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Sonipat News: पश्चिमी विक्षोभ की दस्तक आज, आठ तक बूंदाबांदी
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Mon, 06 Apr 2026 05:52 AM IST
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फोटो : : सोनीपत के गांव राई में पककर खड़ी गेहूं की फसल। संवाद
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संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। अप्रैल का पहला सप्ताह समाप्त होने वाला है लेकिन मौसम अब भी असामान्य बना हुआ है। रविवार को प्रदेश में सोनीपत की सुबह सबसे ठंडी रही। रविवार को न्यूनतम तापमान 14.7 डिग्री सेल्सियस रहा जो सामान्य से लगभग ढाई डिग्री कम है। हालांकि, दिन में तेज धूप होने से अधिकतम तापमान 31.9 डिग्री तक पहुंच गया।
मौसम विभाग के अनुसार जिले में मौसम पूरी तरह परिवर्तनशील बना रहेगा। अप्रैल की शुरुआत के साथ ही बार-बार सक्रिय हो रहे पश्चिमी विक्षोभ ने मौसम की स्थिरता को प्रभावित किया है। इसके चलते तेज हवा के साथ रुक-रुक कर बूंदाबांदी हो रही है।
शनिवार को भी प्रदेश के कई क्षेत्रों में हल्की बारिश हुई। कुछ हिस्सों में ओलावृष्टि का असर भी देखने के लिए मिला जिसका सीधा प्रभाव तापमान पर पड़ रहा है।
मौसम विशेषज्ञ के अनुसार उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों में सोमवार देर शाम को एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा। इसका असर दिल्ली-एनसीआर और सोनीपत क्षेत्र में दिखाई देगा। इसकी वजह से सोमवार रात से लेकर बुधवार तक बूंदाबांदी के आसार बने हुए हैं।
इसके चलते तापमान में फिर गिरावट आ सकती है। 8 अप्रैल के बाद यह प्रणाली आगे बढ़ जाएगी जिसके बाद तापमान में तेजी से बढ़ोतरी होने की संभावना है। अप्रैल के अंतिम दिनों में पारा 40 डिग्री के आसपास पहुंच सकता है।
किसानों के लिए मुसीबत बना मौसम
मौसम की अनिश्चितता ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। एक सप्ताह में कई बार हुई बूंदाबांदी के कारण गेहूं की कटाई प्रभावित हुई है। खेतों में नमी अधिक होने से हाथ से कटाई का कार्य बाधित हो रहा है। ऐसे में किसान जल्द से जल्द मशीनों के माध्यम से कटाई कराने में जुटे हैं। जिले में इस बार करीब 1.50 लाख हेक्टेयर भूमि में गेहूं की फसल बोई गई है।
उत्पादन पर पड़ सकता है असर
किसान योगेश, मनोज, संदीप और राकेश ने बताया कि इस बार उत्पादन भी पिछले वर्ष की तुलना में करीब 10 फीसदी तक कम रहने की आशंका है। लगातार बूंदाबांदी व कई स्थानों पर ओलावृष्टि से गेहूं की फसल पर असर पड़ेगा। बूंदाबांदी के साथ ही गेहूं की फसल जमीन पर बिछ गई थी। इसका असर भी फसल के उत्पादन पर पड़ेगा।
वर्जन
सोमवार देर शाम से पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के चलते दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में मौसम फिर करवट लेगा। सोमवार शाम और मंगलवार को बूंदाबांदी व तेज हवा चलने का अनुमान है। किसानों को और अधिक परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि. इसके बाद मौसम के शुष्क होने की उम्मीद जताई गई है।-डॉ. प्रेमदीप, मौसम विज्ञानी, केवीके सोनीपत।
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सोनीपत। अप्रैल का पहला सप्ताह समाप्त होने वाला है लेकिन मौसम अब भी असामान्य बना हुआ है। रविवार को प्रदेश में सोनीपत की सुबह सबसे ठंडी रही। रविवार को न्यूनतम तापमान 14.7 डिग्री सेल्सियस रहा जो सामान्य से लगभग ढाई डिग्री कम है। हालांकि, दिन में तेज धूप होने से अधिकतम तापमान 31.9 डिग्री तक पहुंच गया।
मौसम विभाग के अनुसार जिले में मौसम पूरी तरह परिवर्तनशील बना रहेगा। अप्रैल की शुरुआत के साथ ही बार-बार सक्रिय हो रहे पश्चिमी विक्षोभ ने मौसम की स्थिरता को प्रभावित किया है। इसके चलते तेज हवा के साथ रुक-रुक कर बूंदाबांदी हो रही है।
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शनिवार को भी प्रदेश के कई क्षेत्रों में हल्की बारिश हुई। कुछ हिस्सों में ओलावृष्टि का असर भी देखने के लिए मिला जिसका सीधा प्रभाव तापमान पर पड़ रहा है।
मौसम विशेषज्ञ के अनुसार उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों में सोमवार देर शाम को एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा। इसका असर दिल्ली-एनसीआर और सोनीपत क्षेत्र में दिखाई देगा। इसकी वजह से सोमवार रात से लेकर बुधवार तक बूंदाबांदी के आसार बने हुए हैं।
इसके चलते तापमान में फिर गिरावट आ सकती है। 8 अप्रैल के बाद यह प्रणाली आगे बढ़ जाएगी जिसके बाद तापमान में तेजी से बढ़ोतरी होने की संभावना है। अप्रैल के अंतिम दिनों में पारा 40 डिग्री के आसपास पहुंच सकता है।
किसानों के लिए मुसीबत बना मौसम
मौसम की अनिश्चितता ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। एक सप्ताह में कई बार हुई बूंदाबांदी के कारण गेहूं की कटाई प्रभावित हुई है। खेतों में नमी अधिक होने से हाथ से कटाई का कार्य बाधित हो रहा है। ऐसे में किसान जल्द से जल्द मशीनों के माध्यम से कटाई कराने में जुटे हैं। जिले में इस बार करीब 1.50 लाख हेक्टेयर भूमि में गेहूं की फसल बोई गई है।
उत्पादन पर पड़ सकता है असर
किसान योगेश, मनोज, संदीप और राकेश ने बताया कि इस बार उत्पादन भी पिछले वर्ष की तुलना में करीब 10 फीसदी तक कम रहने की आशंका है। लगातार बूंदाबांदी व कई स्थानों पर ओलावृष्टि से गेहूं की फसल पर असर पड़ेगा। बूंदाबांदी के साथ ही गेहूं की फसल जमीन पर बिछ गई थी। इसका असर भी फसल के उत्पादन पर पड़ेगा।
वर्जन
सोमवार देर शाम से पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के चलते दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में मौसम फिर करवट लेगा। सोमवार शाम और मंगलवार को बूंदाबांदी व तेज हवा चलने का अनुमान है। किसानों को और अधिक परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि. इसके बाद मौसम के शुष्क होने की उम्मीद जताई गई है।-डॉ. प्रेमदीप, मौसम विज्ञानी, केवीके सोनीपत।