{"_id":"696b145edcb3daa0c9094435","slug":"satna-news-intoxicating-cough-syrup-worth-28-lakh-rupees-seized-in-satna-warehouse-hidden-in-madfai-forest-14-thousand-vials-recovered-maihar-news-c-1-1-noi1431-3851199-2026-01-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Maihar News: सतना में 28 लाख की नशीली कफ सिरप जब्त, मड़फई के जंगल में छिपा था गोदाम, 14 हजार शीशियां बरामद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Maihar News: सतना में 28 लाख की नशीली कफ सिरप जब्त, मड़फई के जंगल में छिपा था गोदाम, 14 हजार शीशियां बरामद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मैहर
Published by: मैहर ब्यूरो
Updated Sat, 17 Jan 2026 11:27 AM IST
विज्ञापन
सार
सतना जिले के नागौद थाना क्षेत्र में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 28 लाख रुपये की प्रतिबंधित नशीली कफ सिरप जब्त की। जंगल किनारे मकान से 120 पेटियां बरामद हुईं। एक महिला सहित तीन आरोपी पकड़े गए, जबकि नेटवर्क से जुड़े तीन तस्कर फरार हैं।
नशे के कारोबार का भंडाफोड़
- फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
विस्तार
सतना जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। शुक्रवार देर रात नागौद थाना क्षेत्र के परसमनिया जंगल स्थित मड़फई गांव में दबिश देकर पुलिस ने करीब 28 लाख रुपये मूल्य की प्रतिबंधित नशीली कफ सिरप जब्त की है। कार्रवाई के दौरान एक मकान से 120 पेटी कफ सिरप बरामद की गई, जिनमें करीब 14 हजार शीशियां शामिल हैं। इस मामले में पुलिस ने एक महिला सहित तीन आरोपियों को हिरासत में लिया है, जबकि तस्करी नेटवर्क से जुड़े तीन अन्य आरोपी फरार बताए जा रहे हैं। जिले में लंबे समय बाद नशीली दवाओं की इतनी बड़ी खेप पकड़े जाने से प्रशासन और पुलिस महकमे में हलचल मच गई है।
जंगल किनारे बने मकान में किया गया था स्टॉक
पुलिस जांच में सामने आया है कि तस्करों ने मड़फई गांव के जंगल किनारे स्थित एक मकान को अस्थायी गोदाम के रूप में इस्तेमाल कर रखा था। यह मकान चौरसिया देवी साकेत का बताया जा रहा है। पुलिस को जब पुख्ता सूचना मिली, तो टीम ने मौके पर दबिश दी और महिला को हिरासत में लेकर मकान का ताला तुड़वाया। अंदर बड़ी संख्या में कफ सिरप की पेटियां व्यवस्थित तरीके से रखी मिलीं।
जस्सा नेटवर्क से जुड़ा है पूरा मामला
पुलिस की प्रारंभिक जांच में इस अवैध खेप के तार कुख्यात तस्कर अनूप जायसवाल उर्फ ‘जस्सा’ के नेटवर्क से जुड़े पाए गए हैं। माना जा रहा है कि यह नेटवर्क लंबे समय से सतना, नागौद और उचेहरा क्षेत्र में सक्रिय था और प्रतिबंधित नशीली दवाओं की सप्लाई कर रहा था।
किराए के बदले मिलता था रोजाना पैसा
पूछताछ के दौरान चौरसिया देवी ने बताया कि भुरहरा गांव के मनीष यादव और शैलेंद्र गुप्ता उर्फ टिंकू उसके घर में यह माल रखवाते थे। जितने दिन तक कफ सिरप की पेटियां घर में रहती थीं, उसी हिसाब से उसे रोजाना किराए के रूप में पैसे दिए जाते थे। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
ये भी पढ़ें- Rahul Gandhi Indore Visit Live: अपनों को खोने वालों के साथ राहुल, पेयजल त्रासदी पीड़ितों से करेंगे मुलाकात
मोबाइल से मिलते थे निर्देश, पिकअप से होती थी ढुलाई
आरोपियों ने खुलासा किया कि उन्हें मोबाइल फोन पर अलग-अलग नंबरों से माल की आवाजाही और डिलीवरी के निर्देश मिलते थे उचेहरा और नागौद क्षेत्र में पहले से डंप की गई कफ सिरप को पिकअप वाहनों के माध्यम से मड़फई लाया जाता था और फिर जंगल किनारे स्थित मकान में छिपाकर रखा जाता था।
फरार तस्करों की तलाश जारी
पुलिस कार्रवाई के दौरान तस्करी नेटवर्क से जुड़े तीन आरोपी फरार हो गए, जिनकी तलाश के लिए अलग-अलग टीमें गठित की गई हैं। पुलिस का कहना है कि पूरे नेटवर्क की परतें खोली जा रही हैं और जल्द ही सप्लाई चेन से जुड़े अन्य लोगों पर भी कार्रवाई की जाएगी।
जिले में नशे के खिलाफ अभियान तेज
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जिले में नशीली दवाओं की तस्करी के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। इस बड़ी कार्रवाई के बाद तस्करों में हड़कंप मचा हुआ है और आने वाले दिनों में और भी बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
Trending Videos
जंगल किनारे बने मकान में किया गया था स्टॉक
पुलिस जांच में सामने आया है कि तस्करों ने मड़फई गांव के जंगल किनारे स्थित एक मकान को अस्थायी गोदाम के रूप में इस्तेमाल कर रखा था। यह मकान चौरसिया देवी साकेत का बताया जा रहा है। पुलिस को जब पुख्ता सूचना मिली, तो टीम ने मौके पर दबिश दी और महिला को हिरासत में लेकर मकान का ताला तुड़वाया। अंदर बड़ी संख्या में कफ सिरप की पेटियां व्यवस्थित तरीके से रखी मिलीं।
विज्ञापन
विज्ञापन
जस्सा नेटवर्क से जुड़ा है पूरा मामला
पुलिस की प्रारंभिक जांच में इस अवैध खेप के तार कुख्यात तस्कर अनूप जायसवाल उर्फ ‘जस्सा’ के नेटवर्क से जुड़े पाए गए हैं। माना जा रहा है कि यह नेटवर्क लंबे समय से सतना, नागौद और उचेहरा क्षेत्र में सक्रिय था और प्रतिबंधित नशीली दवाओं की सप्लाई कर रहा था।
किराए के बदले मिलता था रोजाना पैसा
पूछताछ के दौरान चौरसिया देवी ने बताया कि भुरहरा गांव के मनीष यादव और शैलेंद्र गुप्ता उर्फ टिंकू उसके घर में यह माल रखवाते थे। जितने दिन तक कफ सिरप की पेटियां घर में रहती थीं, उसी हिसाब से उसे रोजाना किराए के रूप में पैसे दिए जाते थे। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
ये भी पढ़ें- Rahul Gandhi Indore Visit Live: अपनों को खोने वालों के साथ राहुल, पेयजल त्रासदी पीड़ितों से करेंगे मुलाकात
मोबाइल से मिलते थे निर्देश, पिकअप से होती थी ढुलाई
आरोपियों ने खुलासा किया कि उन्हें मोबाइल फोन पर अलग-अलग नंबरों से माल की आवाजाही और डिलीवरी के निर्देश मिलते थे उचेहरा और नागौद क्षेत्र में पहले से डंप की गई कफ सिरप को पिकअप वाहनों के माध्यम से मड़फई लाया जाता था और फिर जंगल किनारे स्थित मकान में छिपाकर रखा जाता था।
फरार तस्करों की तलाश जारी
पुलिस कार्रवाई के दौरान तस्करी नेटवर्क से जुड़े तीन आरोपी फरार हो गए, जिनकी तलाश के लिए अलग-अलग टीमें गठित की गई हैं। पुलिस का कहना है कि पूरे नेटवर्क की परतें खोली जा रही हैं और जल्द ही सप्लाई चेन से जुड़े अन्य लोगों पर भी कार्रवाई की जाएगी।
जिले में नशे के खिलाफ अभियान तेज
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जिले में नशीली दवाओं की तस्करी के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। इस बड़ी कार्रवाई के बाद तस्करों में हड़कंप मचा हुआ है और आने वाले दिनों में और भी बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
विज्ञापन
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन

कमेंट
कमेंट X