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Indore News: बिजली बिल से साइबर ठगी, रिटायर्ड अफसर को ही शिकार बना लिया
Sun, 02 Aug 2026 07:16 PM IST
Arjun Richhariya
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
Published by: Arjun Richhariya
Updated Sun, 02 Aug 2026 07:16 PM IST
सार
Indore News: ठग ने बिजली बिल अपडेट करने का झांसा देकर कोड डलवाया और बैंक खाते से पैसे उड़ा लिए। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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Cyber Fraud
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
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विस्तार
इंदौर के कनाड़िया थाना क्षेत्र में बिजली बिल अपडेट कराने के नाम पर साइबर ठगी की एक गंभीर घटना सामने आई है। एक शातिर ठग ने खुद को मध्य प्रदेश बिजली बोर्ड का अधिकारी बताकर रिटायर्ड गैस प्लांट अधिकारी से फोन पर संपर्क किया। आरोपी ने झांसा देकर फोनपे पर कोड डलवा लिया और पीड़ित के बैंक खाते से 98,560 रुपये ट्रांसफर करवा लिए। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है।
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झांसे में लेकर फोनपे पर डलवाया कोड
पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, पीड़ित देवकरण मालवीय कैलिफोर्निया सिटी भोपाल के निवासी हैं और वे गैस प्लांट से सेवानिवृत्त अधिकारी हैं। पीड़ित ने शिकायत दर्ज कराई कि 30 जुलाई 2026 को उनके पास एक अनजान नंबर से फोन आया। कॉल करने वाले ने खुद को बिजली विभाग का अधिकारी बताया और दावा किया कि रामकन्या मालवीय के नाम से पंजीकृत बिजली बिल को ऑनलाइन अपडेट करना आवश्यक है, अन्यथा बिल की डिलीवरी बंद कर दी जाएगी। इसके बाद ठग ने पीड़ित को फोनपे ऐप पर एक विशेष कोड दर्ज करने के लिए कहा। जैसे ही पीड़ित ने कोड डाला, उनके इंडियन बैंक खाते से 98,560 रुपये एक अज्ञात यूपीआई आईडी पर चले गए।
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दूसरी बार ठगी का प्रयास रहा असफल
खाते से पैसे कटने के बाद आरोपी ने पीड़ित को भ्रमित करते हुए कहा कि बिल अभी तक अपडेट नहीं हो पाया है। उसने दूसरा कोड डालकर व्हाट्सएप के जरिए अपडेट प्रक्रिया पूरी करने की बात कही और आश्वासन दिया कि कटे हुए पैसे तुरंत वापस आ जाएंगे। आरोपी ने इसके बाद एक संदिग्ध लिंक भेजा और दोबारा पैसे निकालने का प्रयास किया, लेकिन सतर्कता के कारण दूसरी बार ठगी सफल नहीं हो सकी। इसके बाद पीड़ित ने साइबर हेल्पलाइन में अपनी रिपोर्ट दर्ज कराई, जिस पर कनाड़िया थाना पुलिस ने शनिवार को अज्ञात आरोपी के विरुद्ध मामला दर्ज किया।
पुलिस ने जारी की साइबर सुरक्षा एडवाइजरी
इस घटना के बाद पुलिस प्रशासन ने आम नागरिकों से सतर्क रहने की अपील की है। पुलिस का कहना है कि बिजली बिल अपडेट, केवाईसी या किसी भी अन्य सरकारी योजना व सेवा के नाम पर आने वाले अज्ञात कॉल्स पर कभी भरोसा न करें। किसी के भी कहने पर यूपीआई पिन, ओटीपी या कोई कोड दर्ज न करें। यदि कोई संदिग्ध कॉल प्राप्त होती है, तो उसकी पुष्टि केवल संबंधित विभाग के आधिकारिक कार्यालय या हेल्पलाइन नंबर से ही करें।
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