{"_id":"69699bfe14f0a089ed0c6ad3","slug":"mp-weather-today-due-to-icy-winds-the-temperature-in-madhya-pradesh-has-dropped-to-4-6-degrees-celsius-and-2026-01-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"MP Weather Today: बर्फीली हवाओं का असर, मध्यप्रदेश में 4.6 डिग्री तक गिरा पारा, कोहरे ने बढ़ाई मुश्किलें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
MP Weather Today: बर्फीली हवाओं का असर, मध्यप्रदेश में 4.6 डिग्री तक गिरा पारा, कोहरे ने बढ़ाई मुश्किलें
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: संदीप तिवारी
Updated Fri, 16 Jan 2026 07:33 AM IST
विज्ञापन
सार
उत्तर भारत से आ रही बर्फीली हवाओं के कारण मध्यप्रदेश में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। कई जिलों में न्यूनतम तापमान 5 डिग्री से नीचे पहुंच गया है और उत्तरी हिस्सों में घना कोहरा छाया है। शीतलहर के साथ ठंड का असर बढ़ा है, जिससे रेल यातायात भी प्रभावित हो रहा है।
मौसम
- फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
विस्तार
उत्तर भारत में जारी कड़ाके की ठंड का सीधा असर अब मध्यप्रदेश में साफ दिखाई देने लगा है। बर्फीली हवाओं के चलते प्रदेश में न्यूनतम तापमान तेजी से गिरा है और कई इलाके ठिठुरन की चपेट में हैं। बीती रात शहडोल के कल्याणपुर में तापमान 4.6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जबकि चार शहरों में पारा 5 डिग्री से नीचे दर्ज किया गया। शाजापुर में शीतलहर ने ठंड का अहसास और तीखा कर दिया।शुक्रवार सुबह प्रदेश के उत्तरी हिस्सों में कोहरे ने दृश्यता कम कर दी। मौसम विभाग के मुताबिक, ग्वालियर-चंबल, रीवा, शहडोल और सागर संभाग सबसे ज्यादा प्रभावित हैं, जहां मध्यम से घना कोहरा छाया हुआ है। भोपाल और इंदौर में भी रात के तापमान में तेज गिरावट दर्ज की गई है।
हवाओं और सिस्टम का असर
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि पश्चिम-उत्तर भारत के ऊपर करीब 12.6 किलोमीटर की ऊंचाई पर तेज रफ्तार जेट स्ट्रीम हवाएं बह रही हैं, जिनका असर मध्यप्रदेश तक पहुंच रहा है। इसी कारण ठंड और बढ़ी है। वहीं, 16 जनवरी से सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ आगे बढ़ चुका है, लेकिन 19 जनवरी से एक नया विक्षोभ उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित कर सकता है। यदि यह मजबूत हुआ तो 20 जनवरी के बाद प्रदेश में बादल और हल्की बारिश की संभावना बन सकती है।
छोटे शहरों में ज्यादा ठंड
शहडोल का कल्याणपुर सबसे ठंडा रहा। शाजापुर, कटनी के करौंदी और मंदसौर में भी न्यूनतम तापमान 4.7 से 4.8 डिग्री के बीच दर्ज किया गया। राजगढ़, रीवा, दतिया, पचमढ़ी समेत कई शहरों में पारा 7 डिग्री के आसपास रहा। उमरिया, नौगांव, मंडला, खजुराहो, सतना, दमोह, सीधी, रायसेन, श्योपुर, शिवपुरी, गुना, मलाजखंड और रतलाम जैसे जिलों में भी तापमान 10 डिग्री से नीचे बना हुआ है।प्रदेश के बड़े शहरों में इंदौर सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 6.8 डिग्री दर्ज किया गया। भोपाल, ग्वालियर, उज्जैन और जबलपुर में भी पारा फिर 10 डिग्री से नीचे आ गया है।
यह भी पढ़ें-आरोपी असलम ने किसकी शह पर अपनी गाड़ियों में लिखा नगर निगम भोपाल; मेट्रो को दी गई जमीन भी कब्जे में
कोहरे से ट्रेनों पर असर
घने कोहरे के कारण ग्वालियर-चंबल अंचल सहित कई जिलों में सुबह दृश्यता कम रही। इसका असर रेल यातायात पर भी पड़ा है। दिल्ली से भोपाल, इंदौर और उज्जैन आने वाली कई ट्रेनें देरी से चल रही हैं, जिनमें मालवा, झेलम और सचखंड एक्सप्रेस सबसे ज्यादा प्रभावित हैं।
यह भी पढ़ें- मध्यप्रदेश में सर्द हवाओं का असर तेज, कई शहरों में रात का पारा लुढ़का, मावठे के आसार
जनवरी में ठंड का रिकॉर्ड ट्रेंड
इस बार प्रदेश में सर्दी ने नवंबर-दिसंबर में ही रिकॉर्ड तोड़ दिए थे और जनवरी में भी यही रफ्तार जारी है। विशेषज्ञों के अनुसार, दिसंबर-जनवरी में उत्तर भारत से आने वाली सर्द हवाएं सबसे ज्यादा असर डालती हैं। इसी दौरान शीतलहर, घना कोहरा और कभी-कभी मावठे की बारिश देखने को मिलती है। पिछले वर्षों के आंकड़े भी यही संकेत देते हैं कि जनवरी मध्यप्रदेश के लिए सबसे ठंडा महीना साबित होता है।
Trending Videos
हवाओं और सिस्टम का असर
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि पश्चिम-उत्तर भारत के ऊपर करीब 12.6 किलोमीटर की ऊंचाई पर तेज रफ्तार जेट स्ट्रीम हवाएं बह रही हैं, जिनका असर मध्यप्रदेश तक पहुंच रहा है। इसी कारण ठंड और बढ़ी है। वहीं, 16 जनवरी से सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ आगे बढ़ चुका है, लेकिन 19 जनवरी से एक नया विक्षोभ उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित कर सकता है। यदि यह मजबूत हुआ तो 20 जनवरी के बाद प्रदेश में बादल और हल्की बारिश की संभावना बन सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
छोटे शहरों में ज्यादा ठंड
शहडोल का कल्याणपुर सबसे ठंडा रहा। शाजापुर, कटनी के करौंदी और मंदसौर में भी न्यूनतम तापमान 4.7 से 4.8 डिग्री के बीच दर्ज किया गया। राजगढ़, रीवा, दतिया, पचमढ़ी समेत कई शहरों में पारा 7 डिग्री के आसपास रहा। उमरिया, नौगांव, मंडला, खजुराहो, सतना, दमोह, सीधी, रायसेन, श्योपुर, शिवपुरी, गुना, मलाजखंड और रतलाम जैसे जिलों में भी तापमान 10 डिग्री से नीचे बना हुआ है।प्रदेश के बड़े शहरों में इंदौर सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 6.8 डिग्री दर्ज किया गया। भोपाल, ग्वालियर, उज्जैन और जबलपुर में भी पारा फिर 10 डिग्री से नीचे आ गया है।
यह भी पढ़ें-आरोपी असलम ने किसकी शह पर अपनी गाड़ियों में लिखा नगर निगम भोपाल; मेट्रो को दी गई जमीन भी कब्जे में
कोहरे से ट्रेनों पर असर
घने कोहरे के कारण ग्वालियर-चंबल अंचल सहित कई जिलों में सुबह दृश्यता कम रही। इसका असर रेल यातायात पर भी पड़ा है। दिल्ली से भोपाल, इंदौर और उज्जैन आने वाली कई ट्रेनें देरी से चल रही हैं, जिनमें मालवा, झेलम और सचखंड एक्सप्रेस सबसे ज्यादा प्रभावित हैं।
यह भी पढ़ें- मध्यप्रदेश में सर्द हवाओं का असर तेज, कई शहरों में रात का पारा लुढ़का, मावठे के आसार
जनवरी में ठंड का रिकॉर्ड ट्रेंड
इस बार प्रदेश में सर्दी ने नवंबर-दिसंबर में ही रिकॉर्ड तोड़ दिए थे और जनवरी में भी यही रफ्तार जारी है। विशेषज्ञों के अनुसार, दिसंबर-जनवरी में उत्तर भारत से आने वाली सर्द हवाएं सबसे ज्यादा असर डालती हैं। इसी दौरान शीतलहर, घना कोहरा और कभी-कभी मावठे की बारिश देखने को मिलती है। पिछले वर्षों के आंकड़े भी यही संकेत देते हैं कि जनवरी मध्यप्रदेश के लिए सबसे ठंडा महीना साबित होता है।
विज्ञापन
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन

कमेंट
कमेंट X