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केंद्र से उठाएंगे वाहनों की फिटनेस जांच की मुद्दा : केवल
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-आरटीओ और एमवीआई के माध्यम से सुविधा जारी रखने की मांग की जाएगी
-जिले के टैक्सी, बस, ट्रक और ऑटो ऑपरेटर यूनियन के पदाधिकारियों के साथ की बैठक
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अमर उजाला ब्यूरो
धर्मशाला। उप मुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया ने कहा कि कांगड़ा जिले में क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (आरटीओ) तथा मोटर वाहन निरीक्षक (एमवीआई) के माध्यम से भी व्यावसायिक वाहनों के फिटनेस टेस्ट की सुविधा जारी रखने की मांग केंद्र के समक्ष उठाई जाएगी। इस संबंध में शीघ्र ही कांगड़ा जिले के टैक्सी, बस, ट्रक और ऑटो ऑपरेटर की मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के साथ बैठक करवाई जाएगी।
धर्मशाला के परिधि गृह में कांगड़ा जिले के टैक्सी, बस, ट्रक और ऑटो ऑपरेटर यूनियन के पदाधिकारियों के साथ आयोजित बैठक में उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने ऑपरेटरों के हितों को ध्यान में रखते हुए ही सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय से सुविधा जारी रखने की अनुमति मांगी है। पहाड़ी राज्यों की व्यावहारिक कठिनाइयों को ध्यान में रखते हुए मामला उठाया गया है। प्रदेश के सभी भाजपा सांसदों को भी इस मामले की पैरवी करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने ही वाहनों की फिटनेस टेस्टिंग (जांच) अब एटीएस के माध्यम से करनी अनिवार्य की है।
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-जिले के टैक्सी, बस, ट्रक और ऑटो ऑपरेटर यूनियन के पदाधिकारियों के साथ की बैठक
अमर उजाला ब्यूरो
धर्मशाला। उप मुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया ने कहा कि कांगड़ा जिले में क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (आरटीओ) तथा मोटर वाहन निरीक्षक (एमवीआई) के माध्यम से भी व्यावसायिक वाहनों के फिटनेस टेस्ट की सुविधा जारी रखने की मांग केंद्र के समक्ष उठाई जाएगी। इस संबंध में शीघ्र ही कांगड़ा जिले के टैक्सी, बस, ट्रक और ऑटो ऑपरेटर की मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के साथ बैठक करवाई जाएगी।
धर्मशाला के परिधि गृह में कांगड़ा जिले के टैक्सी, बस, ट्रक और ऑटो ऑपरेटर यूनियन के पदाधिकारियों के साथ आयोजित बैठक में उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने ऑपरेटरों के हितों को ध्यान में रखते हुए ही सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय से सुविधा जारी रखने की अनुमति मांगी है। पहाड़ी राज्यों की व्यावहारिक कठिनाइयों को ध्यान में रखते हुए मामला उठाया गया है। प्रदेश के सभी भाजपा सांसदों को भी इस मामले की पैरवी करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने ही वाहनों की फिटनेस टेस्टिंग (जांच) अब एटीएस के माध्यम से करनी अनिवार्य की है।
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