{"_id":"6a201e60cb3d55d424060dfc","slug":"kisaan-jagrukta-in-dhaulakunwa-nahan-news-c-177-1-nhn1001-180039-2026-06-03","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sirmour News: सिरमौर में नकली कीटनाशकों की पहचान बताएंगे विशेषज्ञ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sirmour News: सिरमौर में नकली कीटनाशकों की पहचान बताएंगे विशेषज्ञ
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
सिरमौर में एक जून से खेत बचाओ अभियान शुरू
-किसानों को संतुलित खाद के उपयोग और रासायनिक खादों का प्रयोग कम करने के लिए किया जाएगा प्रेरित
संवाद न्यूज एजेंसी
धौलाकुआं (सिरमौर)। केंद्र सरकार ने किसानों को आधुनिक खेती सिखाने और नकली कीटनाशकों से बचाने के लिए ‘खेत बचाओ अभियान’ शुरू किया है। यह अभियान एक से 30 जून तक सिरमौर जिले में चलेगा। इसके तहत कृषि वैज्ञानिक और अधिकारी सीधे खेतों में जाकर किसानों से संवाद करेंगे। अभियान का मुख्य उद्देश्य किसानों को खेती में आने वाली व्यावहारिक दिक्कतों से बचाना है। अक्सर बाजार में मिलने वाले नकली कीटनाशकों से फसलें बर्बाद हो जाती हैं। इससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। अभियान के दौरान विशेषज्ञ किसानों को असली और नकली कीटनाशकों की पहचान करने के तरीके बताएंगे।
कृषि विज्ञान केंद्र के प्रभारी डॉ. पंकज मित्तल ने बताया कि विशेषज्ञों की टीम सीधे खेतों में जाएगी। वे किसानों को खाद की सही मात्रा और अनुपात की सटीक जानकारी देगी। किसानों को संतुलित खाद के उपयोग और रासायनिक खादों का प्रयोग कम करने के लिए प्रेरित किया जाएगा। प्राकृतिक खेती अपनाने पर भी जोर दिया जाएगा।
--
प्राकृतिक खेती और मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन
डॉ. पंकज मित्तल ने किसानों से अपील की है कि वे अपनी मर्जी से रसायनों का इस्तेमाल न करें। उन्हें हमेशा कृषि विशेषज्ञों की राय पर ही इनका प्रयोग करना चाहिए। यह अभियान किसानों की आय बढ़ाने और उनकी लागत कम करने में सहायक होगा। अभियान का उद्देश्य मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन और उर्वरकों के संतुलित उपयोग को बढ़ावा देना भी है।
विज्ञापन
--
उर्वरकों के संतुलित उपयोग पर प्रशिक्षण
कृषि विज्ञान केंद्र की वैज्ञानिक शिवाली धीमान ने बताया कि किसानों को उर्वरकों के संतुलित उपयोग का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसमें हरी खाद और जैविक तथा जैव-आधारित कृषि आदानों के उपयोग संबंधी जानकारी शामिल होगी। इससे किसानों की क्षमता विकसित होगी। अभियान सतत कृषि पद्धतियों को अपनाने पर भी केंद्रित है।
-किसानों को संतुलित खाद के उपयोग और रासायनिक खादों का प्रयोग कम करने के लिए किया जाएगा प्रेरित
संवाद न्यूज एजेंसी
धौलाकुआं (सिरमौर)। केंद्र सरकार ने किसानों को आधुनिक खेती सिखाने और नकली कीटनाशकों से बचाने के लिए ‘खेत बचाओ अभियान’ शुरू किया है। यह अभियान एक से 30 जून तक सिरमौर जिले में चलेगा। इसके तहत कृषि वैज्ञानिक और अधिकारी सीधे खेतों में जाकर किसानों से संवाद करेंगे। अभियान का मुख्य उद्देश्य किसानों को खेती में आने वाली व्यावहारिक दिक्कतों से बचाना है। अक्सर बाजार में मिलने वाले नकली कीटनाशकों से फसलें बर्बाद हो जाती हैं। इससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। अभियान के दौरान विशेषज्ञ किसानों को असली और नकली कीटनाशकों की पहचान करने के तरीके बताएंगे।
कृषि विज्ञान केंद्र के प्रभारी डॉ. पंकज मित्तल ने बताया कि विशेषज्ञों की टीम सीधे खेतों में जाएगी। वे किसानों को खाद की सही मात्रा और अनुपात की सटीक जानकारी देगी। किसानों को संतुलित खाद के उपयोग और रासायनिक खादों का प्रयोग कम करने के लिए प्रेरित किया जाएगा। प्राकृतिक खेती अपनाने पर भी जोर दिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
प्राकृतिक खेती और मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन
डॉ. पंकज मित्तल ने किसानों से अपील की है कि वे अपनी मर्जी से रसायनों का इस्तेमाल न करें। उन्हें हमेशा कृषि विशेषज्ञों की राय पर ही इनका प्रयोग करना चाहिए। यह अभियान किसानों की आय बढ़ाने और उनकी लागत कम करने में सहायक होगा। अभियान का उद्देश्य मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन और उर्वरकों के संतुलित उपयोग को बढ़ावा देना भी है।
Trending Videos
उर्वरकों के संतुलित उपयोग पर प्रशिक्षण
कृषि विज्ञान केंद्र की वैज्ञानिक शिवाली धीमान ने बताया कि किसानों को उर्वरकों के संतुलित उपयोग का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसमें हरी खाद और जैविक तथा जैव-आधारित कृषि आदानों के उपयोग संबंधी जानकारी शामिल होगी। इससे किसानों की क्षमता विकसित होगी। अभियान सतत कृषि पद्धतियों को अपनाने पर भी केंद्रित है।