{"_id":"6a0ef6585477c938ec0bb2af","slug":"order-to-release-compensation-amount-after-eight-years-bilaspur-news-c-92-1-ssml1001-160269-2026-05-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bilaspur News: आठ साल बाद मुआवजा राशि जारी करने के आदेश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bilaspur News: आठ साल बाद मुआवजा राशि जारी करने के आदेश
संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर
Updated Thu, 21 May 2026 11:40 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
बीमा कंपनी ने नहीं जताई आपत्ति, एमएसीटी घुमारवीं ने दिए निर्देश
68,612 रुपये अद्यतन ब्याज सहित आवेदक के खाते में होंगे जमा
बैंक विवरण और सत्यापन के बाद जारी होगी राशि
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। करीब आठ साल पुराने मोटर दुर्घटना दावा मामले में मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण (एमएसीटी) घुमारवीं ने लंबित पड़ी मुआवजा राशि जारी करने के आदेश दिए हैं। न्यायाधीश डॉ. मोहित बंसल की अदालत ने राष्ट्रीय बीमा कंपनी की ओर से कोई आपत्ति न आने के बाद यह फैसला सुनाया।
सुनवाई के दौरान नायब नाजिर की रिपोर्ट भी अदालत में पेश की गई। रिपोर्ट के अनुसार एमएसीटी केस बिमला देवी बनाम द प्रिंसिपल हिम सर्वोदय वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल घुमारवीं एवं अन्य में कुल 9,24,662 रुपये जमा हैं। इनमें से 68,612 रुपये की राशि अब तक जारी नहीं की गई थी।
अदालत ने मामले के रिकॉर्ड का अवलोकन करने के बाद कहा कि पूर्व में दिए गए निर्णय के तहत आवेदक को 7.5 प्रतिशत वार्षिक ब्याज सहित मुआवजा देने का आदेश पारित किया जा चुका है। चूंकि बीमा कंपनी की ओर से राशि जारी करने पर कोई आपत्ति नहीं जताई गई, इसलिए अदालत ने लंबित राशि को अद्यतन ब्याज सहित जारी करने के आदेश दिए। अदालत ने निर्देश दिए कि आवश्यक सत्यापन और बैंक खाते का विवरण उपलब्ध करवाने के बाद राशि सीधे आवेदक के खाते में भेजी जाए। आवेदन का निस्तारण करते हुए इसे मुख्य केस फाइल के साथ संलग्न करने के आदेश भी दिए गए।
विज्ञापन
Trending Videos
68,612 रुपये अद्यतन ब्याज सहित आवेदक के खाते में होंगे जमा
बैंक विवरण और सत्यापन के बाद जारी होगी राशि
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। करीब आठ साल पुराने मोटर दुर्घटना दावा मामले में मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण (एमएसीटी) घुमारवीं ने लंबित पड़ी मुआवजा राशि जारी करने के आदेश दिए हैं। न्यायाधीश डॉ. मोहित बंसल की अदालत ने राष्ट्रीय बीमा कंपनी की ओर से कोई आपत्ति न आने के बाद यह फैसला सुनाया।
सुनवाई के दौरान नायब नाजिर की रिपोर्ट भी अदालत में पेश की गई। रिपोर्ट के अनुसार एमएसीटी केस बिमला देवी बनाम द प्रिंसिपल हिम सर्वोदय वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल घुमारवीं एवं अन्य में कुल 9,24,662 रुपये जमा हैं। इनमें से 68,612 रुपये की राशि अब तक जारी नहीं की गई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
अदालत ने मामले के रिकॉर्ड का अवलोकन करने के बाद कहा कि पूर्व में दिए गए निर्णय के तहत आवेदक को 7.5 प्रतिशत वार्षिक ब्याज सहित मुआवजा देने का आदेश पारित किया जा चुका है। चूंकि बीमा कंपनी की ओर से राशि जारी करने पर कोई आपत्ति नहीं जताई गई, इसलिए अदालत ने लंबित राशि को अद्यतन ब्याज सहित जारी करने के आदेश दिए। अदालत ने निर्देश दिए कि आवश्यक सत्यापन और बैंक खाते का विवरण उपलब्ध करवाने के बाद राशि सीधे आवेदक के खाते में भेजी जाए। आवेदन का निस्तारण करते हुए इसे मुख्य केस फाइल के साथ संलग्न करने के आदेश भी दिए गए।