर्शन और 25 जून को सिंचाई मंत्री श्रुति चौधरी के घेराव की घोषणा की गई। इस अवसर पर किसान सभा महासचिव सुमित दलाल, पार्षद संदीप धीरनवास, विष्णुदत्त शर्मा, सुभाष भादू, सुरजीत, राजेंद्र भरोंखा, हमजिंदर, गुरदिता, मदन खोथ, अभिमन्यु, मोहनलाल और श्रवण मंदौरी मौजूद रहे।
उन्होंने कहा कि स्थायी व्यवस्था होने तक अस्थायी पंप सेट लगाए जाएं। उपायुक्त ने मांगों पर जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया है। किसान सभा ने सिंचाई विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि पहले गेट निर्माण के लिए ईंटों का ढांचा तैयार किया गया और अब उसी डिजाइन को गलत बताकर दोबारा निर्माण किया जा रहा है जिससे सरकारी धन और समय की बर्बादी हो रही है।
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प्रतिनिधिमंडल ने कार्यकारी अभियंता संदीप माथुर और संदीप शर्मा से भी मुलाकात कर ड्रेन से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की। किसान सभा का कहना है कि अब तक बारिश के दौरान पानी को लिफ्ट कर घग्गर में डालने की कोई ठोस योजना तैयार नहीं की गई है जिससे दर्जनों गांवों के प्रभावित होने की आशंका बनी हुई है।
चोपटा तहसील में प्रदर्शन 22 जून को
राजेंद्र रूपावास ने बताया कि अधिकारियों ने 10 दिनों के भीतर गेट तैयार कर लगाने का आश्वासन दिया है। किसान सभा ने चेतावनी दी कि मांगों की अनदेखी होने पर आंदोलन जारी रहेगा। 22 जून को चोपटा तहसील में प्रदर्शन और 25 जून को सिंचाई मंत्री श्रुति चौधरी के घेराव की घोषणा की गई। इस अवसर पर किसान सभा महासचिव सुमित दलाल, पार्षद संदीप धीरनवास, विष्णुदत्त शर्मा, सुभाष भादू, सुरजीत, राजेंद्र भरोंखा, हमजिंदर, गुरदिता, मदन खोथ, अभिमन्यु, मोहनलाल और श्रवण मंदौरी मौजूद रहे।