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नशा तस्करों पर प्रहार: जम्मू से श्रीनगर तक चलेगी मुहिम, नशे के खिलाफ सड़कों पर उतरेगा प्रशासन
अमर उजाला, नेटवर्क जम्मू
Published by: Nikita Gupta
Updated Thu, 09 Apr 2026 06:40 PM IST
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सार
जम्मू-कश्मीर में नशा मुक्त अभियान के तहत 100 दिन का विशेष अभियान शुरू किया जाएगा, जिसकी तैयारियों की समीक्षा उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने की।
संविधान दिवस समारोह में बोलते हुए उपराज्यपाल मनोज सिन्हा
- फोटो : @OfficeOfLGJandK
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विस्तार
जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने गुरुवार को ‘नशा मुक्त जम्मू-कश्मीर अभियान’ के तहत प्रस्तावित 100 दिवसीय विशेष अभियान की तैयारियों की समीक्षा के लिए उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता की।
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इस अभियान का उद्देश्य केंद्र शासित प्रदेश से नशे की समस्या को खत्म करना है। इसके तहत जागरूकता कार्यक्रमों की एक श्रृंखला आयोजित की जाएगी।
उपराज्यपाल 11 अप्रैल को जम्मू के एम ए स्टेडियम से एक विशाल पदयात्रा को हरी झंडी दिखाएंगे। इसके बाद मई के पहले सप्ताह में श्रीनगर में भी इसी तरह का बड़ा कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इसके अलावा, वे कठुआ और राजोरी में भी पदयात्राओं में भाग लेंगे।
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बैठक के दौरान उपराज्यपाल ने कहा कि जम्मू-कश्मीर में नशीले पदार्थों की आपूर्ति एक बड़े अंतरराष्ट्रीय षड्यंत्र का हिस्सा है, जिसका मकसद युवाओं के भविष्य को नुकसान पहुंचाना है। उन्होंने समाज के सभी वर्गों से इस मुहिम में शामिल होने की अपील की।
उन्होंने नशा तस्करी के नेटवर्क को खत्म करने के लिए लगातार और सघन अभियान चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा निर्दोष को न छुएं और दोषी को न छोड़ें यह हमारी नीति है। हमें नशे के असली पीड़ितों की पहचान कर उनके पुनर्वास के प्रयास करने होंगे।
बैठक में नशा मुक्त अभियान के लिए विभागवार गतिविधियों और कार्ययोजना पर भी चर्चा की गई। अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए केंद्र शासित प्रदेश और संभाग स्तर पर समितियों का गठन किया गया है।
उपराज्यपाल ने इस अभियान को जन आंदोलन बनाने पर जोर देते हुए कहा कि आम जनता के सुझाव और फीडबैक को शामिल किया जाए। साथ ही लोगों को नशे से जुड़े मामलों की जानकारी देने के लिए भी प्रोत्साहित किया जाना चाहिए।