पार्किंग ढूंढने की टेंशन खत्म: अब मोबाइल ऐप बताएगा हर खाली जगह की जानकारी, जम्मू-कश्मीर में नई व्यवस्था लागू
जम्मू-कश्मीर में नई पार्किंग नियम-2026 के तहत सभी शहरी निकायों में एक समान स्मार्ट पार्किंग व्यवस्था लागू होगी, जिसमें मोबाइल ऐप और वेबसाइट पर रियल-टाइम खाली पार्किंग और शुल्क की जानकारी मिलेगी। गलत पार्किंग पर क्लैंप और टोइंग की कार्रवाई होगी, जबकि ईवी चार्जिंग।
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अब शहरों में पार्किंग ढूंढने के लिए बेवजह चक्कर लगाने की परेशानी कम होगी। मोबाइल एप पर पहले ही देख सकेंगे कि किस पार्किंग स्थल पर जगह खाली है। गलत जगह वाहन खड़ा करने पर पहिए पर क्लैंप (लॉक) लगा दिया जाएगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन को क्रेन या टो-ट्रक की मदद से उठाकर निर्धारित स्थान (टोइंग यार्ड) पर पहुंचा दिया जाएगा।
हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट विभाग की ओर से जारी जम्मू-कश्मीर पार्किंग नियम-2026 के तहत प्रदेश में पहली बार सभी शहरी निकायों के लिए एक समान पार्किंग व्यवस्था लागू की गई है। अब तक शहरों में पार्किंग का संचालन स्थानीय निकाय करते थे। नए नियम लागू होने के बाद सभी निकायों में एक जैसी व्यवस्था होगी। इसके लिए सेंट्रल पार्किंग मैनेजमेंट सिस्टम (सीपीएमएस) विकसित होगा। इसी के माध्यम से लोग मोबाइल एप और वेबसाइट पर देख सकेंगे कि कहां पार्किंग खाली है और कितना शुल्क है।
इससे पार्किंग की तलाश में इधर-उधर भटकना नहीं होगा। हर पार्किंग स्थल पर शुल्क, समय, शिकायत के लिए संपर्क नंबर और पार्किंग संचालक की जानकारी वाला बोर्ड लगाना भी अनिवार्य होगा। नई पार्किंग व्यवस्था में कम से कम 10 फीसदी जगह इलेक्ट्रिक वाहनों की चार्जिंग के लिए आरक्षित रहेगी। दिव्यांगों के लिए अलग पार्किंग की व्यवस्था अनिवार्य होगी। बड़ी पार्किंग में पर्याप्त रोशनी, पेयजल, शौचालय, अग्निशमन व्यवस्था और साफ-सफाई जैसी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध करानी होंगी।
पार्किंग समिति, पार्किंग सेल और अलग फंड भी बनेगा...नए नियमों के तहत पार्किंग व्यवस्था के संचालन और निगरानी के लिए पार्किंग समिति और पार्किंग सेल बनाने का प्रावधान है। पार्किंग शुल्क और अन्य आय के लिए अलग पार्किंग फंड बनाया जाएगा जिसका उपयोग पार्किंग सुविधाओं के विकास और रखरखाव में किया जाएगा। सरकार सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) मॉडल के तहत मल्टीलेवल और आधुनिक पार्किंग विकसित करने को भी बढ़ावा देगी।
कैमरों और कंट्रोल सेंटर से होगी हर पार्किंग की निगरानी
पार्किंग स्थलों पर सीसीटीवी कैमरे, नंबर प्लेट पहचानने वाली तकनीक और अन्य आधुनिक उपकरण लगेंगे। पूरी व्यवस्था की निगरानी इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर के जरिए होगी। इससे नियम तोड़ने वाले वाहनों की पहचान आसानी से हो सकेगी। अब फुटपाथ, साइकिल ट्रैक, नो पार्किंग क्षेत्र या तय सीमा से बाहर वाहन पार्किंग पर सीधे कार्रवाई होगी। सड़क किनारे सिर्फ पैरलल पार्किंग की अनुमति होगी, ताकि यातायात प्रभावित न हो।
छह महीने में तैयार करना होगा पार्किंग एरिया मैनेजमेंट प्लान
नए नियमों में सभी शहरी निकायों को छह माह में पार्किंग एरिया मैनेजमेंट प्लान तैयार करना होगा। तय करना होगा कहां नई पार्किंग बनाई जाएगी, किन सड़कों पर पार्किंग की अनुमति होगी, कहां पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी और भविष्य में मल्टीलेवल पार्किंग कहां विकसित की जाएगी। इससे हर शहर में जरूरत के हिसाब से पार्किंग विकसित करने में आसानी होगी।
जम्मू-कश्मीर में नई पार्किंग नियम-2026 के तहत सभी शहरी निकायों में एक समान स्मार्ट पार्किंग व्यवस्था लागू होगी, जिसमें मोबाइल ऐप और वेबसाइट पर रियल-टाइम खाली पार्किंग और शुल्क की जानकारी मिलेगी। गलत पार्किंग पर क्लैंप और टोइंग की कार्रवाई होगी, जबकि ईवी चार्जिंग।