Heat India 2026: भारत में बीते वर्षों में तापमान ने अपने रिकॉर्ड को तोड़ दिया है। हर साल देश के किसी ने किसी इलाके में अधिकतम, न्यूनतम या औसत तापमान ने एक नया रिकॉर्ड स्थापित किया है। मार्च 2025 में तापमान थोड़ा कम रहा है, लेकिन 2026 में गर्मी का मौसम खतरनाक हो सकता है।
Heat India 2026: इस साल पड़ेगी भीषण गर्मी, क्या है सुपर अल नीनो? जिसने बढ़ाया खतरा
Heat India 2026: भारतीय मौसम विभाग (IMD) का कहना है कि साल 2026 में तापमान ज्यादा रहेगा। उसके मुताबिक, इस साल हिमालय, पूर्वोत्तर राज्य और पश्चिमी घाट जैसे पहाड़ी इलाकों में भी गर्मी सामान्य से अधिक पड़ेगी।
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अल-नीनो और ला नीना की भूमिका
तापमान बढ़ने में अल-नीनो और ला नीना की भी अहम भूमिका होती है। अल-नीनो प्रशांत महासागर में गर्म पानी का दौर होता है, जो हवाओं को कमजोर करता है। इसकी वजह से भारत में गर्मी बढ़ती है और मानसून कमजोर हो जाता है। ला नीना ठंडा फेज है और इससे आमतौर पर ठंड पड़ती है।
कैसे बनता है अल नीनो?
प्रशांत महासागर में समुद्र के तापमान का दुनियाभर में मौसम की चरम घटनाओं से जुड़ा है। भूमध्यरेखीय प्रशांत महासागर के पूर्व में औसत से ज्यादा गर्म पानी इकट्ठा होने पर अमेरिकी महाद्वीप के तट तक फैल जाता है, जिसे अल नीनो कहा जाता है। इससे दुनिया में तापमान बढ़ता है।
2026 में क्या होगा सुपर अल-नीनो का प्रभाव?
NOAA और ECMWF ने कहा कि संभावना है कि जून-अगस्त 2026 में अल-नीनो 62 प्रतिशत ज्यादा बनेगा। फिर यह अगस्त से अक्टूबर तक 80 फीसदी तक बढ़ सकता है। कई मॉडल ने इसे सुपर अल-नीनो बताया है। इसमें समुद्र की सतह का तापमान 2 डिग्री सेल्सियस से अधिक रहेगा। इससे पहले 2015-16, 1997-98 और 1982-83 में सुपर अल-नीनो बना था। इस दौरान पूरी दुनिया में तापमान ने रिकॉर्ड बनाया था। सूखा पड़ा और मानसून प्रभावित हुआ।
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2026 के अलनीनो से भारत में तापमान बढ़ेगा और भीषण गर्मी पड़ने की संभावना है। इसके साथ ही मानसून कमजोर होगा और पहाड़ी इलाकों में सूखा होगा। इससे आग का खतरा भी बढ़ेगा। ECMWF मॉडल के मुताबिक, जून-सितंबर में मानसून के दौरान 2-5 डिग्री ज्यादा तापमान रहने की संभावना है। नेशनल ओशनिक एंड एटमॉस्फेरिक एडमिनिस्ट्रेशन (NOAA) और यूरोपियन सेंटर फॉर मीडियम-रेंज वेदर फोरकास्ट (ECMWF) दुनिया की दो सबसे प्रमुख मौसम पूर्वानुमान (Weather Forecasting) संस्थाएं हैं। यह दोनों वायुमंडल और जलवायु का अध्ययन करती हैं।
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क्या पड़ेगी भीषण गर्मी?
मौसमी पूर्वानुमान के मुताबिक, देशभर में अधिकतम तापमान सामान्य से ज्यादा रहेगा। हिमालय, पूर्वोत्तर राज्य और पश्चिमी घाट के पहाड़ी इलाकों में यह सबसे अधिक होगा। इसके साथ ही जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश के पहाड़ी और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में दिन और रात दोनों का तापमान ज्यादा होगा। पूर्वोत्तर भारत और पश्चिमी घाट के तटीय कर्नाटक-महाराष्ट्र में भी तापमान में ज्यादा रहने की संभावना है।
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