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Indore News: सस्ता हुआ सामान, बढ़ेगा निर्यात! GST कटौती पर उद्योग जगत ने जताई खुशी
अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
Published by: अर्जुन रिछारिया
Updated Mon, 22 Sep 2025 05:01 PM IST
सार
Indore News: मप्र एसोसिएशन ऑफ इंडस्ट्री के अध्यक्ष योगेश मेहता ने जीएसटी दरों में कटौती के केंद्र सरकार के फैसले की सराहना की है। उन्होंने कहा कि इससे उपभोक्ताओं, व्यापारियों और उद्योगों को फायदा होगा।
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जीएसटी
- फोटो : अमर उजाला प्रिंट
मध्य प्रदेश एसोसिएशन ऑफ इंडस्ट्री के अध्यक्ष योगेश मेहता ने केंद्र सरकार द्वारा जीएसटी की दरों में की गई कटौती का स्वागत किया है। उन्होंने इस निर्णय को सभी वर्गों के लिए फायदेमंद बताते हुए कहा कि इससे उपभोक्ता से लेकर व्यापारी और पूरे बाजार को लाभ होगा। मेहता के अनुसार, इस कदम से अर्थव्यवस्था को एक नई गति मिलेगी।
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योगेश मेहता
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
औद्योगिक उत्पादन को मिलेगी गति
मेहता ने कहा कि देश में जीएसटी की दर कम होने से उद्योगों द्वारा हो रहे उत्पादन को बहुत गति मिलेगी। उन्होंने इस बात पर प्रकाश डाला कि जीएसटी की उच्च दरों के कारण व्यापारियों का बहुत सारा पैसा फंस जाता था, जिससे उन्हें कार्यशील पूंजी की कमी का सामना करना पड़ता था। करोड़ों रुपए अटके रहने से व्यापारी वर्ग परेशान था। अब जीएसटी दरें कम होने से पैसा बहुत कम अटकेगा और उद्योगों में क्रियाशील पूंजी की अधिकता रहेगी, जिससे उत्पादन चक्र सुचारू रूप से चलेगा।
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"मेक इन इंडिया" को बढ़ावा और निर्यात की संभावनाएं
केंद्र सरकार के इस फैसले का एक और महत्वपूर्ण पहलू यह है कि इससे "मेक इन इंडिया" अभियान को मजबूती मिलेगी। मेहता ने बताया कि अब तक विदेशों से आयात होने वाले माल के साथ प्रतिस्पर्धा करना मुश्किल हो रहा था। लेकिन अब, स्थानीय व्यापारी देश में ही उत्पादन बढ़ाने पर ध्यान केंद्रित करेंगे। इससे न केवल घरेलू बाजार में प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी, बल्कि निर्यात की संभावनाएं भी प्रबल होंगी। परिणामस्वरूप, भारत का विदेशी मुद्रा भंडार भी बढ़ेगा।
आत्मनिर्भरता की ओर एक बड़ा कदम
योगेश मेहता ने वैश्विक परिदृश्य का जिक्र करते हुए कहा कि आज के समय में आत्मनिर्भरता पर ध्यान केंद्रित करना अत्यंत आवश्यक है। जब अधिक से अधिक व्यापारी देश में ही उत्पादन करेंगे, तो इससे उत्पादों की लागत कम होगी और गुणवत्ता में भी सुधार होगा। यह कदम भारत को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगा और भारतीय अर्थव्यवस्था को और अधिक मजबूती प्रदान करेगा।
मेहता ने कहा कि देश में जीएसटी की दर कम होने से उद्योगों द्वारा हो रहे उत्पादन को बहुत गति मिलेगी। उन्होंने इस बात पर प्रकाश डाला कि जीएसटी की उच्च दरों के कारण व्यापारियों का बहुत सारा पैसा फंस जाता था, जिससे उन्हें कार्यशील पूंजी की कमी का सामना करना पड़ता था। करोड़ों रुपए अटके रहने से व्यापारी वर्ग परेशान था। अब जीएसटी दरें कम होने से पैसा बहुत कम अटकेगा और उद्योगों में क्रियाशील पूंजी की अधिकता रहेगी, जिससे उत्पादन चक्र सुचारू रूप से चलेगा।
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"मेक इन इंडिया" को बढ़ावा और निर्यात की संभावनाएं
केंद्र सरकार के इस फैसले का एक और महत्वपूर्ण पहलू यह है कि इससे "मेक इन इंडिया" अभियान को मजबूती मिलेगी। मेहता ने बताया कि अब तक विदेशों से आयात होने वाले माल के साथ प्रतिस्पर्धा करना मुश्किल हो रहा था। लेकिन अब, स्थानीय व्यापारी देश में ही उत्पादन बढ़ाने पर ध्यान केंद्रित करेंगे। इससे न केवल घरेलू बाजार में प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी, बल्कि निर्यात की संभावनाएं भी प्रबल होंगी। परिणामस्वरूप, भारत का विदेशी मुद्रा भंडार भी बढ़ेगा।
आत्मनिर्भरता की ओर एक बड़ा कदम
योगेश मेहता ने वैश्विक परिदृश्य का जिक्र करते हुए कहा कि आज के समय में आत्मनिर्भरता पर ध्यान केंद्रित करना अत्यंत आवश्यक है। जब अधिक से अधिक व्यापारी देश में ही उत्पादन करेंगे, तो इससे उत्पादों की लागत कम होगी और गुणवत्ता में भी सुधार होगा। यह कदम भारत को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगा और भारतीय अर्थव्यवस्था को और अधिक मजबूती प्रदान करेगा।
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श्रेष्ठा गोयल
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
त्योहारों के पहले बाजार को बड़ा बूस्ट मिला
ऑल इंडस्ट्रीज एसोसिएशन मप्र की वुमन विंग की अध्यक्ष श्रेष्ठा गोयल ने बताया कि जीएसटी की दरें कम करने से उद्योगों के लिए बहुत सकारात्मक माहौल बना है। केंद्र सरकार ने अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा के बीच भारत को आगे ले जाने के लिए बड़ा कदम उठाया है। भारतीय महिलाएं उद्योगों में बहुत तेजी से आगे आ रही हैं और यह बहुत जरूरी है कि उनके लिए एक बेहतर माहौल बनाया जा सके। यह भी उसी दिशा में एक बड़ा कदम होगा। जीएसटी कम होने से सामान के दाम कम होंगे और खरीदारी बढ़ेगी। ठीक त्योहारों के पहले लिया गया यह निर्णय पूरे बाजार को बूस्ट देने में बड़ा कदम होगा।
ऑल इंडस्ट्रीज एसोसिएशन मप्र की वुमन विंग की अध्यक्ष श्रेष्ठा गोयल ने बताया कि जीएसटी की दरें कम करने से उद्योगों के लिए बहुत सकारात्मक माहौल बना है। केंद्र सरकार ने अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा के बीच भारत को आगे ले जाने के लिए बड़ा कदम उठाया है। भारतीय महिलाएं उद्योगों में बहुत तेजी से आगे आ रही हैं और यह बहुत जरूरी है कि उनके लिए एक बेहतर माहौल बनाया जा सके। यह भी उसी दिशा में एक बड़ा कदम होगा। जीएसटी कम होने से सामान के दाम कम होंगे और खरीदारी बढ़ेगी। ठीक त्योहारों के पहले लिया गया यह निर्णय पूरे बाजार को बूस्ट देने में बड़ा कदम होगा।
कीर्ति जोशी
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
अब व्यापारी टैक्स चोरी नहीं करेंगे
आईसीएआई के पूर्व सचिव सीए कीर्ति जोशी ने कहा कि केंद्र सरकार ने जीएसटी की दरों में कमी करके व्यापारियों को बड़ी राहत दी है। इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि व्यापारी अब टैक्स चोरी नहीं करेंगे। जीएसटी कम होने से वे ईमानदारी बरतेंगे और इससे बचने के रास्ते नहीं खोजेंगे। पहले जीएसटी बहुत अधिक था इस वजह से व्यापारी यह सोचते थे कि किसी भी तरह उन्हें टैक्स न देना पड़े। इसके बाद सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि सीधे उपभोक्ता को इसका फायदा मिलेगा। खरीदारी का सामान बहुत सस्ता हो जाएगा और इससे बाजार को बूस्ट मिलेगा। बाजार में खरीदारी बढ़ेगी और व्यापारी से लेकर ग्राहक तक सभी को इसका फायदा मिलेगा।
आईसीएआई के पूर्व सचिव सीए कीर्ति जोशी ने कहा कि केंद्र सरकार ने जीएसटी की दरों में कमी करके व्यापारियों को बड़ी राहत दी है। इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि व्यापारी अब टैक्स चोरी नहीं करेंगे। जीएसटी कम होने से वे ईमानदारी बरतेंगे और इससे बचने के रास्ते नहीं खोजेंगे। पहले जीएसटी बहुत अधिक था इस वजह से व्यापारी यह सोचते थे कि किसी भी तरह उन्हें टैक्स न देना पड़े। इसके बाद सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि सीधे उपभोक्ता को इसका फायदा मिलेगा। खरीदारी का सामान बहुत सस्ता हो जाएगा और इससे बाजार को बूस्ट मिलेगा। बाजार में खरीदारी बढ़ेगी और व्यापारी से लेकर ग्राहक तक सभी को इसका फायदा मिलेगा।

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