{"_id":"6a67497758a6f4a1b707098f","slug":"no-drainage-plan-for-the-pgi-satellite-centre-complex-una-news-c-93-1-ssml1047-200143-2026-07-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Una News: पीजीआई सेटेलाइट सेंटर परिसर के लिए ड्रेनेज की नहीं कोई योजना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Una News: पीजीआई सेटेलाइट सेंटर परिसर के लिए ड्रेनेज की नहीं कोई योजना
Tue, 28 Jul 2026 08:34 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
Updated Tue, 28 Jul 2026 08:34 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ऊना। क्षेत्र के बहुप्रतीक्षित पीजीआई सेटेलाइट सेंटर परिसर में ड्रेनेज व्यवस्था सबसे बड़ी बाधा बनकर उभरी है। सेंटर परिसर के आसपास वर्षा जल की निकासी के लिए अब तक कोई ठोस योजना तैयार नहीं हो सकी है। नतीजतन हर बारिश में पानी निर्माणाधीन परिसर में घुस रहा है जिससे निर्माण कार्य प्रभावित हो रहा है।
बारिश के दौरान परिसर में जलभराव की स्थिति बनने से निर्माण एजेंसी को काम रोकना पड़ रहा है। इससे परियोजना की रफ्तार धीमी हो गई है। ड्रेनेज व्यवस्था नहीं बनने के कारण भवन और अन्य निर्माण कार्यों पर भी प्रतिकूल असर पड़ रहा है। स्थिति का सीधा असर सेंटर में ओपीडी सेवाएं शुरू करने की योजना पर भी पड़ रहा है। पहले भी कई बार ओपीडी शुरू करने का लक्ष्य तय किया गया लेकिन निर्माण कार्य समय पर पूरा न होने के कारण इसे टालना पड़ा। अब ड्रेनेज व्यवस्था का समाधान नहीं होने से ओपीडी शुरू होने की उम्मीदों को एक बार फिर झटका लगा है। पीजीआई सेटेलाइट सेंटर से जिला ऊना सहित आसपास के क्षेत्रों के हजारों मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलने की उम्मीद है। ऐसे में निर्माण कार्य में आ रही बाधाओं को जल्द दूर करना जरूरी है। लोगों ने मांग की है कि परिसर के लिए स्थायी ड्रेनेज योजना तैयार कर वर्षा जल निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए ताकि निर्माण कार्य समय पर पूरा हो सके और सेंटर में जल्द स्वास्थ्य सेवाएं शुरू की जा सकें।
पीजीआई सेटेलाइट सेंटर के लिए बिजली, पानी, सड़क की सुविधा मुहैया करवाने का कार्य प्रदेश सरकार की तरफ से किया जाना है। अब ड्रेनेज को लेकर भी प्रदेश सरकार से समक्ष मांग को उठाया गया है। इस पर अभी प्रदेश सरकार ने कोई प्रक्रिया शुरू नहीं की है। साथ ही एसटीपी और ईटीपी प्लांट को लेकर अभी करीब एक करोड़ रुपये की राशि मिलना शेष है।
विज्ञापन
पीजीआई सेटेलाइट सेंटर परिसर के आसपास ड्रेनेज निर्माण को लेकर प्रदेश सरकार से मंजूरी मांगी गई है। मंजूरी के बाद ही आगामी प्रक्रिया शुरू हो पाएगी।
-अभिषेक मित्तल, एसडीएम ऊना
विज्ञापन
बारिश के दौरान परिसर में जलभराव की स्थिति बनने से निर्माण एजेंसी को काम रोकना पड़ रहा है। इससे परियोजना की रफ्तार धीमी हो गई है। ड्रेनेज व्यवस्था नहीं बनने के कारण भवन और अन्य निर्माण कार्यों पर भी प्रतिकूल असर पड़ रहा है। स्थिति का सीधा असर सेंटर में ओपीडी सेवाएं शुरू करने की योजना पर भी पड़ रहा है। पहले भी कई बार ओपीडी शुरू करने का लक्ष्य तय किया गया लेकिन निर्माण कार्य समय पर पूरा न होने के कारण इसे टालना पड़ा। अब ड्रेनेज व्यवस्था का समाधान नहीं होने से ओपीडी शुरू होने की उम्मीदों को एक बार फिर झटका लगा है। पीजीआई सेटेलाइट सेंटर से जिला ऊना सहित आसपास के क्षेत्रों के हजारों मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलने की उम्मीद है। ऐसे में निर्माण कार्य में आ रही बाधाओं को जल्द दूर करना जरूरी है। लोगों ने मांग की है कि परिसर के लिए स्थायी ड्रेनेज योजना तैयार कर वर्षा जल निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए ताकि निर्माण कार्य समय पर पूरा हो सके और सेंटर में जल्द स्वास्थ्य सेवाएं शुरू की जा सकें।
विज्ञापन
पीजीआई सेटेलाइट सेंटर के लिए बिजली, पानी, सड़क की सुविधा मुहैया करवाने का कार्य प्रदेश सरकार की तरफ से किया जाना है। अब ड्रेनेज को लेकर भी प्रदेश सरकार से समक्ष मांग को उठाया गया है। इस पर अभी प्रदेश सरकार ने कोई प्रक्रिया शुरू नहीं की है। साथ ही एसटीपी और ईटीपी प्लांट को लेकर अभी करीब एक करोड़ रुपये की राशि मिलना शेष है।
विज्ञापन
पीजीआई सेटेलाइट सेंटर परिसर के आसपास ड्रेनेज निर्माण को लेकर प्रदेश सरकार से मंजूरी मांगी गई है। मंजूरी के बाद ही आगामी प्रक्रिया शुरू हो पाएगी।
-अभिषेक मित्तल, एसडीएम ऊना