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Sonipat News: गोहाना शहर में मजबूत होगी सीवर व्यवस्था, 32.28 करोड़ रुपये होंगे खर्च
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फोटो : सोनीपत के गोहाना स्थित श्रीराम शरणम् काॅलोनी की कच्ची गली, जिसमें डाली जाएगी सीवर लाइन।
- फोटो : Archive
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सोनीपत। गोहाना शहर के लोगों के लिए राहत भरी खबर है। दूषित पानी की निकासी के लिए शहर में सीवर व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा। विभिन्न कॉलोनियों में नई सीवर लाइन डाली जाएगी तथा 3 मिलियन लीटर प्रतिदिन (एमएलडी) क्षमता का सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) तैयार किया जाएगा। इस कार्य पर जनस्वास्थ्य विभाग की ओर से 32.28 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। विभाग ने इसके लिए टेंडर लगा दिया है।
गोहाना शहर में पिछले वर्ष वैध हुई कॉलोनियों—बनभौरी माता कॉलोनी, मीनाक्षी कॉलोनी, एकता कॉलोनी, श्रीराम शरणम् कॉलोनी और सुल्तानपुरी कॉलोनी—में नई सीवर लाइन डाली जाएगी। इसके पूरा होने पर शहरवासियों को लीकेज और जाम सीवरेज की समस्या से राहत मिलेगी। साथ ही पुरानी और जर्जर हो चुकी सीवर लाइनों को भी बदला जाएगा। लगभग 40 किलोमीटर लंबी सीवर लाइन डालने से हजारों लोगों को लाभ मिलेगा तथा करीब 1800 नए सीवर कनेक्शन किए जाएंगे।
देवीपुरा बाइपास स्थित एसटीपी की क्षमता को 3 एमएलडी तक बढ़ाया जाएगा। इस प्लांट से बरोदा रोड ड्रेन तक लाइन बिछाई जाएगी। यह सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट सीक्वेंसिंग बैच रिएक्टर (एसबीआर) तकनीक पर आधारित होगा।
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शहर के कई क्षेत्रों में सीवर जाम की समस्या लंबे समय से बनी हुई है। इसके समाधान के लिए लोग लगातार शिकायत कर रहे हैं। नया एसटीपी शुरू होने के बाद शहर की बड़ी आबादी को सीवर जाम की समस्या से राहत मिलने की उम्मीद है। शोधित पानी का उपयोग फैक्टरियों और पौधों की सिंचाई के लिए किया जा सकेगा।
एसबीआर तकनीक में बायो केमिकल ऑक्सीजन डिमांड (बीओडी) और केमिकल ऑक्सीजन डिमांड (सीओडी) को कम करने के लिए ऑक्सीजन प्रवाहित की जाती है। इसमें पानी को अलग-अलग टैंकों के माध्यम से पांच चरणों में शुद्ध किया जाता है, जिसके बाद यह सिंचाई या अन्य उपयोग के लिए उपयुक्त हो जाता है।
वर्जन
गोहाना शहर में सीवर व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा। इसके लिए वैध हुई कॉलोनियों में सीवर लाइन डाली जाएगी और शहर में पुरानी लाइनों को बदला जाएगा। देवीपुरा बाइपास स्थित एसटीपी की क्षमता को 3 एमएलडी और बढ़ाया जाएगा। इसके लिए विभाग की ओर से टेंडर लगाया दिया गया है। टेंडर का आवंटन होने के बाद निर्माण कार्य शुरू कराया जाएगा।
दलबीर सिंह, अधीक्षण अभियंता, जनस्वास्थ्य विभाग
गोहाना शहर में पिछले वर्ष वैध हुई कॉलोनियों—बनभौरी माता कॉलोनी, मीनाक्षी कॉलोनी, एकता कॉलोनी, श्रीराम शरणम् कॉलोनी और सुल्तानपुरी कॉलोनी—में नई सीवर लाइन डाली जाएगी। इसके पूरा होने पर शहरवासियों को लीकेज और जाम सीवरेज की समस्या से राहत मिलेगी। साथ ही पुरानी और जर्जर हो चुकी सीवर लाइनों को भी बदला जाएगा। लगभग 40 किलोमीटर लंबी सीवर लाइन डालने से हजारों लोगों को लाभ मिलेगा तथा करीब 1800 नए सीवर कनेक्शन किए जाएंगे।
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देवीपुरा बाइपास स्थित एसटीपी की क्षमता को 3 एमएलडी तक बढ़ाया जाएगा। इस प्लांट से बरोदा रोड ड्रेन तक लाइन बिछाई जाएगी। यह सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट सीक्वेंसिंग बैच रिएक्टर (एसबीआर) तकनीक पर आधारित होगा।
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शहर के कई क्षेत्रों में सीवर जाम की समस्या लंबे समय से बनी हुई है। इसके समाधान के लिए लोग लगातार शिकायत कर रहे हैं। नया एसटीपी शुरू होने के बाद शहर की बड़ी आबादी को सीवर जाम की समस्या से राहत मिलने की उम्मीद है। शोधित पानी का उपयोग फैक्टरियों और पौधों की सिंचाई के लिए किया जा सकेगा।
एसबीआर तकनीक में बायो केमिकल ऑक्सीजन डिमांड (बीओडी) और केमिकल ऑक्सीजन डिमांड (सीओडी) को कम करने के लिए ऑक्सीजन प्रवाहित की जाती है। इसमें पानी को अलग-अलग टैंकों के माध्यम से पांच चरणों में शुद्ध किया जाता है, जिसके बाद यह सिंचाई या अन्य उपयोग के लिए उपयुक्त हो जाता है।
वर्जन
गोहाना शहर में सीवर व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा। इसके लिए वैध हुई कॉलोनियों में सीवर लाइन डाली जाएगी और शहर में पुरानी लाइनों को बदला जाएगा। देवीपुरा बाइपास स्थित एसटीपी की क्षमता को 3 एमएलडी और बढ़ाया जाएगा। इसके लिए विभाग की ओर से टेंडर लगाया दिया गया है। टेंडर का आवंटन होने के बाद निर्माण कार्य शुरू कराया जाएगा।
दलबीर सिंह, अधीक्षण अभियंता, जनस्वास्थ्य विभाग