Chamba Road Accidents: चंबा की सड़कों पर मौत का सफर! इन बड़े हादसों ने दहला जिला, उजड़ गए कई परिवार
बरसात और बर्फबारी के दौरान चंबा जिले में भूस्खलन, चट्टानें गिरने और सड़क के फिसलन भरे होने से खतरा कई गुना बढ़ जाता है। जिले के चुराह, तीसा, भरमौर और भटियात जैसे दुर्गम इलाकों में समय-समय पर हुए सड़क हादसों ने कई परिवारों को कभी न भरने वाले जख्म दिए हैं।
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हिमाचल प्रदेश का चंबा जिला अपनी दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों, संकरे और घुमावदार पहाड़ी मार्गों के लिए जाना जाता है। बरसात और बर्फबारी के दौरान यहां भूस्खलन, चट्टानें गिरने और सड़क के फिसलन भरे होने से खतरा कई गुना बढ़ जाता है। जिले के चुराह, तीसा, भरमौर और भटियात जैसे दुर्गम इलाकों में समय-समय पर हुए सड़क हादसों ने कई परिवारों को कभी न भरने वाले जख्म दिए हैं। शनिवार अल सुबह 7:00 बजे तीसा-बैरागढ़ मार्ग पर हुए बस हादसे ने एक बार फिर इन खतरनाक पहाड़ी सड़कों की हकीकत सामने ला दी। निजी बस बैरागढ़-तीसा मार्ग पर दुर्घटनाग्रस्त होकर नीचे दूसरी सड़क पर जा गिरी। हादसे में सात लोगों की मौत हुई, जबकि 11 लोग घायल हो गए। छह लोग मेडिकल कॉलेज चंबा और पांच लोग तीसा अस्पताल में उपचाराधीन हैं।
चंबा में कब-कब हुए बड़े हादसे
इससे पूर्व मई 2026 के आखिर में चुराह क्षेत्र के बैरागढ़-साच पास-किलाड़ मार्ग पर कालाबन के पास पर्यटक टैक्सी गहरी खाई में जा गिरी। हादसे में चालक समेत आठ लोगों की मौत हो गई। वाहन में कर्नाटक और अन्य स्थानों से आए पर्यटक सवार थे। टैक्सी साच पास से बैरागढ़ की ओर आ रही थी और कालाबन के तीखे मोड़ के पास हादसे का शिकार हुई। वाहन करीब 500 मीटर गहरी खाई में जा गिरा। खराब मौसम और बेहद दुर्गम भूभाग के कारण राहत-बचाव अभियान भी चुनौतीपूर्ण रहा। वहीं, 18 जून 2026 को चंबा-मसरूंड मार्ग पर माणी जीरो पॉइंट के पास एक बोलेरो करीब 500 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। हादसे में चालक समेत सात लोगों की मौत हो गई। वाहन में सवार लोग मुंडन संस्कार में शामिल होकर वापस लौट रहे थे। मृतकों में एक ही परिवार के छह सदस्य शामिल थे।
7 अगस्त 2025 की रात चुराह उपमंडल के भंजराडू-शहवा-भड़कवास मार्ग पर एक कार पर अचानक चट्टान आ गिरी। इसके बाद कार करीब 500 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। हादसे में छह लोगों की मौत हो गई। मृतकों में एक परिवार के सदस्य भी शामिल थे। पुलिस के अनुसार हादसे के दौरान वाहन पर चट्टान गिरने से चालक का नियंत्रण बिगड़ा और कार खाई में जा गिरी। 24 जुलाई 2026 को कडू नाला के पास टाटा सूमो पर भारी चट्टान गिरने से 13 लोगों की मौत हो गई और दो लोग घायल हुए। वाहन कुल्लू से पांगी की ओर जा रहा था और उसमें पांगी क्षेत्र के लोग सवार थे। उधर, पुलिस अधीक्षक विजय सकलानी ने कहा कि सड़क दुर्घटना में वाहन अनियंत्रित होना, मानवीय भूल और लापरवाही ही मुख्य वजह रहती है। उन्होंने लोगों से बरसात के दौरान अत्यंत आवश्यक होने पर ही यात्रा करने, वाहन सावधानी से चलाने और सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करने की अपील की।