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पति की मौत के बाद उठाया महिलाओं की सुरक्षा का जिम्मा और बन गईं 'बंदूक वाली चाची'
Wed, 16 Nov 2016 05:19 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
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Updated Wed, 16 Nov 2016 05:19 PM IST
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शाहजहांपुर की शाहना बेगम को लोग 'बंदूक वाली चाची' के नाम से जानते हैं। 17 साल पहले शाहना के पति की मृत्यु हो गई थी। इसके बाद शाहना ने देखा कि किस तरह इस पुरुष प्रधान समाज में महिलाओं को संघर्ष करना पड़ता है। वह हमेशा अपने साथ बंदूक रखती हैं।
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इससे वह अपने पड़ोस में रहने वाली महिलाओं की रक्षा करती हैं। अगर कोई लड़का किसी भी महिला से छेड़छाड़ या यौन उत्पीड़न करता है तो वह अपनी बंदूक के साथ उसका डट कर सामना करती हैं।
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उन्होंने डेली मेल को बताया, 'बंदूक ही अब मेरा दूसरा पति है। मेरे इलाके में किसी भी पुरुष की महिलाओं को छेड़ने की हिम्मत नहीं होती, उन्हें मेरा खौफ है। उन्हें पता है कि अगर उन्होंने ऐसा किया तो मैं उन्हें गोली से उड़ा दूंगी। मैं इलाके की महिलाओं को अपनी बेटी मानती हूं और हर मां की जिम्मेदारी होती है कि वह अपने बच्चों की रक्षा करें।'
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2013 में शाहना ने एक लड़की को इंसाफ दिलाया था। उस लड़की का तीन आदमियों ने दो दिन तक बलात्कार किया था। शाहना ने अपराधियों को पुलिस के हवाले किया। उसके बाद एक अपराधी ने उस लड़की से शादी कर ली थी।
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शाहना के इलाके की महिलाओं को जब भी किसी चीज की जरूरत महसूस होती है तो वे बेझिझक शाहना के पास पहुंच जाती हैं। अगर किसी भी महिला के साथ घरेलू हिंसा या छेड़छाड़ होती है तो वे सीधे शाहना के घर का ही दरवाजा खटखटाती हैं। 42 वर्षीय शाहना चार बच्चों की मां हैं।
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