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Yamuna Nagar News: कांवड़ियों की राह में खड़े हैं ट्रक, यात्रा नहीं आसान
Sun, 19 Jul 2026 12:41 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Sun, 19 Jul 2026 12:41 AM IST
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सहारनपुर-कुरुक्षेत्र स्टेट हाईवे पर खड़े ट्रक। संवाद
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संवाद न्यूज एजेंसी
जगाधरी। कांवड़ यात्रा शुरू होने में दो सप्ताह से भी कम समय बचा है। कांवड़ियों के सुरक्षित व सुखद यात्रा को लेकर अभी तक कोई ठोस प्रबंध नहीं किया गया है। सहारनपुर-कुरुक्षेत्र स्टेट हाईवे पर शुगर मिल, पुराना हमीदा से जमुना गली अंडरपास तक हाईवे के दोनों ओर ट्रकों की लंबी कतारें लगी हैं।
हाईवे पर कहीं ट्रक खड़े हैं तो कहीं सड़क किनारे ही वाहनों की मरम्मत हो रही है। इससे स्टेट हाईवे संकरा हो गया है और आवाजाही के लिए बची संकरी पट्टी पर एक साथ कार, बस, ट्रैक्टर-ट्रॉली, बाइक और पैदल राहगीर गुजरने को मजबूर हैं। यह मार्ग कांवड़ यात्रा का प्रमुख रूट है। 30 जुलाई से हजारों कांवड़िये हरिद्वार से गंगाजल लेकर इसी रास्ते से आएंगे पैदल चलने वाले श्रद्धालुओं के लिए अलग लेन तक नहीं है।
इसमें सबसे बड़ी चिंता यह है कि शुगर मिल से जमना गली अंडरपास तक का हिस्सा प्रशासन की ब्लैक स्पॉट सूची में शामिल है। यहीं पर सबसे ज्यादा दिक्कत है। बीते चार वर्षों में यहां 25 सड़क हादसों में 13 लोग जान गवां चुके हैं। इसके बावजूद सड़क किनारे ट्रकों की पार्किंग और मरम्मत का काम जारी है।
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कई जगह ट्रक सड़क से काफी बाहर तक निकले हुए हैं, जिससे ओवरटेक करने वाले वाहनों को सामने से आने वाले ट्रैफिक का अंदाजा नहीं लग पाता। कांवड़ यात्रा के दौरान इस रोड पर सबसे ज्यादा भीड़ होगी। पैदल के साथ डाक कांवड़ सहित अन्य वाहन भी यहां से निकलेंगे।
चालान के बाद भी नहीं हटे ट्रक
जिला प्रशासन की ओर से पुराना हमीदा स्थित ट्रांसपोर्टर्स को उनके कार्यालय के बाहर पार्किंग व्यवस्था बनाने के आदेश दिए जा चुके हैं। इसके लिए पूर्व में 48 को नोटिस भी दिया था। इसके अलावा यातायात पुलिस की ओर से सड़क पर खड़े 40 से अधिक वाहनों के चालान किए हैं। परंतु इस कार्रवाई का कोई असर नहीं दिख रहा है। सड़क किनारे पर ट्रकों की कतारें पहले की तरह लगी हैं। कई स्थानों पर उन्हें वर्कशॉप की तरह इस्तेमाल किया जा रहा है।
कांवड़ियों के लिए बढ़ेगी चुनौती
हर वर्ष कांवड़ यात्रा के दौरान प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं की सुरक्षा दृष्टि से विशेष यातायात प्लान लागू किया जाता है। इसके लिए विभिन्न स्थानों व मुख्य मार्गों पर रूट बदल दिए जाते हैं, ताकि कांवड़ियों को दिक्कत न हो। परंतु इस मार्ग पर व्यवस्था बनाना पुलिस के लिए परेशानी बन गया है। ऐसे में सहारनपुर-कुरुक्षेत्र रोड से श्रद्धालुओं को भारी वाहनों के बीच से गुजरना पड़ेगा। जाम लगने पर एंबुलेंस और आपातकालीन सेवाओं की आवाजाही भी प्रभावित हो सकती है। वहीं, रात को यह समस्या और भी बढ़ जाएगी।
कांवड़ियों की सुरक्षा व सुखद यात्रा को लेकर पुलिस गंभीर है। सहारनपुर-कुरुक्षेत्र रोड पर विशेष अभियान चलाकर सड़क किनारे खड़े ट्रकों को हटवाया जाएगा। - संदीप कुमार, प्रभारी थाना यातायात पुलिस।
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जगाधरी। कांवड़ यात्रा शुरू होने में दो सप्ताह से भी कम समय बचा है। कांवड़ियों के सुरक्षित व सुखद यात्रा को लेकर अभी तक कोई ठोस प्रबंध नहीं किया गया है। सहारनपुर-कुरुक्षेत्र स्टेट हाईवे पर शुगर मिल, पुराना हमीदा से जमुना गली अंडरपास तक हाईवे के दोनों ओर ट्रकों की लंबी कतारें लगी हैं।
हाईवे पर कहीं ट्रक खड़े हैं तो कहीं सड़क किनारे ही वाहनों की मरम्मत हो रही है। इससे स्टेट हाईवे संकरा हो गया है और आवाजाही के लिए बची संकरी पट्टी पर एक साथ कार, बस, ट्रैक्टर-ट्रॉली, बाइक और पैदल राहगीर गुजरने को मजबूर हैं। यह मार्ग कांवड़ यात्रा का प्रमुख रूट है। 30 जुलाई से हजारों कांवड़िये हरिद्वार से गंगाजल लेकर इसी रास्ते से आएंगे पैदल चलने वाले श्रद्धालुओं के लिए अलग लेन तक नहीं है।
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इसमें सबसे बड़ी चिंता यह है कि शुगर मिल से जमना गली अंडरपास तक का हिस्सा प्रशासन की ब्लैक स्पॉट सूची में शामिल है। यहीं पर सबसे ज्यादा दिक्कत है। बीते चार वर्षों में यहां 25 सड़क हादसों में 13 लोग जान गवां चुके हैं। इसके बावजूद सड़क किनारे ट्रकों की पार्किंग और मरम्मत का काम जारी है।
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कई जगह ट्रक सड़क से काफी बाहर तक निकले हुए हैं, जिससे ओवरटेक करने वाले वाहनों को सामने से आने वाले ट्रैफिक का अंदाजा नहीं लग पाता। कांवड़ यात्रा के दौरान इस रोड पर सबसे ज्यादा भीड़ होगी। पैदल के साथ डाक कांवड़ सहित अन्य वाहन भी यहां से निकलेंगे।
चालान के बाद भी नहीं हटे ट्रक
जिला प्रशासन की ओर से पुराना हमीदा स्थित ट्रांसपोर्टर्स को उनके कार्यालय के बाहर पार्किंग व्यवस्था बनाने के आदेश दिए जा चुके हैं। इसके लिए पूर्व में 48 को नोटिस भी दिया था। इसके अलावा यातायात पुलिस की ओर से सड़क पर खड़े 40 से अधिक वाहनों के चालान किए हैं। परंतु इस कार्रवाई का कोई असर नहीं दिख रहा है। सड़क किनारे पर ट्रकों की कतारें पहले की तरह लगी हैं। कई स्थानों पर उन्हें वर्कशॉप की तरह इस्तेमाल किया जा रहा है।
कांवड़ियों के लिए बढ़ेगी चुनौती
हर वर्ष कांवड़ यात्रा के दौरान प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं की सुरक्षा दृष्टि से विशेष यातायात प्लान लागू किया जाता है। इसके लिए विभिन्न स्थानों व मुख्य मार्गों पर रूट बदल दिए जाते हैं, ताकि कांवड़ियों को दिक्कत न हो। परंतु इस मार्ग पर व्यवस्था बनाना पुलिस के लिए परेशानी बन गया है। ऐसे में सहारनपुर-कुरुक्षेत्र रोड से श्रद्धालुओं को भारी वाहनों के बीच से गुजरना पड़ेगा। जाम लगने पर एंबुलेंस और आपातकालीन सेवाओं की आवाजाही भी प्रभावित हो सकती है। वहीं, रात को यह समस्या और भी बढ़ जाएगी।
कांवड़ियों की सुरक्षा व सुखद यात्रा को लेकर पुलिस गंभीर है। सहारनपुर-कुरुक्षेत्र रोड पर विशेष अभियान चलाकर सड़क किनारे खड़े ट्रकों को हटवाया जाएगा। - संदीप कुमार, प्रभारी थाना यातायात पुलिस।