{"_id":"6a3056cb43088409cb05de16","slug":"21-illegal-water-connections-disconnected-in-saravi-village-yamuna-nagar-news-c-246-1-sknl1023-157886-2026-06-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Yamuna Nagar News: सरावीं गांव में काटे पानी के 21 अवैध कनेक्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Yamuna Nagar News: सरावीं गांव में काटे पानी के 21 अवैध कनेक्शन
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Tue, 16 Jun 2026 01:17 AM IST
विज्ञापन
सरावीं गांव में पानी के अवैध कनेक्शन काटते कर्मचारी। विभाग
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
साढौरा। जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग ने अवैध पेयजल कनेक्शनों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत सोमवार को गांव सरावीं में कार्रवाई करते हुए 21 अवैध कनेक्शन काट दिए।
विभाग की टीम ने बाड़ों, सब्जियों, हरे चारे और पेड़ों की सिंचाई के लिए इस्तेमाल किए जा रहे पेयजल कनेक्शनों को बंद किया। एसडीओ जफर इकबाल ने बताया कि अवैध कनेक्शनों और पानी की बर्बादी के कारण कई गांवों में पेयजल संकट की समस्या उत्पन्न हो रही है। इसे देखते हुए विभाग की ओर से विशेष टीम गठित कर गांव-गांव सर्वे कराया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि सोमवार को सरावीं गांव में प्रत्येक घर जाकर पानी के नलों की जांच की गई। जहां पेयजल व्यर्थ बहता मिला, वहां लोगों को चेतावनी देकर छोड़ा गया। भविष्य में पानी की बर्बादी पाए जाने पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
साढौरा। जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग ने अवैध पेयजल कनेक्शनों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत सोमवार को गांव सरावीं में कार्रवाई करते हुए 21 अवैध कनेक्शन काट दिए।
विभाग की टीम ने बाड़ों, सब्जियों, हरे चारे और पेड़ों की सिंचाई के लिए इस्तेमाल किए जा रहे पेयजल कनेक्शनों को बंद किया। एसडीओ जफर इकबाल ने बताया कि अवैध कनेक्शनों और पानी की बर्बादी के कारण कई गांवों में पेयजल संकट की समस्या उत्पन्न हो रही है। इसे देखते हुए विभाग की ओर से विशेष टीम गठित कर गांव-गांव सर्वे कराया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि सोमवार को सरावीं गांव में प्रत्येक घर जाकर पानी के नलों की जांच की गई। जहां पेयजल व्यर्थ बहता मिला, वहां लोगों को चेतावनी देकर छोड़ा गया। भविष्य में पानी की बर्बादी पाए जाने पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।