गाजियाबाद के लालकुआं चौकी क्षेत्र के मंगल बाजार में आजमगढ़ निवासी मशीन ऑपरेटर संदीप मिश्रा ने अपने सहकर्मी प्रमोद लोधी (37) निवासी कासगंज की रविवार देर शाम गर्दन काटकर हत्या कर दी। फोन न मिलने पर प्रमोद की पत्नी मीरा सोमवार को कासगंज से गाजियाबाद पहुंची तो वारदात का पता चला। पुलिस ने आरोपी के कमरे से प्रमोद का गर्दन कटा शव बरामद कर लिया। सिर करीब 500 मीटर दूर कूड़े के ढेर में मिला। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर हत्या में प्रयुक्त चाकू बरामद कर लिया है। आगे पढ़ें आरोपी ने किस बेरहमी से अपने सहकर्मी को मौत के घाट उतार दिया और अब उसे इस बात का अफसोस तक नहीं है...
गाजियाबाद हत्याकांड: सुबह उठते ही साथी की गर्दन काटी और कूड़े में छिपा दी, बचे शरीर को ठिकाने लगाने का ये था प्लान
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संदीप का व्यवहार देख मृतक की पत्नी को हुआ शक....
हत्याकांड को अंजाम देने के बाद संदीप कमरे का ताला बंद करके आसपास ही घूमता रहा और वह सोमवार को कंपनी जाने के बजाए कमरे के आसपास घूमता रहा। वहीं, रविवार शाम से प्रमोद का फोन न उठने पर पत्नी मीरा सोमवार को गाजियाबाद पहुंची। पति को कमरे पर न पाकर उसने संदीप से पूछा तो वह सकपका गया। संदीप का व्यवहार देखकर मीरा को उस पर शक हो गया।
धड़ और सिर अलग-अलग छिपाकर मिटाना चाहता था सुबूत
संदीप मिश्रा ने बताया कि उसने सुबूत मिटाने के लिए शव को ठिकाने लगाने की योजना बनाई। सोमवार सुबह शव से गर्दन काटी और थैली में रखकर 500 मीटर दूर कूड़े में छिपा दिया। सोमवार रात को वह धड़ को कहीं और ठिकाने लगा देता। अगर धड़ मिल भी जाता तो सिर न होने से उसकी पहचान नहीं होती। धड़ को ठिकाने लगाने से पहले ही वह पकड़ा गया।
आरोपी को अपने किए पर पछतावा नहीं
सीओ द्वितीय अवनीश कुमार ने बताया कि संदीप मिश्रा के माता-पिता और भाई-बहन की मौत हो चुकी है। परिवार में वह अकेला सदस्य बचा है। इसी के चलते वह डिप्रेशन में रहता था। पुलिस पूछताछ में संदीप ने कहा कि उसे अपने किए पर कोई पछतावा नहीं है। सीओ का कहना है कि हत्यारोपी को सख्त से सख्त सजा दिलाने के लिए कोर्ट में मजबूत पैरवी की जाएगी।
विवाद खत्म करने के बहाने बुलाकर कर दी हत्या......
एसपी सिटी का कहना है कि रविवार को संदीप ने शराब पीने के बाद योजनाबद्ध तरीके से प्रमोद को अपने कमरे पर बुलाया। कहा कि रोज-रोज के विवाद को खत्म करते हैं। प्रमोद शराब नहीं पीता था, लेकिन संदीप के दबाव डालने पर उसने शराब पी ली। नशा होने पर प्रमोद कमरे में लेट गया, जिसके बाद संदीप ने चाकू से उसकी गर्दन धड़ से अलग कर दी। शव को कमरे में छोड़कर संदीप ने सिर करीब 500 मीटर दूर कूड़े के ढेर में छुपा दिया।