{"_id":"6a0fa9c0a661f3bf5c07c0a3","slug":"mp-news-mega-network-of-roads-in-madhya-pradesh-bhopal-indore-ujjain-region-will-get-a-development-boost-2026-05-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"MP News: मध्यप्रदेश में सड़कों का मेगा नेटवर्क, भोपाल-इंदौर-उज्जैन रीजन को मिलेगा विकास का बूस्ट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
MP News: मध्यप्रदेश में सड़कों का मेगा नेटवर्क, भोपाल-इंदौर-उज्जैन रीजन को मिलेगा विकास का बूस्ट
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: Anand Pawar
Updated Fri, 22 May 2026 06:26 AM IST
विज्ञापन
सार
मध्यप्रदेश सरकार आने वाले वर्षों में सड़क और कनेक्टिविटी का बड़ा नेटवर्क विकसित करने जा रही है। सिक्सलेन, रिंग रोड, एलिवेटेड कॉरिडोर और ग्रीनफील्ड हाईवे परियोजनाओं के जरिए भोपाल, इंदौर और उज्जैन मेट्रो रीजन को सबसे बड़ा फायदा मिलने की उम्मीद है।
फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
विस्तार
प्रदेश में आने वाले वर्षों में सड़क और कनेक्टिविटी का बड़ा नेटवर्क तैयार होने जा रहा है। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने लोक निर्माण विभाग की समीक्षा बैठक में साफ संकेत दिए कि सरकार अब प्रदेश को तेज रफ्तार इंफ्रास्ट्रक्चर मॉडल पर आगे बढ़ा रही है। खास बात यह है कि भोपाल और इंदौर-उज्जैन मेट्रोपॉलिटन रीजन को सड़क परियोजनाओं से सबसे ज्यादा फायदा मिलने वाला है। सरकार का दावा है कि नई सिक्सलेन, फोरलेन, रिंग रोड और एलिवेटेड कॉरिडोर परियोजनाएं प्रदेश की अर्थव्यवस्था और उद्योग को नई गति देंगी।
ये भी पढ़ें- Bhopal: राजधानी से पकड़ा गया फर्जी MBBS डिग्री रैकेट का मास्टरमाइंड, 50 से ज्यादा नकली डॉक्टरों का खुलासा
सिंहस्थ 2028 से पहले सड़कों के काम पूरे करने के निर्देश
बैठक में मुख्यमंत्री ने सिंहस्थ 2028 को ध्यान में रखते हुए सभी जरूरी सड़क परियोजनाएं समय से पहले पूरी करने के निर्देश दिए। इंदौर-उज्जैन सिक्सलेन, उज्जैन-जावरा ग्रीनफील्ड फोरलेन और इंदौर-उज्जैन ग्रीनफील्ड हाईवे को प्रदेश की सबसे महत्वपूर्ण परियोजनाओं में शामिल किया गया है। माना जा रहा है कि इन परियोजनाओं से मालवा क्षेत्र में व्यापार, पर्यटन और धार्मिक गतिविधियों को बड़ा बढ़ावा मिलेगा।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- ट्विशा मौत कांड पर महिलाओं का फूटा गुस्साः समय रहते सुन लेते माता-पिता तो बच जाती जान, निष्पक्ष जांच की मांग
बड़े शहरों में रिंग रोड नेटवर्क पर जोर
सरकार अब बड़े शहरों में ट्रैफिक दबाव कम करने के लिए रिंग रोड नेटवर्क पर तेजी से काम कर रही है। भोपाल वेस्टर्न बायपास का निर्माण अगले ढाई वर्षों में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है, जबकि जबलपुर, ग्वालियर और उज्जैन की रिंग रोड डेढ़ साल में तैयार होने की उम्मीद है। इसके अलावा रतलाम, देवास, सागर, सतना, रीवा और कटनी जैसे शहरों में भी नई रिंग रोड परियोजनाओं की तैयारी शुरू हो गई है।
ये भी पढ़ें- MP: क्या पद से हटेंगी ट्विशा की सास गिरिबाला? विभाग हुआ सख्त; विवेक तन्खा ने कहा- मामला सीबीआई को देना उपयुक्त
प्रदेश में 481 ब्लैक स्पॉट चिन्हित
बैठक में सड़क सुरक्षा पर भी फोकस रहा। प्रदेश में 481 ब्लैक स्पॉट चिन्हित किए गए हैं, जहां दुर्घटनाएं रोकने के लिए विशेष सुधार कार्य किए जा रहे हैं। सरकार का दावा है कि इन प्रयासों से सड़क हादसों में 15 से 20 प्रतिशत तक कमी आई है। मुख्यमंत्री ने किसानों और ग्रामीण क्षेत्रों में दोपहिया वाहन चालकों को हेलमेट वितरण अभियान से जोड़ने के निर्देश भी दिए।
ये भी पढ़ें- Twisha Sharma Case: गिरिबाला सिंह पर शिकंजा? सास की जमानत रद्द कराने परिजनों ने खटखटाया कोर्ट का दरवाजा; जानें
आरओबी और एलिवेटेड कॉरिडोर के काम तेजी से चल रहे
प्रदेश में रेलवे ओवरब्रिज और एलिवेटेड कॉरिडोर का काम भी तेजी से चल रहा है। जबलपुर में एलिवेटेड कॉरिडोर पूरा हो चुका है, जबकि भोपाल और ग्वालियर में अधिकांश काम पूरा होने की स्थिति में है। वहीं, इंदौर और उज्जैन में भी नए कॉरिडोर निर्माण शुरू हो गए हैं। सरकार का मानना है कि ये परियोजनाएं मध्यप्रदेश को देश के तेजी से विकसित हो रहे राज्यों की श्रेणी में मजबूत स्थिति दिलाएंगी।
ये भी पढ़ें- Bhopal: राजधानी से पकड़ा गया फर्जी MBBS डिग्री रैकेट का मास्टरमाइंड, 50 से ज्यादा नकली डॉक्टरों का खुलासा
विज्ञापन
विज्ञापन
सिंहस्थ 2028 से पहले सड़कों के काम पूरे करने के निर्देश
बैठक में मुख्यमंत्री ने सिंहस्थ 2028 को ध्यान में रखते हुए सभी जरूरी सड़क परियोजनाएं समय से पहले पूरी करने के निर्देश दिए। इंदौर-उज्जैन सिक्सलेन, उज्जैन-जावरा ग्रीनफील्ड फोरलेन और इंदौर-उज्जैन ग्रीनफील्ड हाईवे को प्रदेश की सबसे महत्वपूर्ण परियोजनाओं में शामिल किया गया है। माना जा रहा है कि इन परियोजनाओं से मालवा क्षेत्र में व्यापार, पर्यटन और धार्मिक गतिविधियों को बड़ा बढ़ावा मिलेगा।
Trending Videos
ये भी पढ़ें- ट्विशा मौत कांड पर महिलाओं का फूटा गुस्साः समय रहते सुन लेते माता-पिता तो बच जाती जान, निष्पक्ष जांच की मांग
बड़े शहरों में रिंग रोड नेटवर्क पर जोर
सरकार अब बड़े शहरों में ट्रैफिक दबाव कम करने के लिए रिंग रोड नेटवर्क पर तेजी से काम कर रही है। भोपाल वेस्टर्न बायपास का निर्माण अगले ढाई वर्षों में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है, जबकि जबलपुर, ग्वालियर और उज्जैन की रिंग रोड डेढ़ साल में तैयार होने की उम्मीद है। इसके अलावा रतलाम, देवास, सागर, सतना, रीवा और कटनी जैसे शहरों में भी नई रिंग रोड परियोजनाओं की तैयारी शुरू हो गई है।
ये भी पढ़ें- MP: क्या पद से हटेंगी ट्विशा की सास गिरिबाला? विभाग हुआ सख्त; विवेक तन्खा ने कहा- मामला सीबीआई को देना उपयुक्त
प्रदेश में 481 ब्लैक स्पॉट चिन्हित
बैठक में सड़क सुरक्षा पर भी फोकस रहा। प्रदेश में 481 ब्लैक स्पॉट चिन्हित किए गए हैं, जहां दुर्घटनाएं रोकने के लिए विशेष सुधार कार्य किए जा रहे हैं। सरकार का दावा है कि इन प्रयासों से सड़क हादसों में 15 से 20 प्रतिशत तक कमी आई है। मुख्यमंत्री ने किसानों और ग्रामीण क्षेत्रों में दोपहिया वाहन चालकों को हेलमेट वितरण अभियान से जोड़ने के निर्देश भी दिए।
ये भी पढ़ें- Twisha Sharma Case: गिरिबाला सिंह पर शिकंजा? सास की जमानत रद्द कराने परिजनों ने खटखटाया कोर्ट का दरवाजा; जानें
आरओबी और एलिवेटेड कॉरिडोर के काम तेजी से चल रहे
प्रदेश में रेलवे ओवरब्रिज और एलिवेटेड कॉरिडोर का काम भी तेजी से चल रहा है। जबलपुर में एलिवेटेड कॉरिडोर पूरा हो चुका है, जबकि भोपाल और ग्वालियर में अधिकांश काम पूरा होने की स्थिति में है। वहीं, इंदौर और उज्जैन में भी नए कॉरिडोर निर्माण शुरू हो गए हैं। सरकार का मानना है कि ये परियोजनाएं मध्यप्रदेश को देश के तेजी से विकसित हो रहे राज्यों की श्रेणी में मजबूत स्थिति दिलाएंगी।

कमेंट
कमेंट X