सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Indore News ›   Indore News Student organizations protest against alleged internship scam in Holkar College

होलकर कॉलेज: इंटर्नशिप के नाम पर छात्रों से लाखों रुपए वसूलने का आरोप, उच्च शिक्षा विभाग ने बनाई जांच समिति

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर Published by: Arjun Richhariya Updated Fri, 24 Apr 2026 01:14 PM IST
विज्ञापन
सार

Indore News: इंदौर के शासकीय होलकर कॉलेज में इंटर्नशिप के नाम पर अवैध वसूली और फर्जीवाड़े का आरोप लगा है। छात्रों का दावा है कि इंटर्नशिप वाली कंपनी का दफ्तर गायब है और सर्टिफिकेट किसी अन्य संस्था के नाम से दिए जा रहे हैं।

Indore News Student organizations protest against alleged internship scam in Holkar College
कॉलेज में आंदोलन करते छात्र - फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
विज्ञापन

विस्तार

शासकीय होलकर कॉलेज में इंटर्नशिप के नाम पर छात्रों से लाखों रुपए वसूलने का मामला सामने आया है। छात्र संगठनों का कहना है कि इसमें कॉलेज के शिक्षकों की भी भूमिका है। वहीं कॉलेज प्रबंधन का कहना है कि उच्च शिक्षा विभाग के द्वारा पूरे मामले को जांच में लिया गया है। जल्द ही जांच रिपोर्ट सार्वजनिक की जाएगी।
Trending Videos


यह भी पढ़ें...
Indore: भोजशाला विवाद-मंदिर तोड़कर मस्जिद बनाने का कोई सबूत नहीं, मुस्लिम पक्ष का दावा
विज्ञापन
विज्ञापन


कॉलेज प्रशासन पर मिलीभगत के आरोप
एनएसयूआई के शहर अध्यक्ष जावेद खान के अनुसार कॉलेज प्रशासन और देवी अहिल्या विश्वविद्यालय के प्लेसमेंट अधिकारी इस मामले में मिले हुए हैं। जावेद ने  बताया कि कॉलेज द्वारा वर्ष 2025-26 के लिए इन्फ्लक्स सोर्सिंग कंपनी के साथ एक एमओयू साइन किया गया था, जिसके बाद से ही विद्यार्थियों पर जबरन इंटर्नशिप करने का अनुचित दबाव बनाया जा रहा है। इंटर्नशिप के नाम पर केवल पर्सनैलिटी डेवलपमेंट और स्पोकन इंग्लिश की कक्षाएं संचालित की गईं, जबकि कोर्स पूरा होने के बाद छात्रों को जो सर्टिफिकेट दिए गए, वे किसी अन्य कोर्स और कंपनी के थे।

प्रमाण पत्रों और वसूली को लेकर उठे सवाल
जावेद ने आरोप लगाया है कि कॉलेज में प्लेसमेंट और इंटर्नशिप की सुविधा देने के नाम पर प्रत्येक छात्र से 3000 रुपए तक की राशि वसूली गई है। किसी छात्र से 500, किसी से 1 हजार तो किसी से 3 हजार रुपए तक लिए हैं। जबकि उच्च शिक्षा विभाग ने कॉलेज को इंटर्नशिप के लिए कंपनी हायर करने का कोई अधिकार नहीं दिया। इस पूरे मामले में एक बड़ी विसंगति यह सामने आई कि इंटर्नशिप की प्रक्रिया इन्फ्लक्स सोर्सिंग कंपनी के माध्यम से कराई गई थी, लेकिन जब प्रमाण पत्र वितरित किए गए तो उन पर वेल्प कंसल्टेंसी लिमिटेड का नाम अंकित था। छात्रों ने जब इंटरनेट के माध्यम से कंपनी की पड़ताल की तो उन्हें जानकारी मिली कि इस संस्था का विजय नगर स्थित कार्यालय भी मौजूद नहीं है। इससे पूरे मामले में मिलीभगत की आशंका जताई जा रही है।

फर्जी ऑफिस और व्हाट्सएप के जरिए दबाव का आरोप
विद्यार्थियों ने शिकायत की है कि कॉलेज के कुछ अधिकारी और शिक्षक व्हाट्सएप ग्रुप्स के माध्यम से लगातार संदेश भेज रहे थे। इन संदेशों में अलग-अलग क्यूआर कोड भेजकर जल्द से जल्द फीस जमा करने का दबाव बनाया जा रहा था। जब छात्रों ने इंटर्नशिप एजेंसी के दिए गए पते पर जाकर वास्तविकता जाननी चाही, तो वहां किसी भी प्रकार का कार्यालय मौजूद नहीं मिला। ऑफिस गायब होने की इस बात ने एजेंसी के फर्जी होने के आरोपों को और अधिक पुख्ता कर दिया है। छात्र नेताओं ने मांग की है कि विश्वविद्यालय के प्लेसमेंट अधिकारी की भी इस पूरे घटनाक्रम में भूमिका की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।

बड़े आंदोलन की चेतावनी
जावेद खान ने स्पष्ट मांग रखी है कि इस फर्जी इंटर्नशिप एजेंसी के काम को तत्काल प्रभाव से बंद किया जाए। साथ ही, जिन छात्रों से राशि वसूली गई है, उन्हें उनके पैसे वापस किए जाएं और भविष्य में उन्हें स्वतंत्र रूप से अपनी पसंद की जगह पर इंटर्नशिप करने की अनुमति प्रदान की जाए। इसके अलावा, छात्रों के दस्तावेजों के संभावित दुरुपयोग पर भी तत्काल रोक लगाने की बात कही गई है। जावेद खान ने कहा कि यदि प्रशासन ने जल्द ही ठोस कार्रवाई नहीं की, तो वे कुलगुरु, उच्च शिक्षा विभाग और लोकायुक्त के पास शिकायत दर्ज कराएंगे। साथ ही जरूरत पड़ने पर भोपाल में बड़े स्तर पर आंदोलन शुरू किया जाएगा।

प्रिंसिपल ने कहा सभी आरोप निराधार हैं, जल्द सार्वजनिक होगी रिपोर्ट
कॉलेज की प्रिंसिपल अनामिका जैन ने कहा कि उच्च शिक्षा विभाग ने इस मामले में एक जांच समिति बनाई, जिसकी जांच पूरी हो चुकी है। रिपोर्ट जल्द ही सार्वजनिक होगी। अभी मैं बस इतना कह सकती हूं कि कॉलेज प्रबंधन और शिक्षकों पर लगाए गए सभी आरोप पूरी तरह से निराधार हैं। इस विषय में हमने संबंधित छात्रों से भी बात की है और उन सभी का पक्ष भी सुना है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed