Kinnaur Kailash Yatra: पूर्बनी के रास्ते पहले दिन 36 शिव भक्त किन्नौर कैलाश यात्रा के लिए हुए रवाना
सभी यात्रियों को पूर्बनी में आॅफलाइन पंजीकरण करवाना होगा और यहीं उनकी मेडिकल जांच भी होगी। पूर्बनी के रास्ते भी यह यात्रा दो दिन में पूरी होगी। पूर्बनी के बाद अगले बेसकैंप डंगलेनदेन में चिकित्सकों की सुविधा उपलब्ध रहेगी और यात्रियों के ठहरने की भी यहीं व्यवस्था रहेगी।
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किन्नौर जिले की प्रसिद्ध किन्नौर कैलाश यात्रा अब पूर्बनी मार्ग से शुरू हो गई है। सोमवार को इस मार्ग से यात्रा पर श्रद्धालुओं का पहला जत्था रवाना हुआ। पहले दिन यात्रा पर कुल 36 यात्री रवाना हुए। भोले शंकर के जयकारों के साथ बेस कैंप पूर्बनी से शिवभक्त किन्नौर कैलाश के दर्शन को रवाना हुए। जिला प्रशासन ने इस यात्रा को एक सप्ताह तक चलाने का निर्णय लिया है। यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं को पूर्बनी में ऑफलाइन पंजीकरण और मेडिकल जांच के बाद रवाना किया जा रहा है।
19,850 फीट की ऊंचाई पर स्थित किन्नौर कैलाश के लिए पूर्बनी के रास्ते दूसरे चरण की यात्रा सोमवार से शुरू हुई। जिला प्रशासन ने यह यात्रा 17 से 23 अगस्त तक चलाने का निर्णय लिया है। श्रद्धालुओं के लिए पूर्बनी में बेस कैंप स्थापित किया गया है। यात्रा पर हर दिन 50 श्रद्धालुओं को ही जाने की मंजूरी रहेगी। सभी यात्रियों को पूर्बनी में आॅफलाइन पंजीकरण करवाना होगा और यहीं उनकी मेडिकल जांच भी होगी। पूर्बनी के रास्ते भी यह यात्रा दो दिन में पूरी होगी। पूर्बनी के बाद अगले बेसकैंप डंगलेनदेन में चिकित्सकों की सुविधा उपलब्ध रहेगी और यात्रियों के ठहरने की भी यहीं व्यवस्था रहेगी।
सोमवार से पूर्बनी मार्ग होते हुए किन्नौर कैलाश यात्रा शुरू की गई है, जो 23 अगस्त तक चलेगी। पूर्बनी बस अड्डे के समीप यात्रियों के लिए फिटनेस प्रमाणपत्र बनाने की सुविधा दी जा रही है।
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--प्रवीण भारद्वाज, किन्नौर कैलाश यात्रा आयोजन समिति के अध्यक्ष एवं एसडीएम कल्पा