{"_id":"697e64b145ff5dc3a3017fcd","slug":"questions-raised-over-the-absence-of-the-name-of-the-naib-tehsildar-in-the-fake-registry-sonipat-news-c-197-1-snp1003-148979-2026-02-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sonipat News: फर्जी रजिस्ट्री में नायब तहसीलदार का नाम न होने पर उठाए सवाल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sonipat News: फर्जी रजिस्ट्री में नायब तहसीलदार का नाम न होने पर उठाए सवाल
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Sun, 01 Feb 2026 01:53 AM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
गन्नौर। तहसील में करोड़ों रुपये के फर्जी रजिस्ट्री को लेकर दर्ज प्राथमिकी पर न्याय युद्ध मंच के संस्थापक अधिवक्ता देवेंद्र गौतम ने आरोप लगाया कि मामले में विक्रेता, खरीदार, गवाह और डीड राइटर को नामजद किया गया जबकि नायब तहसीलदार को बाहर रखा गया।
इससे स्पष्ट होता है कि यह प्राथमिकी दर्ज करने की कार्रवाई राजनीतिक संरक्षण में की गई। यह केवल बचाव की कवायद है।
देवेंद्र गौतम ने कहा कि जब छोटी रजिस्ट्री में भी तहसीलदार, नायब तहसीलदार स्तर पर जांच होती है तो करोड़ों की रजिस्ट्री उनकी भूमिका के बिना कैसे संभव है।
उन्होंने मांग की कि नायब तहसीलदार को प्राथमिकी में शामिल कर स्वतंत्र और उच्चस्तरीय जांच शुरू की जाए अन्यथा न्याय युद्ध मंच जनहित में संघर्ष करेगा। संवाद
Trending Videos
इससे स्पष्ट होता है कि यह प्राथमिकी दर्ज करने की कार्रवाई राजनीतिक संरक्षण में की गई। यह केवल बचाव की कवायद है।
देवेंद्र गौतम ने कहा कि जब छोटी रजिस्ट्री में भी तहसीलदार, नायब तहसीलदार स्तर पर जांच होती है तो करोड़ों की रजिस्ट्री उनकी भूमिका के बिना कैसे संभव है।
विज्ञापन
विज्ञापन
उन्होंने मांग की कि नायब तहसीलदार को प्राथमिकी में शामिल कर स्वतंत्र और उच्चस्तरीय जांच शुरू की जाए अन्यथा न्याय युद्ध मंच जनहित में संघर्ष करेगा। संवाद
