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Rampur Bushahar News: जुबड़ी जोधपुर में गूंजा लोक संस्कृति का रण, ठोडा दलों ने कला, फुर्ती से किया मनोरंजन
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मुख्य अतिथि राजेश गुप्ता, मेला कमेटी और ठोडा दल नगायक को सम्मानित करते हुए। संवाद
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रस्साकशी में कथोग की महिला टीम ने पहला स्थान हासिल किया
तीन दिवसीय बिशु ठोडा मेला भव्य रूप से संपन्न
सुनील ग्रोवर
ठियोग (रामपुर बुशहर)। ठियोग के देवरीघाट पंचायत के खगालद परगने के जोधपुर की जुबड़ी में तीन दिवसीय पारंपरिक बिशु ठोडा मेला संपन्न हो गया। महाभारतकाल से जुड़ी इस अनूठी परंपरा ने एक बार फिर क्षेत्रवासियों को अपनी जड़ों से जोड़ते हुए मेले को ऐतिहासिक बना दिया। मेले में ठोडा खेल ने लोगों का मनोरंजन किया। इसमें खिलाड़ियों ने धनुष-बाण के साथ अपने तीखे व्यंग्य बाणों से भी विपक्षी दलों को ललकारा। फागू के फगाणै और बल्सन के नगायक ठोडा दलों ने मैदान में उतरकर अपनी कला, फुर्ती और परंपरागत अंदाज से दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया। हर प्रहार के साथ गूंजते लोकगीत और तंज भरे संवादों ने माहौल को जीवंत बनाए रखा। इस आयोजन में करीब 2,000 लोगों की भीड़ उमड़ी। बीच-बीच में बारिश ने जरूर खलल डाला, लेकिन लोगों का उत्साह जरा भी कम नहीं हुआ। खासकर, महिलाओं की रस्साकशी प्रतियोगिता का फाइनल बारिश के बीच ही आयोजित हुआ, जहां छतरियों के नीचे डटे दर्शकों ने खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाया। रस्साकशी में कथोग की महिला टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पहला स्थान हासिल किया, जबकि बासठ व्योग की टीम दूसरे स्थान पर रही। प्रतियोगिता ने महिला शक्ति और सामूहिकता का बेहतरीन उदाहरण पेश किया। मेले में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे राजेश गुप्ता ने विजेताओं को सम्मानित किया। उन्होंने सभी महिला मंडलों को 2,100 रुपये, मेला कमेटी को एक लाख रुपये की सहायता प्रदान की और ठोडा दलों को 11-11 हजार रुपये देने की घोषणा की। कार्यक्रम की मुख्य आकर्षण यशिका रहीं। यशिका ने नशे के खिलाफ अपने प्रभावशाली भाषण से सभी को जागरूक किया। उनके इस सराहनीय प्रयास के लिए मुख्य अतिथि ने उन्हें दो हजार रुपये का नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया। मेला कमेटी के प्रधान भूपेंद्र वेक्टा ने आयोजन की सफलता पर खुशी जताते हुए सभी खिलाड़ियों, दर्शकों और मुख्य अतिथि का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन हमारी समृद्ध लोक संस्कृति को जीवित रखने में अहम भूमिका निभाते हैं। संवाद
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तीन दिवसीय बिशु ठोडा मेला भव्य रूप से संपन्न
सुनील ग्रोवर
ठियोग (रामपुर बुशहर)। ठियोग के देवरीघाट पंचायत के खगालद परगने के जोधपुर की जुबड़ी में तीन दिवसीय पारंपरिक बिशु ठोडा मेला संपन्न हो गया। महाभारतकाल से जुड़ी इस अनूठी परंपरा ने एक बार फिर क्षेत्रवासियों को अपनी जड़ों से जोड़ते हुए मेले को ऐतिहासिक बना दिया। मेले में ठोडा खेल ने लोगों का मनोरंजन किया। इसमें खिलाड़ियों ने धनुष-बाण के साथ अपने तीखे व्यंग्य बाणों से भी विपक्षी दलों को ललकारा। फागू के फगाणै और बल्सन के नगायक ठोडा दलों ने मैदान में उतरकर अपनी कला, फुर्ती और परंपरागत अंदाज से दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया। हर प्रहार के साथ गूंजते लोकगीत और तंज भरे संवादों ने माहौल को जीवंत बनाए रखा। इस आयोजन में करीब 2,000 लोगों की भीड़ उमड़ी। बीच-बीच में बारिश ने जरूर खलल डाला, लेकिन लोगों का उत्साह जरा भी कम नहीं हुआ। खासकर, महिलाओं की रस्साकशी प्रतियोगिता का फाइनल बारिश के बीच ही आयोजित हुआ, जहां छतरियों के नीचे डटे दर्शकों ने खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाया। रस्साकशी में कथोग की महिला टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पहला स्थान हासिल किया, जबकि बासठ व्योग की टीम दूसरे स्थान पर रही। प्रतियोगिता ने महिला शक्ति और सामूहिकता का बेहतरीन उदाहरण पेश किया। मेले में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे राजेश गुप्ता ने विजेताओं को सम्मानित किया। उन्होंने सभी महिला मंडलों को 2,100 रुपये, मेला कमेटी को एक लाख रुपये की सहायता प्रदान की और ठोडा दलों को 11-11 हजार रुपये देने की घोषणा की। कार्यक्रम की मुख्य आकर्षण यशिका रहीं। यशिका ने नशे के खिलाफ अपने प्रभावशाली भाषण से सभी को जागरूक किया। उनके इस सराहनीय प्रयास के लिए मुख्य अतिथि ने उन्हें दो हजार रुपये का नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया। मेला कमेटी के प्रधान भूपेंद्र वेक्टा ने आयोजन की सफलता पर खुशी जताते हुए सभी खिलाड़ियों, दर्शकों और मुख्य अतिथि का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन हमारी समृद्ध लोक संस्कृति को जीवित रखने में अहम भूमिका निभाते हैं। संवाद
