प्रतिबंधित ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटर कैमरन बेनक्रॉफ्ट ने बुधवार को पुष्टि की है कि डेविड वॉर्नर ने उन्हें गेंद के साथ छेड़छाड़ करने के लिए उकसाया और वह टीम में अपनी उपयोगिता साबित करने के लिए ऐसा करने को राजी भी हो गए।
बेनक्रॉफ्ट को मार्च में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ केपटाउन टेस्ट में गेंद को घिसने के लिए सैंडपेपर का इस्तेमाल करते हुए देखा गया था। बॉल टेंपरिंग के चलते बेनक्रॉफ्ट को अंतरराष्ट्रीय और घरेलू क्रिकेट में 9 महीने के लिए प्रतिबंधित किया गया। बॉल टेंपरिंग विवाद से पूरा क्रिकेट जगत हैरान रह गया था।
वॉर्नर और तत्कालीन कप्तान स्टीव स्मिथ पर एक साल का प्रतिबंध लगाया गया क्योंकि तीनों को ही बॉल टेंपरिंग विवाद में शामिल पाया गया। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया की जांच ने इशारा किया कि इस विवाद के पीछे डेविड वॉर्नर मास्टरमाइंड रहे और बेनक्रॉफ्ट ने एक इंटरव्यू में इसके बारे में अधिक जानकारी दी।
बेनक्रॉफ्ट का बैन इस सप्ताह के अंत तक समाप्त होने जा रहा है। उन्होंने कहा, 'वॉर्नर ने मुझे गेंद से छेड़छाड़ करने को उकसाया और जिस स्थिति में हम थे, उसे देखते हुए मैं तैयार हो गया। मैं टीम में अपनी उपयोगिता साबित करना चाहता था।' बेनक्रॉफ्ट ने कहा, 'इसके लिए मैं भी जिम्मेदार हूं क्योंकि उस समय मुझे वही ठीक लगा. मैंने इस गलती की भारी कीमत चुकाई।'
ऑस्ट्रेलिया के कप्तान स्टीव स्मिथ ने भी बॉल टेंपरिंग की बात मानी। बॉल टेंपरिंग की घटना के कुछ ही घंटे बाद ऑस्ट्रेलियाई सरकार ने सीए से स्टीव स्मिथ को कप्तानी से हटाने के लिए कहा था। ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री मैल्कम टर्नबुल ने भी इस घटना को 'चौंकाने वाला और निराशाजनक कहा था।