2019 लोकसभा चुनाव के लिए अब तीन चरणों का मतदान बचा है। 23 मई को नतीजे देश के सामने होंगे। चार चरणों का मतदान संपन्न होने के साथ ही करीब 70 फीसदी सीटों के लिए वोटिंग खत्म हो चुकी है और 30 फीसदी सीटों पर मतदान होना बाकी है। ऐसे में क्या बचे तीन चरणों में भारतीय जनता पार्टी पांच साल पुराने 'मोदी मैजिक' को फिर दोहरा पाएगी? दरअसल, आने वाले तीन चरणों का मतदान भाजपा के लिए काफी महत्वपूर्ण है। 2014 के लोकसभा चुनाव में इन तीन चरणों की सीटों पर भाजपा ने बंपर जीत हासिल की थी। आइए जानते हैं कैसे इन तीन चरणों में भाजपा की असली परीक्षा है...
2019 चुनाव: बाकी तीन चरणों में चल पाएगा 5 साल पहले जैसा 'मोदी मैजिक'?
साल 2014 के लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी ने इन तीन चरणों की 169 सीटों में से 116 सीटें जीती थीं। 'मोदी लहर' की बदौलत भाजपा ने पांच साल पहले राजस्थान में लोकसभा की सभी सीटें जीती थीं। जबकि मध्य प्रदेश में भाजपा ने 29 में से 26 सीटें जीती थीं। हालांकि, ठीक एक साल पहले हुए विधानसभा चुनाव में भाजपा को इन दोनों ही राज्यों में हार का सामना करना पड़ा था। इसलिए एक बार फिर इन राज्यों में भाजपा के लिए 2014 की तरह 'मोदी मैजिक' दोहराने की चुनौती होगी।
सांतवें और आखिरी चरण के लिए 19 मई को वोटिंग होगी। इसमें पंजाब की 13 और यूपी की 13 लोकसभा सीटों के लिए मतदान होगा। इसके अलावा, बिहार की 8 सीटों, हिमाचल प्रदेश की चार सीटों, झारखंड की 3 सीटों और मध्य प्रदेश की 8 सीटों के लिए वोटिंग होगी। सांतवें चरण में पश्चिम बंगाल की 9 सीटों के लिए वोटिंग होगी। इसी चरण मेंं केंद्रशासित प्रदेश चंडीगढ़ में भी मतदान होगा। ऐसे में बाकी के तीन चरण भाजपा के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं।
