{"_id":"5cb44a70bdec22068c42adad","slug":"team-of-eagle-and-owls-to-protect-security-guarding-kremlin-president-of-russian-house","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"रूस में बाज और उल्लू इसलिए करते हैं राष्ट्रपति भवन की सुरक्षा, बेहद खास है वजह","category":{"title":"Bizarre News","title_hn":"हटके खबर","slug":"bizarre-news"}}
रूस में बाज और उल्लू इसलिए करते हैं राष्ट्रपति भवन की सुरक्षा, बेहद खास है वजह
फीचर डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: गौरव शुक्ला
Updated Mon, 15 Apr 2019 02:40 PM IST
विज्ञापन
1 of 8
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
आमतौर पर आपने देखा होगा कि किसी भी देश में प्रधानमंत्री या राष्ट्रपति भवन की सुरक्षा का जिम्मा ट्रेंड कमांडो या आर्मी के जिम्मे होता है। राष्ट्रपति भवन या पीएम की सुरक्षा इतनी कड़ी होती है कि वहां पर परिंदा भी पर नहीं मर सकता है। लेकिन आज हम आपको एक ऐसे देश के अबरे में बारे में बताने जा रहे हैं, जहां के राष्ट्रपति भवन की रक्षा खुद परिंदे करते हैं, जिसकी एक खास वजह है।
2 of 8
- फोटो : Social Media
जी हां, यह देश है रूस। रूस के राष्ट्रपति भवन क्रेमलिन और उसके नजदीक स्थित प्रमुख सरकारी भवनों की सुरक्षा के लिए देश के रक्षा विभाग ने पक्षियों को रखा हुआ है। इन पक्षियों में उल्लू और बाज शामिल हैं। बाज और उल्लुओं की एक खास टीम सुरक्षा का जिम्मा संभालती है।
3 of 8
kremlin residence
- फोटो : Mabetex Group
देश के रक्षा विभाग ने राष्ट्रपति भवन की कड़ी सुरक्षा के लिए एक टीम तैयार की है। शिकारी परिंदों की यह टीम साल 1984 से राष्ट्रपति भवन की सुरक्षा में डटी हुई है। बताया जा रहा है कि इस टीम में फिलहाल 10 से ज्यादा बाज और उल्लू हैं। इन बाजों और उल्लुओं को सुरक्षा के लिहाज से खास तरह की ट्रेनिंग दी गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 8
- फोटो : mabetex.com
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इन शिकारी पक्षियों की इस खास टीम को 1984 में ही गठित कर दिया गया था। इस टीम को बनाने के पीछे कारण किसी दुश्मन की शातिर चालों को नाकाम करना नहीं बल्कि कौओं व अन्य पक्षियों के बीट व मूत्र और अन्य गंदगी से राष्ट्रपति भवन और वहां बनी सरकारी इमारतों को इस नुकसान और गंदगी से बचाना है। जिसके लिए बाजों और उल्लुओं को तैनात किया गया है। ये कौओं को देखते ही उन पर आक्रमण कर देते हैं और उन्हें दूर भगा देते हैं। से पक्षी संघीय गार्ड सेवा का हिस्सा भी हैं।।
विज्ञापन
5 of 8
- फोटो : Social Media
क्रेमलिन और उसके आसपास के भवनों की गंदगी फैलाने वाले पक्षियों से सुरक्षा में तैनात शिकारी परिंदों की टीम में 20 वर्षीय एक मादा बाज 'अल्फा' और उसका साथी 'फाइल्या' उल्लू है। इन दोनों को जैसे ही कोई कौआ राष्ट्रपति भवन के आसपास मंडराता नजर आ जाए या आवाज सुन लें तो ये बिना देरी किए हुए उन पर झपट पड़ते हैं और उन्हें दूर भगा देते हैं या मार गिराते हैं।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे| Get all Bizarre News in Hindi related to Weird News - Bizarre, Strange Stories, Odd and funny stories in Hindi etc. Stay updated with us for all breaking news from Bizarre and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।