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खिलौनों से दर्शाई केरल की संस्कृति
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केंद्रीय विद्यालय हमीरपुर में खिलौनों के माध्यम से दर्शाई गई केरल की संस्कृति।
- फोटो : Hamirpur-HP
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हमीरपुर। केंद्रीय विद्यालय हमीरपुर में एक भारत श्रेष्ठ भारत कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान केरल की संस्कृति पर आधारित खिलौना बनाने की प्रतियोगिता और प्रदर्शनी का आयोजन किया गया।
इस प्रतियोगिता में सातवीं, आठवीं और नवमी के 46 विद्यार्थियों ने भाग लिया। विद्यार्थियों ने नारियल शेल, प्लास्टिक की वस्तुओं, क्ले और अपशिष्ट पदार्थों से केरल की संस्कृति को उजागर करते हुए कथकली डांस डॉल, रोबोटिक आर्म, कोकोनट शेल डॉल, बंबू बॉस्केट, शेल हाउस, कोकोनट पेन स्टैंड, फेस मास्क, केरला डॉल और केरल बीच आदि खिलौने बनाए।
यह खिलौने विद्यालय के अध्यापिका सीमा, वंदना, सोनिका और कमल के मार्गदर्शन से विद्यार्थियों ने तैयार किए। केरल की संस्कृति को दर्शाती इस प्रदर्शनी में विद्यालय प्राधानाचार्य सुनील चौहान ने मुख्य अतिथि के रूप में अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई। उन्होंने सभी खिलौनों का अवलोकन किया और विद्यार्थियों की बनाई गई इन कृतियों की सराहना की।
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इस प्रतियोगिता में सातवीं, आठवीं और नवमी के 46 विद्यार्थियों ने भाग लिया। विद्यार्थियों ने नारियल शेल, प्लास्टिक की वस्तुओं, क्ले और अपशिष्ट पदार्थों से केरल की संस्कृति को उजागर करते हुए कथकली डांस डॉल, रोबोटिक आर्म, कोकोनट शेल डॉल, बंबू बॉस्केट, शेल हाउस, कोकोनट पेन स्टैंड, फेस मास्क, केरला डॉल और केरल बीच आदि खिलौने बनाए।
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यह खिलौने विद्यालय के अध्यापिका सीमा, वंदना, सोनिका और कमल के मार्गदर्शन से विद्यार्थियों ने तैयार किए। केरल की संस्कृति को दर्शाती इस प्रदर्शनी में विद्यालय प्राधानाचार्य सुनील चौहान ने मुख्य अतिथि के रूप में अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई। उन्होंने सभी खिलौनों का अवलोकन किया और विद्यार्थियों की बनाई गई इन कृतियों की सराहना की।
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