सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Jabalpur News ›   Corruption done by making roads on paper

Jabalpur News: कागजों में सड़क बनाकर किया भ्रष्टाचार, हाईकोर्ट ने हलफनामा में मांगा जवाब

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर Published by: जबलपुर ब्यूरो Updated Wed, 25 Feb 2026 05:03 PM IST
विज्ञापन
सार

मध्यप्रदेश हाईकोर्ट में सिमरिया-छापरी सड़क निर्माण घोटाले को लेकर याचिका दायर हुई। आरोप है कि सड़क कागजों में बनाकर राशि हड़प ली गई, जिससे ग्रामीणों को 15 किमी अतिरिक्त रास्ता तय करना पड़ता है। अदालत ने जवाब तलब कर अगली सुनवाई 23 मार्च तय की है। 

Corruption done by making roads on paper
मप्र हाईकोर्ट
विज्ञापन

विस्तार

कागजों में सड़क बनाकर भ्रष्टाचार किए जाने का आरोप लगाते हुए हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई थी। याचिका में कहा गया था कि सड़क नहीं होने के कारण गांव वासियों को आवाजाही में परेशानी होती है। हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा तथा जस्टिस विनय सराफ की युगलपीठ ने याचिका की सुनवाई करते हुए अनावेदक को हलफनामा में जबाव पेश करने के आदेश जारी किए हैं।

Trending Videos


जबलपुर के ग्राम बरखेड़ा निवासी सेवानिवृत्त बैंक मैनेजर राम किशन पटेल की तरफ से दायर की गई याचिका में कहा गया था कि कटनी तहसील के सिमरिया-छापरी रोड निर्माण की स्वीकृति साल 2018 में मिली थी। इसका निर्माण कार्य साल 2022 में कागजों पर पूर्ण हो गया था। सिमरिया-पौडी मार्ग पर सिमरिया-छापरी रोड का बोर्ड भी लगा दिया गया था। गलत मार्ग में बोर्ड लगने के कारण राहगीरों को भटकना पड़ता है।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- यादव जी की लव स्टोरी पर बवाल: जबलपुर में फिल्म के खिलाफ बढ़ा विरोध, यादव महासभा ने सौंपा ज्ञापन

याचिका में कहा गया था कि कागजों में सड़क का निर्माण कर आवंटित राशि का बंदरबांट किया गया है। वास्तव में सड़क निर्माण नहीं किया गया है। इसके कारण ग्रामवासी खेत के रास्ते आने जाने मजबूर हैं। सड़क मार्ग से जाने के लिए उन्हें 15 किलोमीटर का अतिरिक्त चक्कर लगाना पड़ता है। इस संबंध में ग्रामीणजनों तथा याचिकाकर्ता द्वारा संबंधित अधिकारियों को शिकायत की गई। शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं होने के कारण उक्त याचिका दायर की गई है। याचिका की सुनवाई करते हुए युगलपीठ ने उक्त आदेश जारी करते हुए अगली सुनवाई 23 मार्च निर्धारित की है। याचिकाकर्ता की तरफ से अधिवक्ता दिनेश उपाध्याय ने पैरवी की।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed