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Mandi News: मजदूरों और किसानों की मांगों पर सीटू का प्रदर्शन
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एसडीएम सरकाघाट के माध्यम राष्ट्रपति को भेजा ज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
सरकाघाट (मंडी)। हिमाचल किसान सभा और विभिन्न जन संगठनों ने सोमवार को अपनी मांगों के संबंध में सरकाघाट में प्रदर्शन किया। इस दौरान संगठनों के प्रतिनिधियों ने एसडीएम के माध्यम से राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को मांग पत्र भेजा, जिसमें मजदूर, किसान और आम जनता से जुड़े गंभीर मुद्दों के समाधान की मांग की गई।
ज्ञापन में मुख्य रूप से मजदूर विरोधी चारों लेबर कोड्स को तुरंत वापस लेने सहित सभी श्रमिकों के लिए 42,000 प्रति माह वैधानिक न्यूनतम वेतन तय करने की मांग की। संगठनों ने मनरेगा को सुदृढ़ करते हुए प्रतिवर्ष न्यूनतम 200 दिनों के रोजगार की गारंटी और 700 प्रतिदिन मजदूरी देने की पैरवी की। इसके अलावा विद्युत निजीकरण विधेयक 2025, बीज विधेयक 2025 और राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम में प्रस्तावित संशोधनों को रद करने के साथ-साथ जबरन स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया पर रोक लगाने की मांग की। इस अवसर पर मानसिंह, ऋत्विक, सुरेश शर्मा, सुरेश सनी, प्रॉमिला, रोशनी, भगवानदास और दिनेश सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
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संवाद न्यूज एजेंसी
सरकाघाट (मंडी)। हिमाचल किसान सभा और विभिन्न जन संगठनों ने सोमवार को अपनी मांगों के संबंध में सरकाघाट में प्रदर्शन किया। इस दौरान संगठनों के प्रतिनिधियों ने एसडीएम के माध्यम से राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को मांग पत्र भेजा, जिसमें मजदूर, किसान और आम जनता से जुड़े गंभीर मुद्दों के समाधान की मांग की गई।
ज्ञापन में मुख्य रूप से मजदूर विरोधी चारों लेबर कोड्स को तुरंत वापस लेने सहित सभी श्रमिकों के लिए 42,000 प्रति माह वैधानिक न्यूनतम वेतन तय करने की मांग की। संगठनों ने मनरेगा को सुदृढ़ करते हुए प्रतिवर्ष न्यूनतम 200 दिनों के रोजगार की गारंटी और 700 प्रतिदिन मजदूरी देने की पैरवी की। इसके अलावा विद्युत निजीकरण विधेयक 2025, बीज विधेयक 2025 और राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम में प्रस्तावित संशोधनों को रद करने के साथ-साथ जबरन स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया पर रोक लगाने की मांग की। इस अवसर पर मानसिंह, ऋत्विक, सुरेश शर्मा, सुरेश सनी, प्रॉमिला, रोशनी, भगवानदास और दिनेश सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
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