MP News: मंडला में बिना हेलमेट बाइक चलाना पड़ेगा भारी, एसपी खुद उतरे सड़क पर; शुरू हुआ सख्त चेकिंग अभियान
मंडला में बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चलाने पर पुलिस ने सख्ती शुरू कर दी है। एसपी रजत सकलेचा खुद सड़क पर उतरे और बिना हेलमेट बाइक थाने में खड़ी करवाई गई।
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अब मंडला जिले में बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चलाना आसान नहीं रहेगा। लंबे समय से चल रहे जागरूकता अभियानों के बाद अब पुलिस ने सख्ती दिखानी शुरू कर दी है। मंगलवार को मंडला पुलिस अधीक्षक रजत सकलेचा खुद सड़कों पर उतरे और नगर में हेलमेट चेकिंग अभियान की कमान संभाली।
अभियान के दौरान बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चला रहे लोगों को मौके पर ही रोका गया। ऐसे चालकों की बाइक थाने में खड़ी करवाई गई और साफ निर्देश दिए गए कि हेलमेट लेकर आने पर ही वाहन सुपुर्द किया जाएगा। खास बात यह रही कि जो लोग हेलमेट पहनकर वापस आए, उनसे कोई चालान नहीं किया गया। उन्हें भविष्य में नियमित रूप से हेलमेट पहनने की समझाइश देकर छोड़ दिया गया।
घटिया हेलमेट पर भी पुलिस की सख्ती
चेकिंग के दौरान एसपी रजत सकलेचा ने सड़क किनारे हेलमेट बेचने वाले दुकानदारों से भी बातचीत की। उन्होंने दुकानदारों को कमजोर और घटिया क्वालिटी के हेलमेट न बेचने की सख्त हिदायत दी। गुणवत्ता की जांच के लिए एसपी ने खुद एक हेलमेट खरीदा और सड़क पर पटककर उसकी मजबूती परखी। इस दौरान उन्होंने लोगों को समझाया कि सस्ता और कमजोर हेलमेट हादसे के वक्त जान बचाने में नाकाम साबित होता है।
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119 मौतें, वजह सिर्फ हेलमेट नहीं पहनना
एसपी रजत सकलेचा ने बताया कि वर्ष 2025 में मंडला जिले में सड़क हादसों में 119 लोगों की मौत केवल हेलमेट नहीं पहनने के कारण हुई। इसी को देखते हुए पुलिस ने 26 जनवरी तक गांव-गांव माइक्रो बीट स्तर पर व्यापक जागरूकता अभियान चलाया। इस दौरान सामाजिक संस्थाओं के सहयोग से करीब 250 हेलमेट निशुल्क वितरित किए गए।
चालान नहीं, आदत डालना है मकसद
पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया कि फिलहाल पुलिस का उद्देश्य चालान करना नहीं, बल्कि लोगों में हेलमेट पहनने की आदत विकसित करना है। आमजन ने भी पुलिस की इस पहल की सराहना की और माना कि थोड़ी-सी लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है। अभियान के दौरान एसडीओपी मंडला पीयूष मिश्रा, कोतवाली थाना प्रभारी शफीक खान सहित अन्य पुलिस अधिकारी और जवान मौजूद रहे।
