{"_id":"69b7e24e2957a90b100de86b","slug":"shortage-of-doctors-in-kumarsain-hospital-rampur-hp-news-c-178-1-ssml1034-156154-2026-03-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rampur Bushahar News: कुमारसैन अस्पताल में चिकित्सकों की कमी, स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rampur Bushahar News: कुमारसैन अस्पताल में चिकित्सकों की कमी, स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित
विज्ञापन
विज्ञापन
. मरीजों को समय पर नहीं मिल पा रही उचित स्वास्थ्य सुविधा
. चेताया-31 मार्च तक पदों को नहीं भरा, तो जाएंगे कोर्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
कुमारसैन (रामपुर बुशहर)। उपमंडल कुमारसैन का सिविल अस्पताल चिकित्सकों की कमी से जूझ रहा है। इस कारण स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। अस्पताल में चिकित्सकों के कई पद लंबे समय से खाली पड़े हैं, जिससे मरीजों को उपचार के लिए काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है। अस्पताल में पर्याप्त चिकित्सकों की नियुक्ति न होने के कारण मरीजों को उपचार के लिए शिमला और अन्य बड़े अस्पतालों का रुख करना पड़ रहा है। सिविल अस्पताल कुमारसैन में चिकित्सकों के कुल चार पद स्वीकृत हैं, जिनमें से एक नियमित चिकित्सक ही तैनात है, जबकि दूसरे चिकित्सक को अतिरिक्त जिम्मेदारी दी गई है। इसके अलावा खंड चिकित्सा अधिकारी (बीएमओ) का पद तीन साल से खाली पड़ा है, जिससे प्रशासनिक कार्यों के साथ-साथ स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन पर भी असर पड़ रहा है। एक ही डॉक्टर पर अधिक मरीजों का दबाव पड़ रहा है। इस कारण मरीजों को उचित समय पर उपचार मिलना कठिन हो रहा है। खासकर, दूरदराज के ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोगों का कहना है कि अस्पताल में डॉक्टरों की कमी के बावजूद सरकार ने इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया है। लोगों और सामाजिक संगठनों ने सरकार से मांग की है कि सिविल अस्पताल कुमारसैन में खाली पड़े चिकित्सकों के पदों को जल्द भरा जाए। चेतावनी दी है कि यदि 31 मार्च तक चिकित्सकों की नियुक्ति नहीं हुई, तो इस मुद्दे को लेकर न्यायालय का दरवाजा खटखटाने पर मजबूर होंगे। उधर, कार्यकारी बीएमओ कुमारसैन डॉ. अंकुश ठाकुर ने कहा कि स्टाफ की कमी के चलते मरीज को हरसंभव स्वास्थ्य सुविधाएं दी जा रही हैं।
Trending Videos
. चेताया-31 मार्च तक पदों को नहीं भरा, तो जाएंगे कोर्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
कुमारसैन (रामपुर बुशहर)। उपमंडल कुमारसैन का सिविल अस्पताल चिकित्सकों की कमी से जूझ रहा है। इस कारण स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। अस्पताल में चिकित्सकों के कई पद लंबे समय से खाली पड़े हैं, जिससे मरीजों को उपचार के लिए काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है। अस्पताल में पर्याप्त चिकित्सकों की नियुक्ति न होने के कारण मरीजों को उपचार के लिए शिमला और अन्य बड़े अस्पतालों का रुख करना पड़ रहा है। सिविल अस्पताल कुमारसैन में चिकित्सकों के कुल चार पद स्वीकृत हैं, जिनमें से एक नियमित चिकित्सक ही तैनात है, जबकि दूसरे चिकित्सक को अतिरिक्त जिम्मेदारी दी गई है। इसके अलावा खंड चिकित्सा अधिकारी (बीएमओ) का पद तीन साल से खाली पड़ा है, जिससे प्रशासनिक कार्यों के साथ-साथ स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन पर भी असर पड़ रहा है। एक ही डॉक्टर पर अधिक मरीजों का दबाव पड़ रहा है। इस कारण मरीजों को उचित समय पर उपचार मिलना कठिन हो रहा है। खासकर, दूरदराज के ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोगों का कहना है कि अस्पताल में डॉक्टरों की कमी के बावजूद सरकार ने इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया है। लोगों और सामाजिक संगठनों ने सरकार से मांग की है कि सिविल अस्पताल कुमारसैन में खाली पड़े चिकित्सकों के पदों को जल्द भरा जाए। चेतावनी दी है कि यदि 31 मार्च तक चिकित्सकों की नियुक्ति नहीं हुई, तो इस मुद्दे को लेकर न्यायालय का दरवाजा खटखटाने पर मजबूर होंगे। उधर, कार्यकारी बीएमओ कुमारसैन डॉ. अंकुश ठाकुर ने कहा कि स्टाफ की कमी के चलते मरीज को हरसंभव स्वास्थ्य सुविधाएं दी जा रही हैं।