हिमाचल निकाय चुनाव: मतदान के लिए दिखा युवा जोश.. बदला चुनावी माहौल
वोट डालने के लिए खड़े फर्स्ट टाइम वोटरों के गजब के उत्साह ने इस बार लोकतंत्र के महापर्व को बेहद खास बना दिया है।
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हिमाचल प्रदेश के शहरी निकाय चुनाव में इस बार बदलाव की कमान पूरी तरह युवा शक्ति के हाथों में नजर आ रही है। वोट डालने के लिए खड़े फर्स्ट टाइम वोटरों के गजब के उत्साह ने इस बार लोकतंत्र के महापर्व को बेहद खास बना दिया है। राज्य निर्वाचन आयोग की अंतिम मतदाता सूची के मुताबिक 1,808 पहली बार मतदान करने वाले वोटर दर्ज हुए थे। प्रदेशभर के कुल 3,60,859 मतदाता निकायों की नई सरकार का राजनीतिक भविष्य तय करेंगे। जिलावार आंकड़ों में जहां कांगड़ा 1,00,884 मतदाताओं के साथ सबसे बड़ा गढ़ बनकर उभरा है, वहीं हमीरपुर में सबसे कम 6,837 वोटर पंजीकृत हैं। आधी आबादी (1,79,882 महिला मतदाता) और पहली बार वोट करने जा रहे युवाओं की यह रिकॉर्ड सक्रियता साफ संकेत दे रही है कि इस बार शहरों की सरकार चुनने में नई पीढ़ी की उम्मीदें और मुद्दे सबसे आगे रहने वाले हैं।
क्या बोले युवा मतदाता
मैंने पहली बार वोट डाला है और यह मेरे लिए बहुत खास अनुभव रहा। मैंने ऐसे उम्मीदवार को चुना जो लोगों के बीच रहकर उनकी समस्याओं को समझता हो। मेरे लिए ईमानदारी और विकास सबसे महत्वपूर्ण रहे। मैं चाहती हूं कि वार्ड में साफ-सफाई और महिलाओं के लिए बेहतर सुविधाएं बढ़ें।- वनिशा शामा, घुमारवीं
मैंने पहली बार वोट डाला है और मतदान करने के बाद मुझे गर्व महसूस हुआ। उम्मीदवार का चयन उसके व्यवहार और जनता के प्रति सोच को देखकर किया।- दिव्या ज्योति, घुमारवीं
पहली बार मतदान करने पोलिंग बूथ पहुंची हूं। मतदान के बाद एक जिम्मेदार व गौरवान्वित होने वाली अनुभूति महसूस हो रही है। आज पहली बार लोकतंत्र के महापर्व में भाग लिया है। मतदान करके बेहद खुशी हो रही है। बेहतर नगर निकाय चुनने का लोकतंत्र में यह सुनहरा पल है। सभी को बढ़-चढ़कर मतदान करना चाहिए।- हरप्रीत कौर, पांवटा साहिब
मतदान कर अपना दायित्व निभा दिया है, अब बारी प्रत्याशियों की है। चुने हुए प्रत्याशियों को युवाओं के लिए रोजगार के बारे में सोचना होगा। - अस्मित चौधरी, वार्ड नंबर सात, भोटा