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Indore News: एमपीपीएससी की दो परीक्षाओं में शामिल हुए 21 हजार अभ्यर्थी, त्रिस्तरीय चेकिंग की गई
Sun, 02 Aug 2026 08:15 PM IST
Arjun Richhariya
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
Published by: Arjun Richhariya
Updated Sun, 02 Aug 2026 08:15 PM IST
सार
Indore News: मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग (एमपीपीएससी) द्वारा सहायक प्राध्यापक-2025 और पशु चिकित्सा विभाग भर्ती परीक्षा रविवार को सख्त सुरक्षा के बीच आयोजित की गई।
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बायोमेट्रिक जांच के बाद मिला प्रवेश।
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
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विस्तार
मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग की 2 महत्वपूर्ण भर्ती परीक्षाएं रविवार को कड़े सुरक्षा इंतजामों के बीच शुरू हो गईं। सहायक प्राध्यापक परीक्षा-2025 (भाग-2) और पशु चिकित्सा विभाग के विभिन्न पदों के लिए आयोजित इस परीक्षा में इंदौर और भोपाल से हजारों अभ्यर्थी शामिल हुए। परीक्षा केंद्रों पर सुबह से ही अभ्यर्थियों की लंबी कतारें नजर आईं और त्रिस्तरीय जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही सभी को अंदर प्रवेश दिया गया।
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सहायक प्राध्यापक परीक्षा में प्रदेशभर से करीब 21,000 अभ्यर्थी शामिल हुए। इंदौर में इसके लिए 34 परीक्षा केंद्र बनाए गए जहां 13,682 अभ्यर्थी पंजीकृत हुए। हाईकोर्ट के आदेश के बाद प्रक्रिया में शामिल हुए 13 अभ्यर्थियों को भी परीक्षा देने की अनुमति दी गई है। वहीं भोपाल संभाग के विभिन्न केंद्रों पर लगभग 7,000 परीक्षार्थी ने परीक्षा दी। यह परीक्षा 2 सत्रों में आयोजित की गई। प्रथम सत्र सामान्य ज्ञान का सुबह 10 से 11 बजे तक आयोजित हुआ और दूसरा विषय आधारित प्रश्नपत्र दोपहर 1 से शाम 4 बजे तक का था। इसके अतिरिक्त पशु चिकित्सा विभाग में सहायक संचालक, वेटरनरी पशु चिकित्सा सहायक एवं पशु चिकित्सा विस्तार अधिकारी के पदों के लिए भी परीक्षा हुई जिसमें इंदौर के 3 परीक्षा केंद्रों पर 880 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए।
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कड़े सुरक्षा नियम और ई-प्रवेश पत्र की जांच
परीक्षा की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए आयोग द्वारा सुरक्षा व्यवस्था को बेहद सख्त किया गया। प्रवेश द्वार पर अभ्यर्थियों के ई-प्रवेश पत्र की स्कैनिंग, बायोमेट्रिक सत्यापन और सीसीटीवी कैमरों से सघन निगरानी की गई। पुरुष एवं महिला अभ्यर्थियों की अलग-अलग हैंड हेल्ड मेटल डिटेक्टर के माध्यम से गहन जांच की गई। केंद्रों के अंदर केवल पारदर्शी बालपेन, पारदर्शी पानी की बोतल, ई-प्रवेश पत्र तथा मूल वैध फोटो पहचान पत्र ही ले जाने की अनुमति प्रदान की गई।
परीक्षा केंद्रों पर समय से पहले पहुंचे परीक्षार्थी
आयोग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार अभ्यर्थियों को परीक्षा शुरू होने से 90 मिनट पूर्व केंद्र पर पहुंचने के निर्देश दिए गए थे। इसके परिणामस्वरूप सुबह 8 बजे से ही अधिकांश केंद्रों के बाहर परीक्षार्थियों का जमावड़ा दिखाई देने लगा। इस प्रकार कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और सुचारू प्रबंधन के बीच परीक्षा प्रक्रिया शांतिपूर्ण माहौल में प्रारंभ हुई।
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कड़े सुरक्षा नियम और ई-प्रवेश पत्र की जांच
परीक्षा की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए आयोग द्वारा सुरक्षा व्यवस्था को बेहद सख्त किया गया। प्रवेश द्वार पर अभ्यर्थियों के ई-प्रवेश पत्र की स्कैनिंग, बायोमेट्रिक सत्यापन और सीसीटीवी कैमरों से सघन निगरानी की गई। पुरुष एवं महिला अभ्यर्थियों की अलग-अलग हैंड हेल्ड मेटल डिटेक्टर के माध्यम से गहन जांच की गई। केंद्रों के अंदर केवल पारदर्शी बालपेन, पारदर्शी पानी की बोतल, ई-प्रवेश पत्र तथा मूल वैध फोटो पहचान पत्र ही ले जाने की अनुमति प्रदान की गई।
परीक्षा केंद्रों पर समय से पहले पहुंचे परीक्षार्थी
आयोग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार अभ्यर्थियों को परीक्षा शुरू होने से 90 मिनट पूर्व केंद्र पर पहुंचने के निर्देश दिए गए थे। इसके परिणामस्वरूप सुबह 8 बजे से ही अधिकांश केंद्रों के बाहर परीक्षार्थियों का जमावड़ा दिखाई देने लगा। इस प्रकार कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और सुचारू प्रबंधन के बीच परीक्षा प्रक्रिया शांतिपूर्ण माहौल में प्रारंभ हुई।
